UPTET Exam 2021: दोस्त को टीईटी पास कराने के लिए सॉल्वर बना था बिहार का पप्पू, एसटीएफ ने पकड़ लिया
शिक्षक पात्रता परीक्षा शुरू होने के पहले ही एसटीएफ वाराणसी को सॉल्वर गिरोह के जौनपुर में सक्रिय होने की भनक लग गई थी। इसके बाद एसटीएफ की टीम जनपद के कई केंद्रों पर चक्रमण करती रही।
विस्तार
शिक्षक पात्रता परीक्षा शुरू होने के पहले ही एसटीएफ वाराणसी को सॉल्वर गिरोह के जौनपुर में सक्रिय होने की भनक लग गई थी। इसके बाद एसटीएफ की टीम जनपद के कई केंद्रों पर चक्रमण करती रही। टीम ने अपने जाल बिछा दिया था और पहले ही पाली में सहदेव ऋषिकुल उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सुल्तानपुर में प्रथम पाली में एक साल्वर अर्नव सिंह को परीक्षा देते पकड़ लिया, जो पूछताछ में बताया वह अपनो दोस्त को पास कराने पर सॉल्वर बना था।
एसटीएफ को अपने सूत्र से जनपद में बिहार से साल्वर आने की भनक लग गई थी। इस पर टीम कुछ परीक्षा केंद्रों का दौरा की। इसके बाद एसटीएफ के निरीक्षक पुनीत परिहार के नेतृत्व में सीधे सरायख्वाजा थाना क्षेत्र सहदेव ऋषिकुल उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सुल्तानपुर पहुंची।
प्रधानाचार्य और स्टेटिक मजिस्ट्रेट से संपर्क साधी और परीक्षा हाल में लाइन बाजार थाना क्षेत्र के रंजितपुर गांव निवासी महेंद्र यादव पुत्र बलराव के सीट पर पहुंची, जहां परीक्षा दे रहे युवक को दबोच लिया। पहले तो वह खुद को महेंद्र बता रहा था। लेकिन आधार कार्ड जांच करने के साथ ही कड़ाई से पूछताछ गई तो सच्चाई सामने आ गई।
पकड़े गए युवक ने अपना नाम अर्नव सिंह पुत्र ब्रह्मदेव सिंह निवासी ईशुपुर (जाफरबाद) थाना सदर हाजीपुर जनपद वैशाली बिहार बताया। उससे एसटीएफ ने बंद कमरे में कई घंटे पूछताछ की। एसटीएफ वाराणसी की टीम के मुताबिक पकड़े गए अर्नव सिंह ने बताया कि वह महेंद्र यादव का दोस्त है।
दोनों ने राजीव गांधी बीएड कालेज धारवाड चेन्नई से से एक साथ बीएड कर रहे थे। जहां से उनकी दोस्ती हुई थी। महेंद्र के कहने पर मित्रता के कारण परीक्षा देने को तैयार हो गया था इसके लिए महेंद्र के नाम, पता से अपने स्वयं के फोटो को सिक्सिंग करके कूटरचित आधार कार्ड तैयार करा लिया था, जिसके बाद उसके स्थान पर आसानी से परीक्षा दे रहा था।
पढ़ेंः UPTET Exam: पूर्वांचल में पकड़े गए 8 'मुन्ना भाई', शिक्षक पात्रता परीक्षा में बिहार का सॉल्वर गैंग सक्रिय
एक को एसटीएफ की वाराणसी टीम ने पकड़ा, दो को पुलिस ने दबोचा
दूसरे के स्थान पर रविवार को शिक्षक पात्रता परीक्षा दे रहे तीन लोगों को वाराणसी एसटीएफ और जौनपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए लोगों में एक महिला भी शामिल है। सभी पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया। सभी आरोपी बिहार के रहने वाले हैं। पुलिस सभी से पूछताछ कर रही है।
पुलिस अधीक्षक अजय साहनी ने बताया कि सरायख्वाजा क्षेत्र के सहदेव ऋषिकुल उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सुल्तानपुर में प्रथम पाली की शिक्षक पात्रता परीक्षा के दौरान अर्नव सिंह उर्फ पप्पू सिंह निवासी ईशुपुर, थाना सदर हाजीपुर, जनपद वैशाली, बिहार को एसटीएफ वाराणसी ने पकड़ा। वह महेंद्र यादव निवासी रंजितपुर, थाना लाइन बाजार के स्थान पर परीक्षा दे रहा था।
जफराबाद थाना क्षेत्र के राम निरंजन इंटर कालेज कचगांव के प्रवेश गेट पर राजीव कुमार यादव निवासी ललियारी, थाना खुदागंज, जिला गया को पुलिस ने चेकिंग के दौरान पकड़ा। वह जितेंद्र पाल गंगवार निवासी पंडरी खात्मा भोजीपुरा, बरेली की जगह परीक्षा देने आया था।
जलालपुर थाना क्षेत्र के बयालसी डिग्री कॉलेज में अन्नू कुमारी निवासी खगौल दानापुर, पटना, बिहार को दूसरे के स्थान पर परीक्षा देते पकड़ा गया। पूछताछ में पता चला कि वह अंकिता दुबे निवासी ग्राम पांडेय पट्टी चक कटूई इमलो थाना जफराबाद के स्थान पर परीक्षा दे रही थी।
पहली पाली में 3841 और दूसरी पाली में 3043 ने छोड़ी परीक्षा
पहली और दूसरी पाली की परीक्षा छूटने के बाद दो चरण में शहर में जाम लगा। इससे लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। शहर के सद्भावना पुल, ओलंदगंज, टीडी कालेज गेट, रोडवेड तिराहा पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। हालांकि परीक्षा को देखते हुए शहर के सभी तिराहों और चौराहों पर ट्रैफिक पुलिस के साथ थाने की पुलिस भी यातायात व्यवस्था सुचारू बनाने के लिए लगी रही।