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10-10 शौचालय बनाकर 200 राजस्व गावों को कर दिया गया ओडिएफ
Updated Fri, 07 Dec 2018 11:57 PM IST
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जौनपुर। जिले के 200 राजस्व गावों में महज 10-10 शौचालय बनवा कर ओडिएफ घोषित कर दिया गया है। यह ऐसे गांव हैं, जिनका नाम स्वच्छ भारत मिशन 2012 के बेसलाइन सर्वे की सूची में छूट गए थे। इसकी जानकारी होने के बाद प्रशासन ने आनन-फानन में इन गांवों में शौचालय बनवाकर अपनी जिम्मेदारी समाप्त कर लिया।
सरकार द्वारा स्वच्छ भारत मिशन 2012 के बेस लाइन सर्वे के सूची के अनुसार शौचालय बनवाकर ओडिएफ करने का फरमान जारी किया था। इस सूची में जिले के कुल 3215 राजस्व गावों में चार लाख सात हजार 802 लोगों का नाम शामिल था। इन लोगों के यहां शौचालय बनवाने का लक्ष्य रखा गया था।इसके बाद जिला प्रशासन द्वारा उक्त सूची में शामिल लोगों के यहां शौचालय बनवाने का कार्य शुरु किया गया। लेकिन उक्त सूची में 200 राजस्व गांव ऐसे पाए गए। जिनका नाम सूची में नहीं था। इसकी जानकारी होने पर जिला पंचायत राज कार्यालय में हड़कंप मच गया। इसकी सूचना शासन को दी गई। शासन ने सूची से छूटे सभी राजस्व गावों को शामिल करते हुए उसमें शौचालय बनवाने का निर्देश दिया। निर्देश के क्रम में जिला प्रशासन द्वारा उन राजस्व गावों में नंवबर माह में शौचालय बनवाने का कार्य शुरु किया गया। लेकिन प्रशासन ने इन राजस्व गावों में महज 10-10 शौचालय बनवा कर अपनी जिम्मेदारी पूरी कर दी। साथ ही राजस्व गांवों को ओडिएफ गोघित कर दिया।
200 राजस्व गावों का नाम बेसलाइन सर्वे में नहीं था। इन गावों का नाम शामिल करने के बाद 10 -10 शौचालय बनवाया गया है। शेष लोगों को भी ओडिएफ प्लस के तहत शौचालय बनवाने का कार्य किया जाएगा।
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गौरव वर्मा
मुख्य विकास अधिकारी
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सरकार द्वारा स्वच्छ भारत मिशन 2012 के बेस लाइन सर्वे के सूची के अनुसार शौचालय बनवाकर ओडिएफ करने का फरमान जारी किया था। इस सूची में जिले के कुल 3215 राजस्व गावों में चार लाख सात हजार 802 लोगों का नाम शामिल था। इन लोगों के यहां शौचालय बनवाने का लक्ष्य रखा गया था।इसके बाद जिला प्रशासन द्वारा उक्त सूची में शामिल लोगों के यहां शौचालय बनवाने का कार्य शुरु किया गया। लेकिन उक्त सूची में 200 राजस्व गांव ऐसे पाए गए। जिनका नाम सूची में नहीं था। इसकी जानकारी होने पर जिला पंचायत राज कार्यालय में हड़कंप मच गया। इसकी सूचना शासन को दी गई। शासन ने सूची से छूटे सभी राजस्व गावों को शामिल करते हुए उसमें शौचालय बनवाने का निर्देश दिया। निर्देश के क्रम में जिला प्रशासन द्वारा उन राजस्व गावों में नंवबर माह में शौचालय बनवाने का कार्य शुरु किया गया। लेकिन प्रशासन ने इन राजस्व गावों में महज 10-10 शौचालय बनवा कर अपनी जिम्मेदारी पूरी कर दी। साथ ही राजस्व गांवों को ओडिएफ गोघित कर दिया।
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200 राजस्व गावों का नाम बेसलाइन सर्वे में नहीं था। इन गावों का नाम शामिल करने के बाद 10 -10 शौचालय बनवाया गया है। शेष लोगों को भी ओडिएफ प्लस के तहत शौचालय बनवाने का कार्य किया जाएगा।
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