{"_id":"6add1dd9898be6cb150f8fc2","slug":"air-pollution-has-increased-due-to-dust-from-roads-under-construction-kanpur-news-c-12-knp1034-1693246-2026-10-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur News: खुदी, निर्माणाधीन सड़कों की धूल से बढ़ा वायु प्रदूषण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur News: खुदी, निर्माणाधीन सड़कों की धूल से बढ़ा वायु प्रदूषण
विज्ञापन
कानपुर। शहर में जगह-जगह खुदी सड़कों, सीएम ग्रिड योजना के तहत बन रहीं सड़कों और मेट्रो निर्माण की वजह से वायु प्रदूषण बढ़ने लगा है। मनमानी पर उतारू ठेकेदार निर्माण स्थलों पर हरे पर्दे लगाना तो दूर पानी के छिड़काव के नाम पर भी खानापूूरी कर रहे हैं। इस वजह से चार दिन से वायु प्रदूषण खराब श्रेणी में आ गया है। इस पर उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपी पीसीबी) ने नगर निगम और उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (यूपीएमआरसी) को नोटिस दिया है।
यूपी पीसीबी की रिपोर्ट के अनुसार एक अक्तूबर को शहर में वायु प्रदूषण 127 था जो 20 अक्तूबर को बढ़कर 175 के स्तर पर पहुंच गया। गुरुवार को भी वायु प्रदूषण का औसत स्तर 176 दर्ज किया गया। सामान्य स्तर 100 है। अगले महीने से धुंध और कोहरा होने पर इसके खतरनाक स्थिति में पहुंचने की आशंका जताई गई है, फिर भी इसे नियंत्रित करने के नाम पर खानापूरी की जा रही है। नगर निगम शहर के घनी आबादी वाले मोहल्लों से लेकर नवविकसित क्षेत्रों में सीएम ग्रिड योजना के तहत 350 करोड़ से 10 सड़कों का निर्माण करा रहा है।
इनमें से फेज-1 की पांच सड़कों के निर्माण की डेडलाइन भी कई महीने पहले पूरी हो चुकी है पर अभी भी निर्माण अधूरे हैं। हालत यह है कि स्वरूपनगर सेल्स टैक्स रोड, ग्रीन पार्क चौराहे-घंटाघर रोड, कर्रही रोड, किदवईनगर, यशोदानगर, गोपालनगर, कल्याणपुर बगिया क्रासिंग रोड, लालबंगला रोड नौबस्ता बंबा से कर्रही रोड आदि में दिनभर धूल उड़ती है। यहां दिन भी धूल उड़ती है। निर्माण सामग्री भी खुलेआम ले जाई जा रही है।
विज्ञापन
इसी तरह काकादेव से विजयनगर, दादानगर होते हुए बर्रा-आठ तक यूपीएमआरसी मेट्रो कॉरिडोर के तहत निर्माण करा रहा है पर वहां की सड़कों पर पैचवर्क कराना तो दूर पानी का छिड़काव भी नहीं करा रहा है। मनमानी पर उतारू मेट्रो के अफसरों ने जूही हमीरपुर रोड में मिलिट्री कैंप चौराहे से बारादेवी रोड पर श्याम पैलेस के आसपास तीन साल बाद भी न तो पैचवर्क कराया और न ही सड़कों की सफाई, पानी का छिड़काव कराया जा रहा है।
कोट
सीएम ग्रिड योजना की सड़कें बना रहे ठेकेदारों को मानकों के अनुरूप कार्य करने के निर्देश दिए हैं। जहां धूल उड़ती है, वहां छिड़काव करने के लिए कहा है। गड़बड़ी मिली तो कार्रवाई की जाएगी। एंटी स्मॉग गनों से भी पानी का छिड़काव कराया जा रहा है।
- अर्पित उपाध्याय, नगर आयुक्त
कोहरा, धुंध शुरू होने से पहले ही वायु प्रदूूषण बढ़ने लगा है। नगर निगम और यूपीएमआरसी की नोटिस दिया है। दोनों से पानी के समुचित छिड़काव सहित वायु प्रदूषण नियंत्रित करने के लिए पुख्ता इंतजाम करने के लिए कहा है।
