{"_id":"5c8bf0bfbdec22144002db2c","slug":"121552675007-jaunpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आत्म विश्वास की अलख जगाएं महिलाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आत्म विश्वास की अलख जगाएं महिलाएं
Sat, 16 Mar 2019 12:18 AM IST
वाराणसी ब्यूरो
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,जौनपुर
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,जौनपुर
Published by: वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 16 Mar 2019 12:18 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स जागरूकता कार्यक्रम के तहत जेसीज स्थित एक होटल में गोष्ठी आयोजित हुई। जिसमें महिलाओं ने आत्मविश्वास की अलख जगाने की बात कही। उन्होंने कहा कि अमर उजाला के अनूठे अभियान से जुड़कर महिलाएं गौरावान्वित हो रही हैं। 10 महिलाओं ने अपराजिता का शपथ पत्र भरा।
कल्पना केसरवानी ने कहा कि अपराजिता महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ाने की मुहिम है। इससे महिलाएं जुड़कर अपनी गरिमा की रक्षा का संकल्प ले रही हैं। बबली चौरसिया ने कहा कि महिला सशक्तिकरण पर ऐसे अभियान चलाए जाना चाहिए। इससे नारी गरिमा को बढ़ावा मिलता है।
इंदिरा जायसवाल ने कहा कि इससे महिलाओं का मनोबल बढ़ेगा। मधु गुप्ता ने कहा कि महिलाओं को आज के दौर में उनकी शक्ति को याद दिलाने की जरूरत है। मेघना रस्तोगी ने कहा कि महिलाएं अपने बेटे-बेटियों से हर बात साझा करें। शिक्षा घर से ही शुरू होती है। अधिकारों, कानून के बारे में भी जानकारी दें। संगीता सेठ ने कहा कि बेटियों के हुनर को तरासने का काम महिलाओं को ही करना चाहिए। इस मौके पर सौम्या गुप्ता, दीपशिखा जायसवाल, रजनी जायसवाल, अलका, शालिनी सिंह, सरिता बैंकर, जूही वर्मा मौजूद रहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
कल्पना केसरवानी ने कहा कि अपराजिता महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ाने की मुहिम है। इससे महिलाएं जुड़कर अपनी गरिमा की रक्षा का संकल्प ले रही हैं। बबली चौरसिया ने कहा कि महिला सशक्तिकरण पर ऐसे अभियान चलाए जाना चाहिए। इससे नारी गरिमा को बढ़ावा मिलता है।
विज्ञापन
इंदिरा जायसवाल ने कहा कि इससे महिलाओं का मनोबल बढ़ेगा। मधु गुप्ता ने कहा कि महिलाओं को आज के दौर में उनकी शक्ति को याद दिलाने की जरूरत है। मेघना रस्तोगी ने कहा कि महिलाएं अपने बेटे-बेटियों से हर बात साझा करें। शिक्षा घर से ही शुरू होती है। अधिकारों, कानून के बारे में भी जानकारी दें। संगीता सेठ ने कहा कि बेटियों के हुनर को तरासने का काम महिलाओं को ही करना चाहिए। इस मौके पर सौम्या गुप्ता, दीपशिखा जायसवाल, रजनी जायसवाल, अलका, शालिनी सिंह, सरिता बैंकर, जूही वर्मा मौजूद रहीं।
विज्ञापन