फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jalaun News ›   Ashiq Baba, the mastermind of the fraudulent land deed scam in Chhaunk, has been arrested.

Jalaun News: छौंक फर्जी बैनामा कांड का मास्टरमाइंड आशिक बाबा गिरफ्तार

Fri, 06 Feb 2026 12:36 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 06 Feb 2026 12:36 AM IST
विज्ञापन
Ashiq Baba, the mastermind of the fraudulent land deed scam in Chhaunk, has been arrested.
कालपी (उरई)। छौंक फर्जी बैनामा कांड के मास्टरमाइंड आशिक बाबा को पुलिस ने बृहस्पतिवार उसके एक साथी के साथ गिरफ्तार कर लिया है। वह लंबे समय से पुलिस और एसआईटी को चकमा दे रहा था।
विज्ञापन

कालपी कोतवाली क्षेत्र के छौंक गांव निवासी विद्यावती की वर्ष 2023 में हाईवे किनारे स्थित कीमती भूमि का फर्जी तरीके से बैनामा कर दिया गया था। काफी समय बाद जब भूस्वामिनी को इसकी जानकारी हुई तो क्रेता कोमल सिंह यादव की तहरीर पर पुलिस ने छह नामजद और कई अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। जांच के दौरान चौंकाने वाले खुलासे हुए और इस कांड में लाखों रुपये की बरामदगी के साथ करीब दो दर्जन से अधिक लोग जेल भेजे जा चुके हैं। इनमें दो महिलाएं भी शामिल थीं, जिन्हें जालसाजों ने फर्जी विद्यावती के रूप में इस्तेमाल किया था। जांच का दायरा जनपद से निकलकर औरैया और उन्नाव तक जा पहुंचा।
विज्ञापन


मामले की जांच के लिए गठित एसआईटी ने कुछ माह पूर्व गैर जनपद से फर्जी रजिस्ट्री कराने वाली महिला विद्यावती को गिरफ्तार किया था। इसी दौरान मास्टर माइंड के रूप में राजेपुरा निवासी आशिक बाबा का नाम सामने आया था। इसके बाद से ही एसआईटी और एसओजी उसकी तलाश में जुटी थी। बृहस्पतिवार को पुलिस ने आशिक बाबा को उसके साथी पुखरायां के अहरौली निवासी रिफाक अहमद को गिरफ्तार कर लिया। रिफाक अहमद पर आधार कार्ड में गड़बड़ी करने का आरोप है। कार्रवाई एसआईटी प्रभारी एवं कुठौंद थाना प्रभारी अजय पाठक के नेतृत्व में पुलिस टीम ने उसे दबोच लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


जांच में लापरवाही पर दो निरीक्षक हो चुके हैं निलंबित

इस मामले में वर्ष 2023 में दर्ज मुकदमे की शुरुआती जांच कोतवाली के अतिरिक्त निरीक्षक मोहम्मद अशरफ को सौंपी गई थी। बाद में जांच पर सवाल उठे तो निरीक्षक परमहंस तिवारी की अगुवाई में एसआईटी गठित की गई। जांच में लापरवाही के आरोप में मोहम्मद अशरफ और परमहंस तिवारी को निलंबित कर दिया गया। वर्तमान में अजय पाठक के नेतृत्व में एसआईटी जांच कर रही है, जो अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed