जौनपुर: विधायक सुषमा पटेल सपा में शामिल, एक साल पहले बसपा से हुई थी निलंबित, सास-ससुर रह चुके हैं मड़ियाहूं से एमएलए
पिछले साल अक्तूबर में बसपा से निलंबित होने के बाद विधायक सुषमा पटेल जून माह में सपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिली थीं। तभी से उनकी गाड़ी पर सपा का झंडा लग गया था।
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सुषमा पटेल मूलरूप से मड़ियाहूं विधानसभा क्षेत्र की साहोपट्टी की रहने वाली हैं। इनके ससुर दूधनाथ पटेल 1985 में लोकदल से व सास सावित्री पटेल 1989 में जनता दल और फिर 1993 में सपा-बसपा गठबंधन से मड़ियाहूं से ही विधायक रह चुकी हैं।
सुषमा पटेल ने जीव विज्ञान में पीएचडी किया है और वे सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रही थीं। इसी दौरान वर्ष 2008 में रणजीत सिंह पटेल से इनकी शादी हुई थी, जो जिला समाज कल्याण अधिकारी पद पर कार्यरत रहे। सास की प्रेरणा से सुषमा पटेल 2017 में राजनीति में आ गई।
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2017 में भाजपा विधायक को दी थी मात
इसके बाद से वे समाजवादी पार्टी से नजदीकियां बढ़ा रही थी। सुषमा पटेल के पति रणजीत सिंह भी पहले ही सरकारी सेवा छोड़कर सपा की सदस्यता ग्रहण कर चुके हैं।
'पार्टी जहां से कहेगी वहां से चुनाव लड़ूंगी"
पिछले साल अक्तूबर में बसपा से निलंबित होने के बाद विधायक सुषमा पटेल जून माह में सपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिली थीं। उन्होंने कहा बहुजन समाज पार्टी में निष्ठावान लोगों के लिए कोई जगह नहीं है। कब कौन पार्टी से निकाल दिया जाएगा, इसका कोई भरोसा नहीं है।
उन्होंने बिना पक्ष जाने एक फोटो के आधार पर मुझे निलंबित कर दिया, जो पूरी तरह से गलत था। इसलिए अलग रास्ता चुनने के अलावा कोई विकल्प नहीं था। जनता का फैसला था कि सपा से चुनाव लड़ा जाए, इसलिए मैंने फैसले को स्वीकार किया है। अब मेरी विचारधारा पूरी तरह से समाजवादी पार्टी के साथ है। पार्टी जहां से कहेगी वहां से जनता के बीच चुनाव लड़ूंगी।
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