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फुकहा में बुखार ने दो की जिंदगी निगली, 14 चपेट में
Updated Fri, 08 Sep 2017 12:19 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हरदोई। बुखार ने दो और की जिंदगी निगल ली। फुकहा निवासी युवक व अधेड़ को पिछले कई दिनों से बुखार आ रहा था। बुधवार रात दोनों की मौत हो गई। इसके अलावा गांव के अलग-अलग परिवारों के 14 व्यक्ति बुखार की चपेट में हैं।
टड़ियावां थाना क्षेत्र के फुकहा गांव निवासी दीना के बेटे ललित (30) को पिछले छह दिन से बुखार आ रहा था। परिजन गांव के झोलाछाप से उसका इलाज करा रहे थे। हालत में सुधार नहीं होने पर मंगलवार को परिजनों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया था।
जहां पर हालत गंभीर होने पर बुधवार को डॉक्टर ने लखनऊ रेफर कर दिया। परिजनों के अनुसार, रुपयों की व्यवस्था करने के लिए ललित को घर लिए गए थे। जहां पर देर रात घर पर उसकी मौत हो गई।
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परिजनों ने बगैर पोस्टमार्टम कराए गुरुवार को उसका अंतिम संस्कार कर दिया। इसी गांव के निवासी पट्टे (50) पुत्र भारत को पिछले एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। परिजन गांव में झोलाछाप से उसका इलाज करा रहे थे।
बुधवार रात हालत गंभीर होने पर परिजनों ने उसे टड़ियावां के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पर देर रात उसने दम तोड़ दिया। इसके अलावा गांव निवासी मदन (50), प्रांशी (10), प्रिया (10), कलावती (50), सारिका (9), जयमोहनी (45), बृजेंद्र (50), अमरपाल (15), खुशबू (10), रामबती (45), रिंकू (12), लखवीर (30), मदनपाल, राम नरायन (35), रामबती (32) बुखार की चपेट में हैं।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. मनु शर्मा ने बताया कि मामला संज्ञान में अभी तक नहीं था। वह जानकारी कर वह चिकित्सीय राहत उपलब्ध कराएंगे।
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हरदोई। बुखार ने दो और की जिंदगी निगल ली। फुकहा निवासी युवक व अधेड़ को पिछले कई दिनों से बुखार आ रहा था। बुधवार रात दोनों की मौत हो गई। इसके अलावा गांव के अलग-अलग परिवारों के 14 व्यक्ति बुखार की चपेट में हैं।
टड़ियावां थाना क्षेत्र के फुकहा गांव निवासी दीना के बेटे ललित (30) को पिछले छह दिन से बुखार आ रहा था। परिजन गांव के झोलाछाप से उसका इलाज करा रहे थे। हालत में सुधार नहीं होने पर मंगलवार को परिजनों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया था।
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जहां पर हालत गंभीर होने पर बुधवार को डॉक्टर ने लखनऊ रेफर कर दिया। परिजनों के अनुसार, रुपयों की व्यवस्था करने के लिए ललित को घर लिए गए थे। जहां पर देर रात घर पर उसकी मौत हो गई।
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परिजनों ने बगैर पोस्टमार्टम कराए गुरुवार को उसका अंतिम संस्कार कर दिया। इसी गांव के निवासी पट्टे (50) पुत्र भारत को पिछले एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। परिजन गांव में झोलाछाप से उसका इलाज करा रहे थे।
बुधवार रात हालत गंभीर होने पर परिजनों ने उसे टड़ियावां के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पर देर रात उसने दम तोड़ दिया। इसके अलावा गांव निवासी मदन (50), प्रांशी (10), प्रिया (10), कलावती (50), सारिका (9), जयमोहनी (45), बृजेंद्र (50), अमरपाल (15), खुशबू (10), रामबती (45), रिंकू (12), लखवीर (30), मदनपाल, राम नरायन (35), रामबती (32) बुखार की चपेट में हैं।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. मनु शर्मा ने बताया कि मामला संज्ञान में अभी तक नहीं था। वह जानकारी कर वह चिकित्सीय राहत उपलब्ध कराएंगे।