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Kanpur News: 70,607 नौनिहालों को तीन माह से नहीं मिला पोषाहार

Mon, 30 Dec 2024 10:28 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 30 Dec 2024 10:28 PM IST
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70,607 children did not get nutritious food for three months
इटावा। शासन स्तर से नौनिहालों की शिक्षा व स्वास्थ्य को लेकर तमाम तरह की योजनाएं संचालित की जा रही हैं।
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इसके उलट जिले के लिए 1,564 आंगनबाड़ी केंद्रों में 1,390 में तीन माह से पोषाहार का वितरण नहीं हुआ है। इसमें करीब 70,607 नौनिहालों को उन्हें तंदरुस्त किए जाने वाला पोषाहार नहीं मिला रहा है। इससे कुपोषित बच्चों की संख्या बढ़ रही है। हालांकि, अफसरों का दावा है कि इस माह सभी बच्चों को 15 से 20 जनवरी के बीच पोषाहार दिया जाएगा।
जिले में कुल 1,564 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इसमें 1-पांच साल तक के बच्चों की संख्या 1,12,307 है। इसमें 1,390 केंद्र ग्रामीण क्षेत्रों में हैं, जबकि 174 शहरी क्षेत्र हैं। आंगनबाड़ी केंद्रों पर नौनिहालों को नेफेड से पोषाहार वितरित किया जाता है। इसकी आपूर्ति लखनऊ से होती है। अगर पिछले तीन माह की बात करें तो लखनऊ से पूरा पोषाहार नहीं मिला है। इससे सिर्फ शहरी क्षेत्रों में संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों में पोषाहार का वितरण कर दिया गया, जबकि ग्रामीण क्षेत्र में संचालित 1,390 आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए पोषाहार का आवंटन नहीं हुआ। इससे अक्तूबर, नवंबर व दिसंबर का पोषाहार वितरित नहीं हो सका। इन केंद्रों पर करीब 70,607 नौनिहाल पंजीकृत हैं।
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नेफेड से बच्चों को दिया जाता है पोषाहार
नेफेड पंजीकृत बच्चों के हिसाब से आंगनबाड़ी केंद्रों पर पोषाहार का वितरण करता है। इसमें एक से पांच साल तक के बच्चों को पोषाहार दिया जाता है। इसमें बच्चों को एक किलो चने की दाल, एक किलो रिफाइंड, एक किलो दलिया दी जाती है, जबकि आपूर्ति विभाग से उन्हें चावल व गेहूं मिलता है।

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पोषाहार वितरण का उद्देश्य
आंगनबाड़ी केंद्रों पर पोषाहार वितरण का एकमात्र उद्देश्य बच्चों को स्वस्थ रखना है। इसमें बच्चों को दाल, रिफाइंड, दलिया, गेहूं व चावल आदि मिलता है। इससे बच्चों को शारीरिक व मानसिक रूप से कोई परेशानी न हो। साथ ही वह मन लगाकर पढ़ सकें।
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आंगनबाड़ी केंद्रों को मुख्यालय से पोषाहार का वितरण किया जाता है। तीन माह से पोषाहार नहीं आया है। इससे यह दिक्कत आई है। नए साल से बच्चों को हर माह का पोषाहार वितरित किया जाएगा। -अजय कुमार, डीपीओ
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