{"_id":"57dc46934f1c1b7a31d47e67","slug":"rahul-brsenge-bundelkhand-issue-targeted-anti","type":"story","status":"publish","title_hn":"बुंदेलखंड के मुद्दे पर बरसेंगे राहुल, निशाने पर विरोधी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बुंदेलखंड के मुद्दे पर बरसेंगे राहुल, निशाने पर विरोधी
Jhansi
Updated Sat, 17 Sep 2016 12:52 AM IST
विज्ञापन
बुंदेलखंड के मुद्दे पर बरसेंगे राहुल, निशाने पर विरोधी
- फोटो : demo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी दो दिन झांसी में रहेंगे। इस दौरान वह बुंदेलखंड की बदहाली का मुद्दा उठाते हुए विरोधी दलों को घेर सकते हैं। बुंदेलखंड पैकेज पर भी चर्चा करेंगे।
विधानसभा चुनाव का माहौल है। समाजवादी पार्टी में कलह मची है। बहुजन समाज पार्टी के कई वरिष्ठ नेता पार्टी छोड़ चुके हैं। ऐसे में कांग्रेस लाभ उठाने की कोशिश में है। वह संदेश देने की कोशिश में है कि ऐसे वक्त में कांग्रेस विकल्प हो सकती है। विकास और समस्याओं को मुद्दा बनाकर विरोधी दलों को कठघरे में खड़ा करने की कोशिश में है। राहुल गांधी इन मुद्दों पर बोल सकते हैं। वह बुंदेलखंड की बदहाली की जिक्र करते हुए याद दिला सकते हैं कि 2010-11 में तब की केंद्र सरकार ने बुंदेलखंड के लिए सात हजार करोड़ रुपए के पैकेज की घोषणा की थी। यह किसी से छिपा नहीं है कि बुंदेेलखंड के किसानों परेशान हैं। अतिवृष्टि और ओलावृष्टि से किसानों की फसलें चौपट हो चुकी हैं। इस बार सूखे के बाद बारिश की मार भी पड़ी है। किसानों को उनके नुकसान का पर्याप्त मुआवजा भी नहीं मिला है।
राहुल गांधी उत्तर प्रदेश के किसानों की तीन प्रमुख मांगों को लेकर चल रहे हैं। इसमें कर्ज माफ, बिजली बिल हाफ और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर इंसाफ प्रमुख हैं। वह देवरिया से दिल्ली तक करीब 2,100 किलोमीटर की किसान यात्रा निकाल रहे हैं। बुंदेलखंड से उम्मीद है। यही कारण है कि उन्होंने बुंदेलखंड के सभी सातों जिलों के भ्रमण की योजना बनाई है। पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य का कहना है कि 27 साल से प्रदेश में भाजपा, बसपा और सपा की सरकारें बन चुकी हैं, लेकिन बुंदेलखंड के हालात नहीं बदले। अकेली कांग्रेस पार्टी ऐसी थी, जिसने बुंदेलखंड पैकेज जारी किया था। इसमें राहुल गांधी का अहम योगदान था। जनता इन पार्टियों से ऊब चुकी है और अब कांग्रेस की ओर देख रही है। बुंदेलखंड की बदहाली दूर करना कांग्रेस का अहम मुद्दा है।
विज्ञापन
नहीं बदले बहादुर सिंह के हालात, राशनकार्ड भी नहीं
झांसी। सात साल पहले कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी झांसी आए थे और वह बीकेडी चौराहे के पास लोहा पीटा बहादुर सिंह के पास जाकर उससे मिले थे। उसके बाद भी बहादुर सिंह के हालात जस के तस हैं। राहुल गांधी से राशनकार्ड बनवाने की मांग की थी पर आज तक नहीं बना।
बहादुर सिंह ने बताया कि राहुल ने उनके हाथ से आलू की टिक्की खाई थी और हालचाल पूछा था। तब उसे लगा था कि शायद किस्मत बदल जाएगी, लेकिन कुछ नहीं हुआ। उसके पास न तो राशन कार्ड है और न वोटर कार्ड। किसी तरह की कोई सुविधा सरकार की ओर से नहीं मिलती है। बहादुर सिंह इस बारे में ज्यादा बात करने से इनकार करता है। अब भी वह खानाबदोश की जिंदगी बसर कर रहा है।
