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देश को तालीम के शिखर पर देखना चाहते थे सर सैय्यद अहमद
Updated Thu, 18 Oct 2018 01:01 AM IST
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शाहगंज। पूर्वांचल विश्वविद्यालय के एनएसएस के समन्वयक डा. राकेश यादव ने कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के संस्थापक सर सैय्यद अहमद तालीम के क्षेत्र में देश को दुनिया के शिखर पर देखना देखना चाहते थे। अपनी इसी सोच के साथ उन्होंने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी की स्थापना की थी। जिसकी आज पूरी दुुनिया में पहचान है। वह बुधवार को सर सैय्यद अहमद की 201वीं जयंती के मौके पर आयोजित समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। समारोह का आयोजन शाहगंज के सबरहद में स्थित सर सैय्यद अहमद इंटर कालेज में किया गया था।
उन्होंने कहा कि सर सैय्यद अहमद का सपना था कि देश में एक ऐसा शिक्षण संस्थान बने जिसमें आधुनिक शिक्षा देने के साथ ही साथ छात्रों का व्यक्तित्व विकास भी हो सके और शिक्षा के क्षेत्र में भारत देश दुनिया में सबसे अग्रणी देश में शुमार हो सके। वह शिक्षा के प्रति बेहद संजीदा थे। उनके इतिहास के साथ छेड़छाड़ हुआ है। शत प्रतिशत शिक्षा ग्रहण करना ही सर सैय्यद अहमद खान के लिए सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता जेड के फैजान ने कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी शिक्षा का समंदर है। इस विश्वविद्यालय से पूरी दुनिया को लाभ मिल रहा है। पूर्व एमएलसी डा. प्रमोद कुमार मिश्रा, परवेज आलम भुट्टो, अब्दुल्लाह एडवोकेट, मौलाना अब्दुल वहीद कासमी ने भी संबोधित किया। विद्यालय के छात्र छात्राओं ने एकांकी,भाषण, सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। संचालन मिजऱ जरियाब बेग ने किया। इस मौके पर डा. इमरान अहमद, डा. आफाक, डा. अरशद, नजरुल इस्लाम, डा. अनामिका मिश्रा, डा. राकेश सिंह आदि उपस्थित रहे। प्रधानाचार्य मो. शाहिद नईम ने आभार व्यक्त किया।
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उन्होंने कहा कि सर सैय्यद अहमद का सपना था कि देश में एक ऐसा शिक्षण संस्थान बने जिसमें आधुनिक शिक्षा देने के साथ ही साथ छात्रों का व्यक्तित्व विकास भी हो सके और शिक्षा के क्षेत्र में भारत देश दुनिया में सबसे अग्रणी देश में शुमार हो सके। वह शिक्षा के प्रति बेहद संजीदा थे। उनके इतिहास के साथ छेड़छाड़ हुआ है। शत प्रतिशत शिक्षा ग्रहण करना ही सर सैय्यद अहमद खान के लिए सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता जेड के फैजान ने कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी शिक्षा का समंदर है। इस विश्वविद्यालय से पूरी दुनिया को लाभ मिल रहा है। पूर्व एमएलसी डा. प्रमोद कुमार मिश्रा, परवेज आलम भुट्टो, अब्दुल्लाह एडवोकेट, मौलाना अब्दुल वहीद कासमी ने भी संबोधित किया। विद्यालय के छात्र छात्राओं ने एकांकी,भाषण, सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। संचालन मिजऱ जरियाब बेग ने किया। इस मौके पर डा. इमरान अहमद, डा. आफाक, डा. अरशद, नजरुल इस्लाम, डा. अनामिका मिश्रा, डा. राकेश सिंह आदि उपस्थित रहे। प्रधानाचार्य मो. शाहिद नईम ने आभार व्यक्त किया।
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