फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hathras News ›   Hathras: Demand for release of innocent women and children jailed in Bikru case

हाथरस : बिकरू कांड में जेल में बंद निर्दोष महिलाओं व बच्चों की रिहाई की मांग

Sat, 12 Jun 2021 12:19 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 12 Jun 2021 12:19 AM IST
विज्ञापन
Hathras: Demand for release of innocent women and children jailed in Bikru case
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
विज्ञापन

आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया है कि बहुचर्चित बिकरू कांड में कुछ महिलाओं व बच्चों को पुलिस ने बिना वजह जेल में बंद कर रखा है। पार्टी ने इस संबंध में राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन प्रभारी अधिकारी (ओसी) कलेक्ट्रेट को सौंपा और निर्दोष महिलाओं व बच्चों को रिहा करने की मांग की।
पार्टी के जिलाध्यक्ष राजेंद्र सिंह राना की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर ओसी कलेक्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया है कि बिकरू कांड में खुशी दुबे, शांति दुबे, रेखा अग्निहोत्री व उसके ढाई साल के मासूम बेटे को नियम विरुद्ध तरीके से 10 महीने से जेल में बंद कर रखा गया है। खुशी दुबे पत्नी अमर दुबे, अमर दुबे की मां क्षमा दुबे, विकास दुबे की नौकरानी रेखा अग्निहोत्री, हीरू दुबे की मांग शांति दुबे कई माह से जेल में नियम विरुद्ध ढंग से बंद हैं। बिकरू कांड में अमर दुबे का एनकाउंटर हुआ था।
विज्ञापन

तीन दिन से पहले खुशी दुबे से उसकी शादी हुई थी। रिकॉर्ड में खुशी दुबे विरुद्ध पहले से कोई आपराधिक मामला दर्ज नही था और वह नाबालिग है। उसकी गिरफ्तारी के समय कानपुर के तत्कालीन एसएसपी ने कहा था कि खुशी दुबे निर्दोष है। उसे रिहा कर दिया जाएगा, लेकिन 10 महीने बाद भी उसे रिहा नहीं किया गया है। उसकी हालत भी गंभीर है। कई बार उसे बाराबंकी और लखनऊ के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

ज्ञापन में कहा गया है कि अमर दुबे की मां क्षमा दुबे भी जेल में बंद है। पुलिस-प्रशासन और सरकार यह बताने में नाकाम है कि वह आखिर किस जुर्म में जेल में बंद हैं। इसी तरह विकास की नौकरी रेखा अग्निहोत्री को भी जेल में बंद कर रखा है, जबकि वह तो केवल विकास के घर पर नौकरानी थी।

वह अपने छोटे-छोटे बच्चों के साथ जेल में बंद है। इसी प्रकार हीरू दुबे की मां शांति दुबे को भी पुलिस ने बिना किसी प्रमाण के जेल में बंद कर रखा है। हीरू दुबे तो इस कांड में अभियुक्त था, लेकिन उसकी मां का इस कांड से क्या लेना-देना है। ज्ञापन में कहा गया है कि इससे स्पष्ट है कि योगी सरकार प्रतिशोध की भावना से काम कर रही है। ज्ञापन में राज्यपाल से वह इस मामले में हस्तक्षेप कर इन महिलाओं व बच्चों को रिहा करवाने की मांग की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed