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पुरानी पटरी पर दौड़ेगी ‘कस्तूरबा’ की गाड़ी
अमर उजाला ब्यूराो/हरदोई
Updated Sun, 24 Jul 2016 12:06 AM IST
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छात्राएं
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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हरदोई। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों के संचालन के लिए परियोजना की ओर से बजट जारी होने के बाद एक बार फिर शैक्षिक व शिक्षणेतर कर्मचारियों को निराशा ही हाथ लगी है। जिले में हैं 20 कस्तूरबा गांधी विद्यालय संचालित हैं। पुराने नियमों में ही फेरबदल करने के बाद नए सत्र के लिए बजट व निर्देश जारी कर दिए गए हैं। पिछले वर्ष की भांति ही इस बार भी खाद्य सामग्रियों और छात्राओं के पठन-पाठन वाली सामग्रियों पर ही जोर दिया गया है। छात्राओं को साइकिल चलवाना व समय समय पर दिए जाने वाले प्रशिक्षणों को भी अनिवार्य किया गया है।
जारी बजट में रख रखाव प्रति बालिका प्रति माह 15 सौ रुपये के हिसाब से एक कस्तूरबा स्कूल में एक साल का 18 लाख रुपये जारी किया गया है। इसके अलावा स्टाइपेंड की राशि प्रति बालिका को 100 रुपये दी जाएगी। एक लाख 20 हजार की राशि अवमुक्त की गई है। इसी तरह हॉस्टल के रखरखाव के लिए प्रति बालिका 750 रुपये वार्षिक, दैनिक उपभोग की सामग्रियों के लिए प्रति बालिका 750 रुपये वािर्षक, वार्डेन, शैक्षणिक एवं शिक्षणेतर स्टाफ का दक्षता संवर्द्धन पांच सौ रुपये वार्षिक प्रति बालिका अनुमन्य किया गया है। भेजे गए पत्र में अनुमन्य धनराशि का 50 फीसदी बजट विद्यालयों के खातों में भी भेज दिया गया है। राज्य परियोजना निदेशक जीएस प्रियदर्शी की ओर से जारी निर्देशों को समस्त जिला बेसिक शिक्षाधिकारियों को भेज दिए गए हैं।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मसीहुज्जमा सिद्दीकी ने बताया कि परियोजना से प्राप्त हुए निर्देशों को समस्त विद्यालयों में भिजवाकर उनका अक्षरश अनुपालन करवाया जाएगा।
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जारी बजट में रख रखाव प्रति बालिका प्रति माह 15 सौ रुपये के हिसाब से एक कस्तूरबा स्कूल में एक साल का 18 लाख रुपये जारी किया गया है। इसके अलावा स्टाइपेंड की राशि प्रति बालिका को 100 रुपये दी जाएगी। एक लाख 20 हजार की राशि अवमुक्त की गई है। इसी तरह हॉस्टल के रखरखाव के लिए प्रति बालिका 750 रुपये वार्षिक, दैनिक उपभोग की सामग्रियों के लिए प्रति बालिका 750 रुपये वािर्षक, वार्डेन, शैक्षणिक एवं शिक्षणेतर स्टाफ का दक्षता संवर्द्धन पांच सौ रुपये वार्षिक प्रति बालिका अनुमन्य किया गया है। भेजे गए पत्र में अनुमन्य धनराशि का 50 फीसदी बजट विद्यालयों के खातों में भी भेज दिया गया है। राज्य परियोजना निदेशक जीएस प्रियदर्शी की ओर से जारी निर्देशों को समस्त जिला बेसिक शिक्षाधिकारियों को भेज दिए गए हैं।
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जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मसीहुज्जमा सिद्दीकी ने बताया कि परियोजना से प्राप्त हुए निर्देशों को समस्त विद्यालयों में भिजवाकर उनका अक्षरश अनुपालन करवाया जाएगा।
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