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बुक सेलर की दबंगई अभिभावक से अभद्रता
हाथरस/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 Apr 2016 11:42 PM IST
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हाथरस। बेटे के सिलेबस की किताबें दूसरों से ज्यादा कीमत पर दिए जाने का विरोध जब उसके पिता ने बुक सेलर से जताया तो बुक सेलर उखड़ गया। अभिभावक के साथ उसने जमकर अभद्रता की और उन्हें दुकान से उतार दिया। परेशान अभिभावक थाने पहुंचा और बुकसेलर की शिकायत की। थाने में पुलिस ने जब आरोपी को हड़काया तो वह गिड़गिड़ाने लगा और अपने किए पर माफी मांगने लगा।
मालिन गली निवासी आशीष वार्ष्णेय बेटे ईशान की पांचवी कक्षा की किताबें लेने चार अप्रैल को बुक सेलर की दुकान पर गए थे। उन्हें प्रिंट रेट से आठ फीसद कम पर किताबें दी गईं। किताबें लाने के बाद जब उन्हें यह पता चला कि ईशान के दोस्तों को किताबें प्रिंट रेट से 15 से 20 फीसदी कम दामों पर उसी बुकसेलर ने दी हैं तो उन्हें झटका लगा। वह किताबों का बिल लेकर दुकानदार के पास पहुंचे और रेट कम कर बाकी पैसे लौटाने को कहा। इस पर दुकानदार उखड़ गया और अभद्रता पर उतर आया। बाजार के लोग भी इकट्ठा हो गए, लेकिन आरोपी नहीं माना। दुकानदार की अभद्रता के शिकार आशीष वार्ष्णेय इसके बाद सदर कोतवाली पहुंचे और लिखित शिकायत दी। सदर कोतवाल ने आरोपी दुकानदार को बुलवा लिया। थाने आने पर पुलिस ने उससे पूछा कि जब वह बाकी ग्राहकों को ज्यादा छूट पर किताबें दे रहा है तो आशीष के साथ ठगी करने के पीछे उसका इरादा क्या था। माफी मांगने पर दुकानदार को पुलिस ने छोड़ दिया। आशीष ने बताया कि माफी मांगे जाने के बाद वह जब बाकी किताबें लेने दुकान पर गए तो आरोपी फिर उखड़ने लगा। जल्द ही वह उसके विरुद्ध सदर कोतवाली में मुकदमा पंजीकृत कराएंगे।
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मालिन गली निवासी आशीष वार्ष्णेय बेटे ईशान की पांचवी कक्षा की किताबें लेने चार अप्रैल को बुक सेलर की दुकान पर गए थे। उन्हें प्रिंट रेट से आठ फीसद कम पर किताबें दी गईं। किताबें लाने के बाद जब उन्हें यह पता चला कि ईशान के दोस्तों को किताबें प्रिंट रेट से 15 से 20 फीसदी कम दामों पर उसी बुकसेलर ने दी हैं तो उन्हें झटका लगा। वह किताबों का बिल लेकर दुकानदार के पास पहुंचे और रेट कम कर बाकी पैसे लौटाने को कहा। इस पर दुकानदार उखड़ गया और अभद्रता पर उतर आया। बाजार के लोग भी इकट्ठा हो गए, लेकिन आरोपी नहीं माना। दुकानदार की अभद्रता के शिकार आशीष वार्ष्णेय इसके बाद सदर कोतवाली पहुंचे और लिखित शिकायत दी। सदर कोतवाल ने आरोपी दुकानदार को बुलवा लिया। थाने आने पर पुलिस ने उससे पूछा कि जब वह बाकी ग्राहकों को ज्यादा छूट पर किताबें दे रहा है तो आशीष के साथ ठगी करने के पीछे उसका इरादा क्या था। माफी मांगने पर दुकानदार को पुलिस ने छोड़ दिया। आशीष ने बताया कि माफी मांगे जाने के बाद वह जब बाकी किताबें लेने दुकान पर गए तो आरोपी फिर उखड़ने लगा। जल्द ही वह उसके विरुद्ध सदर कोतवाली में मुकदमा पंजीकृत कराएंगे।
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