उरई। इस बार करवाचौथ 24 अक्तूबर को है। जिसके चलते करवा चौथ के त्यौहार को लेकर बाजारों में भीड़ दिखाई देने लगी है। महिलाओं ने साड़ियों से लेकर करवा व अन्य पूजन सामग्रियों की खरीदारी शुरू कर दी है। मिट्टी के अलावा पीतल और चांदी के करवा भी खूब खरीदे जा रहे हैं। वहीं सजने-संवरने के लिए यूटी पार्लरों की बुकिंग का भी सिलसिला शुरू हो गया है।
बता दें कि इस बार करवा चौथ 24 अक्तूबर यानि रविवार को है। समय कम होने के कारण अब बाजारों में पर्व की रौनक दिखाई देने लगी है। घंटाघर, बलदाऊ चौक, जिला परिषद, स्टेशन रोड आदि की बाजारों में सुबह से ही महिलाओं की भीड़ नजर आ रही थी। सबसे अधिक भीड़ साड़ियों और बर्तनों की दुकानों पर थी। दुकानदारों का कहना है कि इस बार साड़ियों के दामों में बढ़ोत्तरी हुई है। 700 से लेकर 2000 रुपये की कीमत वाली साड़ियाें की बिक्री अधिक हैं। फिलहाल बिक्री की रफ्तार बढ़ने के आसार हैं। साड़ियों के बाद बर्तनों की दुकानों में स्टील व पीतल के करवे भी खूब पसंद किए जा रहे हैं। जिनकी कीमतें 500 से लेकर 4000 रुपये वजन के हिसाब से हैं। इसके अलावा कुछ महिलाएं पूजा के लिए चांदी के करवे भी पसंद कर रही हैं। इन मंहगे करवों के बीच पुराने परंपरागत मिट्टी के करवों का अपना अलग ही क्रेज बना हुआ है और सर्वाधिक बिक्री मिट्टी से बने करवा की हो रही है। ठेले व दुकानों में सजे मिट्टी के छोटे बड़े करवों की कीमत 25 रुपये से लेकर 250 रुपये तक है। इसके बाद पूजन सामग्री भी हाथों हाथ ली जा रही है। जिसमें करवा चौथ का कलेंडर, चलनी, सीक आदि सामान शामिल है। सुशील नगर निवासी सिया ने बताया कि वे सास के साथ बाजार खरीदरी करने आई हुई है। महंगाई बहुत है। पर त्योहार है तो हाथ तो खोलना ही पड़ेगा, तीन साड़ियां खरीदी हैं।