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डग्गामार वाहनों से ढोये जा रहे नौनिहाल
ब्यूरो/अमर उजाला, जौनपुर
Updated Wed, 04 May 2016 12:29 AM IST
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जाम में फंसी स्कूली बस।
- फोटो : अमर उजाला
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जिल के विद्यालयों में धड़ल्ले से मानक विहीन वाहनों का संचालन किया जा रहा है। जिससे हर समय दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है। सब कुछ जान कर भी परिवहन विभाग लापरवाह बना हुआ है। हाल ही में सड़क हादसे के दौरान बच्चे की मौत हो गई। उस वाहन के पास न तो फिटनेस का प्रमाण-पत्र था और न ही कोई अन्य कागजात। इसके बावजूद परिवहन विभाग की तरफ से कोई अभियान नहीं चलाया।
जनपद में कांवेंट स्कूलों की भरमार है। यहां 251 बसें स्कूलों के नाम पंजीकृत हैं। इसके अलावा 400 से अधिक छोटी डग्गामार वाहनों में भरकर बच्चों को स्कूल ढोया जा रहा है। अधिकांश वाहनों के पास तो परमिट होता है, और न ही फिटनेस का प्रमाण-पत्र। इसके बावजूद बेरोक-टोक ये सड़कों पर दौड़ लगाते रहते हैं। बच्चा सकुशल विद्यालय पहुंचे, इसके लिए अभिभावक भी बच्चों को विद्यालयों के वाहनों से स्कूल भेजता है। उसके एवज में अभिभावक विद्यालय द्वारा निर्धारित 500 से लेकर 1000 रुपये भाड़ा भी देता है। इसके बाद भी बच्चों को ठूंस ठूंस कर वाहनों से विद्यालय पहुंचाया जा रहा है। लेकिन इसको लेकर न तो स्कूल प्रशासन सजग है और न ही परिवहन विभाग गंभीर है। बसों में बच्चों की सुरक्षा की दृष्टि से न तो गेट पर जाली लगा है और न ही पाइप लगा हुआ है। जब कोई हादसा होता है तो परिवहन विभाग तेजी दिखाता है लेकिन बाद में ठंडा पड़ जाता है।
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जनपद में कांवेंट स्कूलों की भरमार है। यहां 251 बसें स्कूलों के नाम पंजीकृत हैं। इसके अलावा 400 से अधिक छोटी डग्गामार वाहनों में भरकर बच्चों को स्कूल ढोया जा रहा है। अधिकांश वाहनों के पास तो परमिट होता है, और न ही फिटनेस का प्रमाण-पत्र। इसके बावजूद बेरोक-टोक ये सड़कों पर दौड़ लगाते रहते हैं। बच्चा सकुशल विद्यालय पहुंचे, इसके लिए अभिभावक भी बच्चों को विद्यालयों के वाहनों से स्कूल भेजता है। उसके एवज में अभिभावक विद्यालय द्वारा निर्धारित 500 से लेकर 1000 रुपये भाड़ा भी देता है। इसके बाद भी बच्चों को ठूंस ठूंस कर वाहनों से विद्यालय पहुंचाया जा रहा है। लेकिन इसको लेकर न तो स्कूल प्रशासन सजग है और न ही परिवहन विभाग गंभीर है। बसों में बच्चों की सुरक्षा की दृष्टि से न तो गेट पर जाली लगा है और न ही पाइप लगा हुआ है। जब कोई हादसा होता है तो परिवहन विभाग तेजी दिखाता है लेकिन बाद में ठंडा पड़ जाता है।
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