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सुख-समृद्धि देता है महामृत्युंजय यज्ञ
Jaunpur
Updated Tue, 25 Mar 2014 05:31 AM IST
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जौनपुर। आचार्य पंडित रवींद्र नाथ पांडेय ने कहा कि महामृत्युंजय यज्ञ से सुख और समृद्धि आती है। भगवान शंकर के मृत्युंजय स्वरूप का अर्चन करने से सभी प्रकार के कष्टों से छुटकारा मिलता है। जन्म कुंडली सहित अन्य दोष से मानव को मुक्ति मिलती है। वह शहर के पालीटेक्निक चौराहा स्थित जाह्नवी विला में आयोजित पांच दिवसीय महामृत्युंजय यज्ञ के दौरान श्रद्धालुओं के बीच कथा प्रवचन कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि महामृत्युंजय यज्ञ सभी के लिए फलदायी है। इस यज्ञ के आयोजन से भगवान शंकर की कृपा बरसती है और घर में सुख आता है। दीर्घायु होने का वरदान मिलता है। तमाम प्रकार के कष्टों से छुटकारा मिलता है। ग्रहों की शांति के लिए भी महामृत्युंजय यज्ञ महत्वपूर्ण होता है। जो लोग विधि विधान से भगवान भोलेनाथ की अर्चना करते हैं, उनकी मनोकामना पूरी होती है। यज्ञ में सवा लाख का दशांस हवन, तर्पण और मार्जन किया जाता है। इससे पहले हवन-पूजन के साथ महामृत्युंजय यज्ञ की शुरुआत हुई। मुख्य यजमान डा. देवब्रत मिश्र और निशा मिश्रा ने हवन पूजन कर महायज्ञ की शुरुआत की। कार्यक्रम में आचार्य रवींद्र नाथ पांडेय के साथ आचार्य संतोष कुमार मिश्र, आचार्य ज्योति भूषण पांडेय, प्रेम शंकर मिश्र, धरणीधर मिश्र आदि ने सहयोग किया। इस मौके पर डा. ईश्वरचंद्र मिश्र, शांति मिश्रा, जाह्नवी मिश्रा, वंदना दुबे, तरू मिश्रा, गौरी मिश्रा, आर्चेय मिश्रा सहित तमाम श्रद्धालु मौजूद थे।
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उन्होंने कहा कि महामृत्युंजय यज्ञ सभी के लिए फलदायी है। इस यज्ञ के आयोजन से भगवान शंकर की कृपा बरसती है और घर में सुख आता है। दीर्घायु होने का वरदान मिलता है। तमाम प्रकार के कष्टों से छुटकारा मिलता है। ग्रहों की शांति के लिए भी महामृत्युंजय यज्ञ महत्वपूर्ण होता है। जो लोग विधि विधान से भगवान भोलेनाथ की अर्चना करते हैं, उनकी मनोकामना पूरी होती है। यज्ञ में सवा लाख का दशांस हवन, तर्पण और मार्जन किया जाता है। इससे पहले हवन-पूजन के साथ महामृत्युंजय यज्ञ की शुरुआत हुई। मुख्य यजमान डा. देवब्रत मिश्र और निशा मिश्रा ने हवन पूजन कर महायज्ञ की शुरुआत की। कार्यक्रम में आचार्य रवींद्र नाथ पांडेय के साथ आचार्य संतोष कुमार मिश्र, आचार्य ज्योति भूषण पांडेय, प्रेम शंकर मिश्र, धरणीधर मिश्र आदि ने सहयोग किया। इस मौके पर डा. ईश्वरचंद्र मिश्र, शांति मिश्रा, जाह्नवी मिश्रा, वंदना दुबे, तरू मिश्रा, गौरी मिश्रा, आर्चेय मिश्रा सहित तमाम श्रद्धालु मौजूद थे।
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