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Jaunpur News: शीतगृह नजदीक नहीं होने से कई किसान नहीं कर सके आलू का भंडारण

Thu, 13 Apr 2023 12:30 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 13 Apr 2023 12:30 AM IST
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Many farmers could not store potatoes
जौनपुर। जिले में इस साल मौसम अनुकूल होने से आलू की पैदावार अच्छी हुई है, लेकिन जिस दाम में आलू की बीज लेकर किसान बोआई किए थे उसके आधे दाम में भी आलू की बिक्री नहीं हो पा रही है, वहीं नजदीक शीतगृह नहीं होने से भंडारण में भी किसानों को दिक्कतें उठानी पड़ रही है। अधिकांश किसान आलू की कीमत बढ़ने की उम्मीद से घर में रखे हुए हैं, लेकिन अब गर्मी से सड़ने की चिंता भी सताने लगी है।
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जिले में 15026 हेक्टेयर क्षेत्रफल में आलू की खेती की गई है। इसमें दो लाख 88 हजार 323 टन के करीब उत्पादन हुआ है। मौसम अनुकूल होने से आलू का उत्पादन इस साल अच्छा रहा। उपलब्धता के अनुसार मांग न होने के कारण आलू के कारण कीमत गिरी हुई है। वहीं शीतगृह नजदीक नहीं होने से कई किसान आलू का भंडार भी नहीं कर सके हैं। आलू के कीमत बढ़ने की उम्मीद से घर में रखे आलू गर्मी से सड़ने की भी संभावना बनी हुई है। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
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16 शीतगृहों में 44500 मीट्रिक टन आलू का हुआ भंडारण
जौनपुर। जिले में 16 शीतगृह में आलू का भंडारण किया जा रहा है। पहले 28 शीतगृह थे, जिसमें 12 पर ताला लग गया है। किसानों की सुविधा के लिए अब मात्र 16 शीतगृह जिसकी भंडारण की क्षमता सिर्फ 76048 टन है। जिसमें से अब तक मात्र 44 हजार 500 मीट्रिक टन आलू का भंडारण हो चुका है। शासन स्तर पर सामान्य आलू का भंडारण का 230 रुपये प्रति क्विंटल व शूगर फ्री आलू का 260 रुपये शुल्क तय किया गया है।
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पिछले साल आलू की कीमत को देखते हुए इस वर्ष ज्यादा क्षेत्र में आलू की बुआई की गई थी। फसल भी अच्छी रही। लेकिन इसके भंडारण में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। आस पास कोई शीतगृह न होने से समस्या जटिल हो गई है। अब गर्मी से सड़ने की संभावना भी है। - अभयराज यादव, हरीराम पुर
क्षेत्र में लगभग 10 किमी की दूरी पर मीठेपार में एक मात्र कोल्ड स्टोर था, जो लगभग सात साल पहले बंद कर दिया गया। अब किसानों को मछलीशहर, मड़ियाहूं या जौनपुर तक जाकर आलू का भंडारण करना पड़ रहा है। इसके चलते कई किसान आलू अभी तक घर में रखे हुए है। - पंकज सिंह, शेरवा गांव
आलू की बुवाई के लिए ऊंचे दर पर बीज लिया था। सिंचाई, मजदूरी, खाद को लेकर खेती बहुत महंगी पड़ गई। बाजार में आलू का कीमत वर्तमान में 900 से 1000 रुपये प्रति क्विंटल बिक रहा है। क्षेत्र में कोल्ड स्टोरेज नहीं होने से भंडारण के लिए सिंगरामऊ जाना पड़ता है। - रामसमुझ उर्फ मुन्नू मौर्य, सरोखनपुर
घर से सिंगरामऊ कोल्ड स्टोरेज की दूरी 10 किलोमीटर है। इससे आलू भंडारण करने में दिक्कत का सामना करना पड़ता है। गर्मी में सड़ने की डर से बीते माह 600 रुपये प्रति क्विंटल बेच दिया था हालांकि पहले की अपेक्षा अब 400 रुपये प्रति क्विंटल कीमत बढ़ी है। - अरविंद शर्मा, सरोखनपुर

किसानों का आलू खराब न हो इसके लिए जिले में 16 शीतगृह में आलू का भंडारण की सुविधा है अब तक 44 हजार 500 मीट्रिक टन आलू का भंडारण हो चुका है। अभी जो किसान आलू का भंडारन करना चाहते है वह उद्यान विभाग से संपर्क कर भंडारण कर सकते है। - ममता सिंह यादव जिला उद्यान अधिकारी
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