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एमडीएम के लिए खाद्य तेल की जगह पहुंचा टायलेट क्लीनर
jaunpur
Updated Thu, 23 Feb 2017 01:53 AM IST
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विद्यालय की रसाई में पहुंचा ट्वालेट क्लीनर।
- फोटो : jounpur
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िससिकरारा थाना क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय चकमहिता की रसोई में बुधवार को रिफाइन खाद्य तेल की जगह टायलेट क्लीनर पहुंच गया। संयोग ही था अचानक प्रधानाध्यापक की नजर उस पर पड़ने से बड़ा हादसा टल गया। घटना से शिक्षा महकमें में हड़कम मच गया है। उधर, बीईओ ने विकास खंड के सभी विद्यालय के प्रधानाध्यापकों को निर्देश जारी किया है कि एमडीएम के लिए कोई भी खाद्य सामग्री अब सीधे रसोई में नहीं पहुंचेगी। पहले यह प्रधानाध्यापक कार्यालय में जाएगी और वहां प्रधानाध्यापक की जांच के बाद ही रसोई में भेजा जाएगा।
बुधवार को विद्यालय में 70 बच्चों के लिए एमडीएम के तहत दोपहर के भोजन में सब्जी बन रही थी। ग्राम प्रधान ने सफाई कर्मचारी से खाद्य सामग्री विद्यालय में भेजी थी। सफाई कर्मचारी ने सारी सामग्री सीधे रसोइयों को सौंप दिया। अनपढ़ रसोइयों ने सारा सामान लेकर रख लिया। इसी बीच प्रधानाध्यापक अरविंद यादव रसोई में पहुंचे और उनकी नजर किचन में रखे टायलेट क्लीनर पर पड़ी। पूछताछ में पता चला कि रसोइयों को नहीं पता था कि देखने में बिल्कुल रिफाइन तेल जैसी लग रही शीशी में टायलेट क्लीनर है।
चूक को समझते ही प्रधानाध्यापक का माथा ठनक गया। उन्होंने सफाई कर्मचारी को बुलाकर उसे डाट पिलाई और टायलेट क्लीनर को वहां से हटवाया। साथ ही जागरुकता के लिए उन्होंने रसोई में रखे टायलेट क्लीनर की तस्वीर शिक्षक और कर्मचारी संघ के व्हाट्सएप ग्रुप पर अपलोड कर दिया। खामी व्हाट्सएप ग्रुप पर साझा हुई तो पूरे ब्लाक में हड़कंप मच गया। इसी ग्रुप से बीईओ संजीव कुमार सिंह भी जुड़े हैं। उन्होंने प्रधानाध्यापक और प्रधान से बात किया और ऐसी लापरवाही पर नाराजगी जताई। उधर प्रभारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रमाकांत राम ने ऐसी किसी घटना से अनभिज्ञता जताई है।
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कोट:
मामला बेहद गंभीर है। मामले की पूरी जांच कराई जाएगी। जो भी दोषी निकला उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -भानुचंद्र गोस्वामी जिलाधिकारी
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बुधवार को विद्यालय में 70 बच्चों के लिए एमडीएम के तहत दोपहर के भोजन में सब्जी बन रही थी। ग्राम प्रधान ने सफाई कर्मचारी से खाद्य सामग्री विद्यालय में भेजी थी। सफाई कर्मचारी ने सारी सामग्री सीधे रसोइयों को सौंप दिया। अनपढ़ रसोइयों ने सारा सामान लेकर रख लिया। इसी बीच प्रधानाध्यापक अरविंद यादव रसोई में पहुंचे और उनकी नजर किचन में रखे टायलेट क्लीनर पर पड़ी। पूछताछ में पता चला कि रसोइयों को नहीं पता था कि देखने में बिल्कुल रिफाइन तेल जैसी लग रही शीशी में टायलेट क्लीनर है।
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चूक को समझते ही प्रधानाध्यापक का माथा ठनक गया। उन्होंने सफाई कर्मचारी को बुलाकर उसे डाट पिलाई और टायलेट क्लीनर को वहां से हटवाया। साथ ही जागरुकता के लिए उन्होंने रसोई में रखे टायलेट क्लीनर की तस्वीर शिक्षक और कर्मचारी संघ के व्हाट्सएप ग्रुप पर अपलोड कर दिया। खामी व्हाट्सएप ग्रुप पर साझा हुई तो पूरे ब्लाक में हड़कंप मच गया। इसी ग्रुप से बीईओ संजीव कुमार सिंह भी जुड़े हैं। उन्होंने प्रधानाध्यापक और प्रधान से बात किया और ऐसी लापरवाही पर नाराजगी जताई। उधर प्रभारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रमाकांत राम ने ऐसी किसी घटना से अनभिज्ञता जताई है।
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मामला बेहद गंभीर है। मामले की पूरी जांच कराई जाएगी। जो भी दोषी निकला उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -भानुचंद्र गोस्वामी जिलाधिकारी