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झूला फैक्ट्री के सभी कर्मचारियों की सेवा समाप्त
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केराकत (जौनपुर)। तहसील क्षेत्र के नाऊपुर स्थित तीन वर्ष से बंद चली आ रही जेवीएल कंपनी लिमिटेड कंपनी के सभी कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया। अब कर्मचारियों का फैक्ट्री दोबारा खुलने की उम्मीद भी टूट गई है। नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल की इलाहाबाद बेंच ने गत 19 अगस्त को जारी किए आदेश में सभी अधिकारियों, कर्मचारियों व मजदूरों की देनदारी के लिए सुप्रियो कुमार चौधरी को जेवीएल कंपनी का लिक्वीटेडर नियुक्त किया है।
कंपनी के दिवालिया घोषित होने के बाद कार्मिकों की सेवा समाप्त करने की नोटिस निर्गत करने को निर्देशित किया था। सुप्रियो कुमार चौधरी की ओर से नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (एनसीएलटी) के आदेश के क्रम में सभी अधिकारियों, कर्मचारियों व श्रमिकों की तत्काल प्रभाव से बर्खास्तगी की नोटिस जारी की गई है। सभी अभिलेख, मोबाइल, लैपटॉप भी कंपनी के वाराणसी कार्यालय में वरिष्ठ उपाध्यक्ष एचआर के यहां जमा करने को कहा गया है।
सभी को अपनी लेनदारी के संबंध में 30 दिन के अंदर निर्धारित पारूप पर साक्ष्य के साथ दावा प्रस्तुत करना होगा। बता दें कि पिछले तीन वर्षों से कंपनी बंद चली आ रही थी। इस दौरान सभी कर्मचारियों अधिकारियों व श्रमिकों का वेतन बैंक से भुगतान हो रहा था। सभी को यह विश्वास था कि देर-सबेर कंपनी फिर से चालू होगी, लेकिन बर्खास्तगी के आदेश से सभी के सपने ध्वस्त हो गए।
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कंपनी के दिवालिया घोषित होने के बाद कार्मिकों की सेवा समाप्त करने की नोटिस निर्गत करने को निर्देशित किया था। सुप्रियो कुमार चौधरी की ओर से नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (एनसीएलटी) के आदेश के क्रम में सभी अधिकारियों, कर्मचारियों व श्रमिकों की तत्काल प्रभाव से बर्खास्तगी की नोटिस जारी की गई है। सभी अभिलेख, मोबाइल, लैपटॉप भी कंपनी के वाराणसी कार्यालय में वरिष्ठ उपाध्यक्ष एचआर के यहां जमा करने को कहा गया है।
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सभी को अपनी लेनदारी के संबंध में 30 दिन के अंदर निर्धारित पारूप पर साक्ष्य के साथ दावा प्रस्तुत करना होगा। बता दें कि पिछले तीन वर्षों से कंपनी बंद चली आ रही थी। इस दौरान सभी कर्मचारियों अधिकारियों व श्रमिकों का वेतन बैंक से भुगतान हो रहा था। सभी को यह विश्वास था कि देर-सबेर कंपनी फिर से चालू होगी, लेकिन बर्खास्तगी के आदेश से सभी के सपने ध्वस्त हो गए।
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