Mahoba: कृषि अधिकारी और पीसीएफ प्रबंधक भिड़े, श्रमिकों ने लगाया मारपीट का आरोप, जानें पूरा मामला
उत्तर प्रदेश के महोबा जिले में रेलवे स्टेशन पर पहुंचे पीसीएफ प्रबंधक और कृषि अधिकारी आपस में भिड़ गए। वहीं, मालगाड़ी से खाद उतार रहे श्रमिकों ने कृषि अधिकारी पर मारपीट का आरोप लगाया। सूचना पर पहुंचे एडीएम और एसडीएम ने मामला शांत कराया।
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महोबा जिले में रेलवे स्टेशन के ट्रैक नंबर पांच पर मालगाड़ी से खाद उतारते समय जांच करने पहुंचे जिला कृषि अधिकारी पर श्रमिकों ने अभद्रता और मारपीट का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। सूचना पर पहुंचे पीसीएफ प्रबंधक और कृषि अधिकारी के बीच तीखी नोकझोंक हुई।
एडीएम और एसडीएम ने मौके पर पहुंच मामला शांत कराते हुए दोनों अधिकारियों से जवाब तलब किया है। रेलवे स्टेशन में मालगाड़ी से आई खाद को पीसीएफ गोदाम पहुंचाने के लिए श्रमिक खाद उतार रहे थे। तभी जिला कृषि अधिकारी वीपी सिंह पहुंच गए। उन्होंने लोहे का हुक लगाकर बोरी उठा रहे श्रमिकों को मना किया।
श्रमिकों से गाली-गलौज का आरोप
उन्होंने कहा कि इससे बोरी फट जाती है। जिस पर श्रमिकों ने खाद की बोरी चिकनी होने पर बिना हुक न उठने की बात बताई। श्रमिकों का आरोप है कि इससे कृषि अधिकारी भड़क गए और श्रमिकों के साथ गाली-गलौज करते हुए एक श्रमिक पर थप्पड़ जड़ दिए।
इससे लामबंद श्रमिकों ने हंगामा करते हुए हड़ताल कर दी। सूचना पर पहुंचे पीसीएफ प्रबंधक शरद यादव और जिला कृषि अधिकारी के बीच जमकर तू तू-मैं मैं हुई। सूचना मिलते ही एडीएम रामसुरेश वर्मा, एसडीएम जितेंद्र सिंह व कोतवाली प्रभारी बलराम सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए।
दोनों अधिकारियों से जवाब तलब
अधिकारियों को समझाकर शांत कराया। कृषि अधिकारी का आरोप है कि पीसीएफ प्रबंधक ने उनके ऊपर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। वहीं पीसीएफ प्रबंधक ने गाली-गलौज और अभद्रता का आरोप लगाया। एडीएम का कहना है कि सूचना पर मामला शांत कराया गया। दोनों अधिकारियों से जवाब तलब किया गया है। जांच कराई जा रही है।