अजीत सुमन, क्षेत्रीय अधिकारी, यूपी पीसीबी
वायु प्रदूषण बढ़ेगा तो सांस के मरीजों की दिक्कतें भी बढ़ेंगी। इससे बचाव के लिए सांस के मरीज मास्क लगाएं। धूलभरी सड़कों पर जाने से बचें। दमा के रोगी नियमित रूप से दवाएं खाएं।
-डॉ. आनंद कुमार, पूर्व विभागाध्यक्ष, क्षय रोग विभाग, जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज
विज्ञापन
यूपी पीसीबी की रिपोर्ट के अनुसार एक अक्तूबर को शहर में वायु प्रदूषण 127 था जो 20 अक्तूबर को बढ़कर 175 के स्तर पर पहुंच गया। गुरुवार को भी वायु प्रदूषण का औसत स्तर 176 दर्ज किया गया। सामान्य स्तर 100 है। अगले महीने से धुंध और कोहरा होने पर इसके खतरनाक स्थिति में पहुंचने की आशंका जताई गई है, फिर भी इसे नियंत्रित करने के नाम पर खानापूरी की जा रही है। नगर निगम शहर के घनी आबादी वाले मोहल्लों से लेकर नवविकसित क्षेत्रों में सीएम ग्रिड योजना के तहत 350 करोड़ से 10 सड़कों का निर्माण करा रहा है।
विज्ञापन
इनमें से फेज-1 की पांच सड़कों के निर्माण की डेडलाइन भी कई महीने पहले पूरी हो चुकी है पर अभी भी निर्माण अधूरे हैं। हालत यह है कि स्वरूपनगर सेल्स टैक्स रोड, ग्रीन पार्क चौराहे-घंटाघर रोड, कर्रही रोड, किदवईनगर, यशोदानगर, गोपालनगर, कल्याणपुर बगिया क्रासिंग रोड, लालबंगला रोड नौबस्ता बंबा से कर्रही रोड आदि में दिनभर धूल उड़ती है। यहां दिन भी धूल उड़ती है। निर्माण सामग्री भी खुलेआम ले जाई जा रही है।
विज्ञापन
इसी तरह काकादेव से विजयनगर, दादानगर होते हुए बर्रा-आठ तक यूपीएमआरसी मेट्रो कॉरिडोर के तहत निर्माण करा रहा है पर वहां की सड़कों पर पैचवर्क कराना तो दूर पानी का छिड़काव भी नहीं करा रहा है। मनमानी पर उतारू मेट्रो के अफसरों ने जूही हमीरपुर रोड में मिलिट्री कैंप चौराहे से बारादेवी रोड पर श्याम पैलेस के आसपास तीन साल बाद भी न तो पैचवर्क कराया और न ही सड़कों की सफाई, पानी का छिड़काव कराया जा रहा है।
कोट
सीएम ग्रिड योजना की सड़कें बना रहे ठेकेदारों को मानकों के अनुरूप कार्य करने के निर्देश दिए हैं। जहां धूल उड़ती है, वहां छिड़काव करने के लिए कहा है। गड़बड़ी मिली तो कार्रवाई की जाएगी। एंटी स्मॉग गनों से भी पानी का छिड़काव कराया जा रहा है।
- अर्पित उपाध्याय, नगर आयुक्त
कोहरा, धुंध शुरू होने से पहले ही वायु प्रदूूषण बढ़ने लगा है। नगर निगम और यूपीएमआरसी की नोटिस दिया है। दोनों से पानी के समुचित छिड़काव सहित वायु प्रदूषण नियंत्रित करने के लिए पुख्ता इंतजाम करने के लिए कहा है।
अजीत सुमन, क्षेत्रीय अधिकारी, यूपी पीसीबी
वायु प्रदूषण बढ़ेगा तो सांस के मरीजों की दिक्कतें भी बढ़ेंगी। इससे बचाव के लिए सांस के मरीज मास्क लगाएं। धूलभरी सड़कों पर जाने से बचें। दमा के रोगी नियमित रूप से दवाएं खाएं।
-डॉ. आनंद कुमार, पूर्व विभागाध्यक्ष, क्षय रोग विभाग, जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज