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काली नदी पुल पर फर्राटा भरने लगे वाहन
अमर उजाला/कन्नौज
Updated Sat, 02 Jul 2016 12:10 AM IST
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काली नदी पुल से गुजरते भारी वाहन।
- फोटो : अमर उजाला
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शहर को फर्रुखाबाद और बरेली से जोड़ने वाले काली नदी पुल पचास दिन बाद वाहनों का आवागमन शुरू हो गया। इससे लोगों ने राहत की सांस ली। वर्ष 1968 में बने इस पुल के एक स्लैब में दरार आ गई थी। जानकारी होते ही सेतु निगम ने 11 मई को पुल पर दोनों तरफ दीवार बना आवागमन रोक दिया था।
इसके बाद उसकी मरम्मत का कार्य शुरू किया गया। पुल से आवागमन ठप हो जाने पर आस-पड़ोस के गांव वालों ने नदी पर लकड़ी का पुल बना दिया था। इससे पैदल और दोपहिया वाहनों का आना-जाना बना हुआ था, लेकिन चौपहिया सहित भारी वाहनों का आवागमन नहीं हो पा रहा था।
ऐसे में सबसे ज्यादा दिक्कत बाहरी लोगों को उठानी पड़ रही थी। उन्हें पुल तक आने के बाद लौटना पड़ता था। लगभग पचास दिन बाद आखिरकार पुल पर आवागमन शुरू कर दिया गया। इससे क्षेत्र के लोगों ने राहत की सांस ली। पुल पर आवागमन शुरू होते ही बाइकों सहित भारी वाहन ने फर्राटा भरना शुरू कर दिया।
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इसके बाद उसकी मरम्मत का कार्य शुरू किया गया। पुल से आवागमन ठप हो जाने पर आस-पड़ोस के गांव वालों ने नदी पर लकड़ी का पुल बना दिया था। इससे पैदल और दोपहिया वाहनों का आना-जाना बना हुआ था, लेकिन चौपहिया सहित भारी वाहनों का आवागमन नहीं हो पा रहा था।
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ऐसे में सबसे ज्यादा दिक्कत बाहरी लोगों को उठानी पड़ रही थी। उन्हें पुल तक आने के बाद लौटना पड़ता था। लगभग पचास दिन बाद आखिरकार पुल पर आवागमन शुरू कर दिया गया। इससे क्षेत्र के लोगों ने राहत की सांस ली। पुल पर आवागमन शुरू होते ही बाइकों सहित भारी वाहन ने फर्राटा भरना शुरू कर दिया।
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