{"_id":"5fdced618ebc3e3b6175c1d4","slug":"report-against-8-people-hardoi-news-knp600734547","type":"story","status":"publish","title_hn":"आठ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज, भेजे गए जेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आठ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज, भेजे गए जेल
विज्ञापन
हरदोई। एआरटीओ दफ्तर के सामने स्थित दुकानों से आवेदकों के अभिलेख व मोहर मिलने के बाद हिरासत में लिए गए आरोपियों से पुलिस ने शुक्रवार को पूछताछ की। सभी ने दलाली की बात स्वीकार की है। मामले में आठ लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।
एसडीएम सदर लक्ष्मी एन व सीओ सिटी विकास जायसवाल की अगुवाई में गुरुवार को टीम ने एआरटीओ दफ्तर के सामने संचालित दुकानों पर छापा मारा था। इस दौरान दुकानों से ड्राइविंग लाइसेंस व वाहन ट्रांसफर कराए जाने के आवेदनों समेत कई मोहरें बरामद हुईं थीं। टीम ने इन्हें जब्त कर दुकानों को सील करा मौके से आठ लोगों को हिरासत में लिया था।
तहसीलदार रामवीर सिंह, एआरटीओ प्रवर्तन दयाशंकर, आरआई विकास यादव व लेखपालों ने देर रात तक बरामद अभिलेखों की पड़ताल की। इनमें भारी संख्या में ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन ट्रांसफर के ऑनलाइन आवेदन की प्रतियां व मोहरें निकलीं। पूछताछ में आरोपियों ने भी दलाली व फर्जीवाड़े की बात स्वीकार की है। हिरासत में लिए गए लोगों ने बताया कि जल्दी काम कराने के नाम पर वह आवेदकों से धन उगाही करते थे।
विज्ञापन
जांच पूरी होने के बाद शुक्रवार को तहसीलदार रामवीर सिंह व अन्य अधिकारियों ने कोतवाली पहुंच तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मधुर सिंह निवासी मोमिनाबाद कोतवाली शहर, सूर्य प्रताप सिंह निवासी महसोनामऊ बिलग्राम, कामरान अहमद निवासी चीरपुरवा कोतवाली शहर, जागेश्वर प्रसाद निवासी कोर्रिया कोतवाली देहात, आशुतोष कुमार, सोहन पाल व शिवम आदि के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। कोतवाल जगदीश यादव ने बताया कि हिरासत में लिए गए आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी करने व फर्जी मोहर आदि रखने के आरोप में कार्रवाई की गई है। आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
विज्ञापन
एसडीएम सदर लक्ष्मी एन व सीओ सिटी विकास जायसवाल की अगुवाई में गुरुवार को टीम ने एआरटीओ दफ्तर के सामने संचालित दुकानों पर छापा मारा था। इस दौरान दुकानों से ड्राइविंग लाइसेंस व वाहन ट्रांसफर कराए जाने के आवेदनों समेत कई मोहरें बरामद हुईं थीं। टीम ने इन्हें जब्त कर दुकानों को सील करा मौके से आठ लोगों को हिरासत में लिया था।
विज्ञापन
तहसीलदार रामवीर सिंह, एआरटीओ प्रवर्तन दयाशंकर, आरआई विकास यादव व लेखपालों ने देर रात तक बरामद अभिलेखों की पड़ताल की। इनमें भारी संख्या में ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन ट्रांसफर के ऑनलाइन आवेदन की प्रतियां व मोहरें निकलीं। पूछताछ में आरोपियों ने भी दलाली व फर्जीवाड़े की बात स्वीकार की है। हिरासत में लिए गए लोगों ने बताया कि जल्दी काम कराने के नाम पर वह आवेदकों से धन उगाही करते थे।
विज्ञापन
जांच पूरी होने के बाद शुक्रवार को तहसीलदार रामवीर सिंह व अन्य अधिकारियों ने कोतवाली पहुंच तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मधुर सिंह निवासी मोमिनाबाद कोतवाली शहर, सूर्य प्रताप सिंह निवासी महसोनामऊ बिलग्राम, कामरान अहमद निवासी चीरपुरवा कोतवाली शहर, जागेश्वर प्रसाद निवासी कोर्रिया कोतवाली देहात, आशुतोष कुमार, सोहन पाल व शिवम आदि के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। कोतवाल जगदीश यादव ने बताया कि हिरासत में लिए गए आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी करने व फर्जी मोहर आदि रखने के आरोप में कार्रवाई की गई है। आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।