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बच्चों के सीखने की क्षमता का होगा मूल्यांकन, परीक्षा के लिए 3005 केंद्र बनाए गए
Wed, 06 Nov 2019 06:09 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Wed, 06 Nov 2019 06:09 AM IST
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- फोटो : pexels.com
बोर्ड परीक्षा के तर्ज पर जिले में पहली बार परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों के सीखने की क्षमता (लर्निंग आउटकम) का मूल्यांकन किया जाएगा। कक्षा पांच से आठ के बच्चों के लिए के आयोजित होने वाली परीक्षा के लिए 3005 केंद्र बनाए गए हैं। इसमें 1 लाख 2259 बच्चे शामिल होंगे। आठ नवंबर को सुुबह 10:30 से 12:30 बजे तक परीक्षा का आयोजन होगा।
इसके परिणाम के जरिए जांचा जाएगा कि शैक्षिक गुणवत्ता को लेकर चलाई गई अब तक की योजनाओं का क्या लाभ हुआ। परीक्षा के दिन बेसिक शिक्षा विभाग के सभी अधिकारी पर्यवेक्षक के तौर पर तैनात रहेंगे। बीएसए बीएन सिंह बताया कि परीक्षा के लिए प्रत्येक विद्यालय में नोडल अधिकारी और न्याय पंचायत प्रभारी नियुक्त किए जा रहे हैं।
प्रत्येक विद्यालय में दूसरे विद्यालय के शिक्षक पर्यवेक्षक के रूप में तैनात रहेंगे। जो कापियां सील कर बीआरसी तक पहुंचाएंगे। वहीं ग्राम पंचायत से लेकर जिला स्तर तक के अधिकारी पर्यवेक्षक के रूप में मौजूद रहेंगे। बताया कि इस परीक्षा के परिणाम को देखकर ही शासन और निदेशालय द्वारा भविष्य की योजनाएं तैयार की जाएंगी।
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इसके परिणाम के जरिए जांचा जाएगा कि शैक्षिक गुणवत्ता को लेकर चलाई गई अब तक की योजनाओं का क्या लाभ हुआ। परीक्षा के दिन बेसिक शिक्षा विभाग के सभी अधिकारी पर्यवेक्षक के तौर पर तैनात रहेंगे। बीएसए बीएन सिंह बताया कि परीक्षा के लिए प्रत्येक विद्यालय में नोडल अधिकारी और न्याय पंचायत प्रभारी नियुक्त किए जा रहे हैं।
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प्रत्येक विद्यालय में दूसरे विद्यालय के शिक्षक पर्यवेक्षक के रूप में तैनात रहेंगे। जो कापियां सील कर बीआरसी तक पहुंचाएंगे। वहीं ग्राम पंचायत से लेकर जिला स्तर तक के अधिकारी पर्यवेक्षक के रूप में मौजूद रहेंगे। बताया कि इस परीक्षा के परिणाम को देखकर ही शासन और निदेशालय द्वारा भविष्य की योजनाएं तैयार की जाएंगी।
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