राहुल गांधी सातवीं बार जिले के दौरे पर आ रहे हैं। इससे पहले वह 2006 में यहां आए थे। 2007 में बुंदेलखंड आकर सूखे से त्रस्त किसानों से मिले थे। उन्होंने बबीना व मऊरानीपुर में किसानों की बदहाली देखी थी और बुंदेलखंड पैकेज दिलाने का आश्वासन दिया था। यहां से वापस जाने के बाद दिल्ली से पैकेज की घोषणा हुई थी। 2008 में किसानों के दुख दर्द को साझा करने के लिए उन्होंने बुंदेलखंड की यात्रा की थी। इसके बाद 2009 में भी वह यहां आए थे। 2010 में एनएसयूआई के कार्यकर्ता सम्मेलन में आए थे। वह पिछले लोकसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी की जनसभा करने आए थे। वह बीकेडी चौराहा पर खानाबदोशों की तरह जीवन यापन करने वाल लोहा पीटा परिवार के बहादुर सिंह के यहां अचानक पहुंच गए थे।
शहर, सीपरी और नगरा में होगा राहुल का रोड शो
झांसी। कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी 18 सितंबर को पूरे शहर में रोड शो करेंगे। उनका रोड शो शहर, सीपरी बाजार और नगरा क्षेत्रों में होगा। इस दौरान कई जगह स्वागत भी होगा।
पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य ने बताया कि राहुल गांधी 18 की सुबह नौ बजे सबसे पहले महारानी लक्ष्मीबाई पार्क में महारानी लक्ष्मीबाई ,झलकारी बाई और चंद्रशेखर आजाद की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। यहां से स्टेशन रोड स्थित डांडी चौराहा पर माल्यार्पण करेंगे। सीनियर इंस्टीट्यूट व पुलिया नंबर नौ जाएंगे। इसके बाद झलकारी बाई नगर में स्वागत होगा। यहां से वर्कशाप, हाट का मैदान, गढ़िया फाटक, खाती बाबा, नंदनपुरा चौराहा पर स्वागत होगा। यहां से पुरानी कलारी व आर्य कन्या चौराहा जाएंगे। सीपरी बाजार में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। वहां से कच्चा पुल होते हुए बीकेडी, आशिक चौराहा, किला होते हुए रानीमहल पहुंचेंगे।
सुबह 11 बजे फिर से रोड शो करेंगे। यहां से उनका काफिला कोतवाली, गंदी गर का टपरा, बड़ा बाजार, सुभाषगंज, ओरछा गेट, सैंयर गेट और खुशीपुरा जाएगा। कार्यकर्ता जगह- जगह उनका स्वागत करेंगे। यहां से मेडिकल कालेज रोड से उरई के लिए प्रस्थान कर जाएंगे। नेताओं ने उनके भव्य स्वागत की तैयारी की है। सुरक्षा के खास इंतजाम किए गए हैं। रास्ते में बड़ागांव और चिरगांव में पार्टी कार्यकर्ता उनका स्वागत करेंगे। चिरगांव में ही राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। शाम पांच बजे पिरौना गांव में कांग्रेस कार्यकर्ता उन्हें विदा करेंगे। जालौन जिला के कोंच में उनकी खाट सभा होगी।
विज्ञापन
विधानसभा चुनाव का माहौल है। समाजवादी पार्टी में कलह मची है। बहुजन समाज पार्टी के कई वरिष्ठ नेता पार्टी छोड़ चुके हैं। ऐसे में कांग्रेस लाभ उठाने की कोशिश में है। वह संदेश देने की कोशिश में है कि ऐसे वक्त में कांग्रेस विकल्प हो सकती है। विकास और समस्याओं को मुद्दा बनाकर विरोधी दलों को कठघरे में खड़ा करने की कोशिश में है। राहुल गांधी इन मुद्दों पर बोल सकते हैं। वह बुंदेलखंड की बदहाली की जिक्र करते हुए याद दिला सकते हैं कि 2010-11 में तब की केंद्र सरकार ने बुंदेलखंड के लिए सात हजार करोड़ रुपए के पैकेज की घोषणा की थी। यह किसी से छिपा नहीं है कि बुंदेेलखंड के किसानों परेशान हैं। अतिवृष्टि और ओलावृष्टि से किसानों की फसलें चौपट हो चुकी हैं। इस बार सूखे के बाद बारिश की मार भी पड़ी है। किसानों को उनके नुकसान का पर्याप्त मुआवजा भी नहीं मिला है।
विज्ञापन
राहुल गांधी उत्तर प्रदेश के किसानों की तीन प्रमुख मांगों को लेकर चल रहे हैं। इसमें कर्ज माफ, बिजली बिल हाफ और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर इंसाफ प्रमुख हैं। वह देवरिया से दिल्ली तक करीब 2,100 किलोमीटर की किसान यात्रा निकाल रहे हैं। बुंदेलखंड से उम्मीद है। यही कारण है कि उन्होंने बुंदेलखंड के सभी सातों जिलों के भ्रमण की योजना बनाई है। पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य का कहना है कि 27 साल से प्रदेश में भाजपा, बसपा और सपा की सरकारें बन चुकी हैं, लेकिन बुंदेलखंड के हालात नहीं बदले। अकेली कांग्रेस पार्टी ऐसी थी, जिसने बुंदेलखंड पैकेज जारी किया था। इसमें राहुल गांधी का अहम योगदान था। जनता इन पार्टियों से ऊब चुकी है और अब कांग्रेस की ओर देख रही है। बुंदेलखंड की बदहाली दूर करना कांग्रेस का अहम मुद्दा है।
