फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hathras News ›   Bahubali sleeping on the ground like a common prisoner in UP jail

Hathras News: बाहुबली भी जेल में आम कैदी की तरह जमीन पर सो रहे, बोले कारागार मंत्री प्रजापति

Sun, 02 Apr 2023 10:41 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस
अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस Published by: चमन शर्मा Updated Sun, 02 Apr 2023 10:41 PM IST
सार

कारागार मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने कहा कि पहली बार अतीक अहमद के खिलाफ प्रयागराज में नारे लगे हैं। चाहे कोई बाहुबली हो या पेशेवर अपराधी, उसे कानून व्यवस्था का अहसास कराया गया है। 

विज्ञापन
Bahubali sleeping on the ground like a common prisoner in UP jail
कारागार एवं होमगार्ड राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मवीर प्रजापति - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

हाथरस में प्रदेश के कारागार एवं होमगार्ड राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मवीर प्रजापति ने कहा कि अब बाहुबली भी आम कैदी की तरह जेल में रह रहे हैं और जमीन पर सो रहे हैं। यह मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में हुआ है। पहली बार अतीक अहमद के खिलाफ प्रयागराज में नारे लगे हैं। उन्होंने कहा कि चाहे कोई बाहुबली हो या पेशेवर अपराधी, उसे कानून व्यवस्था का अहसास कराया गया है। राहुल गांधी की संसद सदस्यता समाप्त किए जाने के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि न्यायालय का निर्णय को सबको मानना चाहिए। 

विज्ञापन


वह चंदपा क्षेत्र के गांव चुरसैन में अमर उजाला जुनून खेल का कार्यक्रम के तहत आयोजित दंगल का उद्घाटन करने आए थे। इस दौरान वह अमर उजाला से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने अपने विभाग व प्रदेश सरकार की उपलब्धियां बताते हुए कहा कि प्रदेश में जिन कारागारों में जिन महिलाओं के साथ बच्चे हैं, उनके लिए 55 जेलों में शिक्षक नियुक्त किए गए हैं। बच्चों के लिए चिल्ड्रेन पार्क बनवाए हैं। जेल मैनुअल जो बहुत पुराने समय का था, उसमें बदलाव किए गए हैं। कारागार मंत्री ने कहा कि वह कैदियों के साथ संवाद करते हैं। 
विज्ञापन


अब तक 45 जिलों में संवाद कर चुके हैं। कैदियों में 80 प्रतिशत 40 वर्ष का युवा जेल में है। उनके साथ संवाद करके उन्हें यह अहसास कराया जाता है कि आप के जेल में आने के बाद आपका परिवार किस परिस्थिति से गुजरता है। जब इन युवा कैदियों को यह अहसास कराया जाता है, तब वह संकल्प लेते हैं कि जेल से बाहर जाने के बाद दोबारा कोई गलती नहीं करेंगे और जेल में नहीं आएंगे। सुधारात्मक और मानवीय दृष्टि से काम किया जा रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि पहले आजीवन कारावास की सजा में पहले सजा पूरी करनी होती थी और फिर 60 साल की बंदिश पूरी करनी होती थी। अब वह खत्म हुई है। उन्होंने कहा कि हाथरस जिले में जल्द ही कारागार का निर्माण होगा। इसकी प्रक्रिया लगभग पूरी हो गई है। इस मौके पर जितेंद्र प्रधान, अशोक गोला, मुश्ताक, कन्हैया सेठ, अरविंद दिवाकर, इब्राहिम आदि मौजूद थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed