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हाथरस : शिक्षक भर्ती के मामले में आरक्षण के नियमों का सही से हो अनुपालन
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
आजाद समाज पार्टी ने राष्ट्रपति को प्रेषित एक ज्ञापन शुक्रवार को ओसी कलेक्ट्रेट को दिया। इसमें 69 हजार शिक्षक भर्ती मामले में आरक्षण के नियमों का सही से अनुपालन कराने की मांग की गई है।
ज्ञापन में कहा गया है कि सहायक अध्यापकों के कुल 69 हजार पदों पर भर्ती की अधिसूचना के लिए एक फरवरी 2018 को विज्ञापन प्रकाशित किया गया था। इसमें लिखित परीक्षा 6 जनवरी 2019 को कराई गई। इस भर्ती में आरक्षण के नियमों की काफी अवहेलना की गई है। ओबीसी वर्ग को 27 फीसदी आरक्षण की जगह मात्र 3.86 प्रतिशत आरक्षण मिला है। इसी तरह अनुसूचित जाति को 21 फीसदी की जगह 16 प्रतिशत आरक्षण मिला है। अनारक्षित वर्ग की लगभग 15 हजार अनारक्षित सीटों को एमआरसी प्रक्रिया द्वारा रोका जा रहा है।
ज्ञापन में कहा गया है कि इस सिलसिले में राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग द्वारा संज्ञान लेते हुए यूपी के सभी 75 जिलों से प्रमुख शिक्षा अधिकारियों को बुलाकर अंतरिम रिपोर्ट तैयार की। इसमें आरक्षण नियमों में धांधली का खुलासा हुआ। आयोग ने सरकार को अपना पक्ष रखने को कहा, लेकिन फिर भी सरकार ने एक माह बीतने के बाद भी कोई जवाब नहीं दिया। ज्ञापन में कहा गया है कि आरक्षण घोटाले को देखकर 55 अभ्यर्थियों ने राज्यपाल से इच्छामृत्यु की मांग की है। यह काफी पीड़ादायक है।
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ज्ञापन में राष्ट्रपति से मांग की है कि वह इस मामले में आरक्षण के नियमों का सही से अनुपालन कराएं। ज्ञापन देने वालों में भीम आर्मी के मंडल अध्यक्ष प्रकाश चंद गौतम, आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष अजय कुमार सागर, हर्षित, सचिन, कपिल भारती, उम्मेद हसन, शिवम कुमार आदि मौजूद थे।
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आजाद समाज पार्टी ने राष्ट्रपति को प्रेषित एक ज्ञापन शुक्रवार को ओसी कलेक्ट्रेट को दिया। इसमें 69 हजार शिक्षक भर्ती मामले में आरक्षण के नियमों का सही से अनुपालन कराने की मांग की गई है।
ज्ञापन में कहा गया है कि सहायक अध्यापकों के कुल 69 हजार पदों पर भर्ती की अधिसूचना के लिए एक फरवरी 2018 को विज्ञापन प्रकाशित किया गया था। इसमें लिखित परीक्षा 6 जनवरी 2019 को कराई गई। इस भर्ती में आरक्षण के नियमों की काफी अवहेलना की गई है। ओबीसी वर्ग को 27 फीसदी आरक्षण की जगह मात्र 3.86 प्रतिशत आरक्षण मिला है। इसी तरह अनुसूचित जाति को 21 फीसदी की जगह 16 प्रतिशत आरक्षण मिला है। अनारक्षित वर्ग की लगभग 15 हजार अनारक्षित सीटों को एमआरसी प्रक्रिया द्वारा रोका जा रहा है।
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ज्ञापन में कहा गया है कि इस सिलसिले में राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग द्वारा संज्ञान लेते हुए यूपी के सभी 75 जिलों से प्रमुख शिक्षा अधिकारियों को बुलाकर अंतरिम रिपोर्ट तैयार की। इसमें आरक्षण नियमों में धांधली का खुलासा हुआ। आयोग ने सरकार को अपना पक्ष रखने को कहा, लेकिन फिर भी सरकार ने एक माह बीतने के बाद भी कोई जवाब नहीं दिया। ज्ञापन में कहा गया है कि आरक्षण घोटाले को देखकर 55 अभ्यर्थियों ने राज्यपाल से इच्छामृत्यु की मांग की है। यह काफी पीड़ादायक है।
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ज्ञापन में राष्ट्रपति से मांग की है कि वह इस मामले में आरक्षण के नियमों का सही से अनुपालन कराएं। ज्ञापन देने वालों में भीम आर्मी के मंडल अध्यक्ष प्रकाश चंद गौतम, आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष अजय कुमार सागर, हर्षित, सचिन, कपिल भारती, उम्मेद हसन, शिवम कुमार आदि मौजूद थे।