विज्ञापन
नहीं बदले बहादुर सिंह के हालात, राशनकार्ड भी नहीं
झांसी। सात साल पहले कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी झांसी आए थे और वह बीकेडी चौराहे के पास लोहा पीटा बहादुर सिंह के पास जाकर उससे मिले थे। उसके बाद भी बहादुर सिंह के हालात जस के तस हैं। राहुल गांधी से राशनकार्ड बनवाने की मांग की थी पर आज तक नहीं बना।
बहादुर सिंह ने बताया कि राहुल ने उनके हाथ से आलू की टिक्की खाई थी और हालचाल पूछा था। तब उसे लगा था कि शायद किस्मत बदल जाएगी, लेकिन कुछ नहीं हुआ। उसके पास न तो राशन कार्ड है और न वोटर कार्ड। किसी तरह की कोई सुविधा सरकार की ओर से नहीं मिलती है। बहादुर सिंह इस बारे में ज्यादा बात करने से इनकार करता है। अब भी वह खानाबदोश की जिंदगी बसर कर रहा है।
राहुल गांधी सातवीं बार जिले के दौरे पर आ रहे हैं। इससे पहले वह 2006 में यहां आए थे। 2007 में बुंदेलखंड आकर सूखे से त्रस्त किसानों से मिले थे। उन्होंने बबीना व मऊरानीपुर में किसानों की बदहाली देखी थी और बुंदेलखंड पैकेज दिलाने का आश्वासन दिया था। यहां से वापस जाने के बाद दिल्ली से पैकेज की घोषणा हुई थी। 2008 में किसानों के दुख दर्द को साझा करने के लिए उन्होंने बुंदेलखंड की यात्रा की थी। इसके बाद 2009 में भी वह यहां आए थे। 2010 में एनएसयूआई के कार्यकर्ता सम्मेलन में आए थे। वह पिछले लोकसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी की जनसभा करने आए थे। वह बीकेडी चौराहा पर खानाबदोशों की तरह जीवन यापन करने वाल लोहा पीटा परिवार के बहादुर सिंह के यहां अचानक पहुंच गए थे।
शहर, सीपरी और नगरा में होगा राहुल का रोड शो
झांसी। कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी 18 सितंबर को पूरे शहर में रोड शो करेंगे। उनका रोड शो शहर, सीपरी बाजार और नगरा क्षेत्रों में होगा। इस दौरान कई जगह स्वागत भी होगा।
पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य ने बताया कि राहुल गांधी 18 की सुबह नौ बजे सबसे पहले महारानी लक्ष्मीबाई पार्क में महारानी लक्ष्मीबाई ,झलकारी बाई और चंद्रशेखर आजाद की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। यहां से स्टेशन रोड स्थित डांडी चौराहा पर माल्यार्पण करेंगे। सीनियर इंस्टीट्यूट व पुलिया नंबर नौ जाएंगे। इसके बाद झलकारी बाई नगर में स्वागत होगा। यहां से वर्कशाप, हाट का मैदान, गढ़िया फाटक, खाती बाबा, नंदनपुरा चौराहा पर स्वागत होगा। यहां से पुरानी कलारी व आर्य कन्या चौराहा जाएंगे। सीपरी बाजार में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। वहां से कच्चा पुल होते हुए बीकेडी, आशिक चौराहा, किला होते हुए रानीमहल पहुंचेंगे।
सुबह 11 बजे फिर से रोड शो करेंगे। यहां से उनका काफिला कोतवाली, गंदी गर का टपरा, बड़ा बाजार, सुभाषगंज, ओरछा गेट, सैंयर गेट और खुशीपुरा जाएगा। कार्यकर्ता जगह- जगह उनका स्वागत करेंगे। यहां से मेडिकल कालेज रोड से उरई के लिए प्रस्थान कर जाएंगे। नेताओं ने उनके भव्य स्वागत की तैयारी की है। सुरक्षा के खास इंतजाम किए गए हैं। रास्ते में बड़ागांव और चिरगांव में पार्टी कार्यकर्ता उनका स्वागत करेंगे। चिरगांव में ही राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। शाम पांच बजे पिरौना गांव में कांग्रेस कार्यकर्ता उन्हें विदा करेंगे। जालौन जिला के कोंच में उनकी खाट सभा होगी।