फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   rajkumar makes picture on rice

राजकुमार के पास छोटी चित्रकारी का अनूठा संसार

Tue, 19 Jan 2016 02:05 AM IST
गोरखपुर। अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। अमर उजाला ब्यूरो Updated Tue, 19 Jan 2016 02:05 AM IST
विज्ञापन
एक सेंटीमीटर (64 मिलीमीटर) से भी कम आकार के 25 पेजों वाली पुस्तक में 12 विश्व प्रसिद्ध चित्रकारों के पोर्ट्रेट के साथ उनका परिचय। एक सेंटीमीटर आकार की पुस्तक में सचित्र हनुमान चालीसा। चावल के एक दाने पर 550 अक्षर। तिल के एक दाने पर 155 अक्षर। रामदाने पर भगवान बुद्ध की आकृति। राजकुमार वर्मा ने माइक्रो पेंटिंग का एक पूरा संसार गढ़ा है। उनका यह अनूठा संसार विश्व प्रसिद्ध लोगों के पोर्ट्रेट बनाने से शुरू हुआ। कई मुकाम हासिल करने के साथ छोटे आकार की पुस्तकों को लिखने पर जाकर खत्म हुआ।
विज्ञापन


बसंतपुर, हांसूपुर के राजकुमार वर्मा का पेंटिंग का शौक तो बचपन से था, लेकिन माइक्रो पेंटिंग बनाने का सिलसिला 1975 से शुरू हुआ। शुरुआत में उन्होंने विश्व प्रसिद्ध लोगों की पोर्ट्रेट बनाई, लेकिन धीरे-धीरे उनका झुकाव चावल के दानों पर पेंटिंग बनाने की होने लगा। चावल के दानों पर पेंटिंग की शौक से उन्हें हस्तकला के क्षेत्र में काफी प्रसिद्धि मिलने लगी।
विज्ञापन


इस शौक ने उन्हें न सिर्फ हस्तशिल्प राज्य पुरस्कार बल्कि यश भारती सम्मान भी हासिल हुआ है। अभी हाल ही में उन्होंने दाल के दाने पर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की तस्वीर भी बनाई है। आज कल राजकुमार वर्मा की पेंटिंग गांधी शिल्प बाजार में आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। उन्होंने बताया कि उन्हें हस्तशिल्प के क्षेत्र में 1992 में राज्य पुरस्कार और 2014 में यश भारती सम्मान भी मिल चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन


अरबी भाषा में ‘दरुद शरीफ’ भी लिखी
गोरखपुर। राजकुमार न सिर्फ हिंदी और अंग्रेजी बल्कि अरबी भाषा में मजबूत पकड़ रखते हैं। उन्होंने डेढ़ सेंटीमीटर आकार में अरबी भाषा में दरुद शरीफ लिखी है। इस छोटी मुस्लिम ग्रंथ में उन्होंने अरबी लिपि का हिंदी अनुवाद भी लिखा है। इसके साथ ही उन्होंने मुगल बादशाहों बाबर, हुमायूं, अकबर, जहांगीर, शाहजहां, औरंगजेब और बहादुर शाह जफर का चित्र बनाने के साथ उनका संक्षिप्त परिचय भी लिखा है।


लुभाती हैं उनकी अन्य कलाकृतियां
‘वंदे मातरम’ (550 चावल के दानों पर चार भाषाओं में), 1/4 सेंटीमीटर रबर क्रिस्टल पर सात मुगल बादशाहों का रंगीन चित्रण, डाक टिकट साइज में पेंटिंग ‘राम दरबार’, ‘गौतम बुद्ध’, ‘ताजमहल’, ‘कृष्ण सुदामा मिलन’, ‘श्री विघ्नेश्वर’, ‘योद्धा श्री कृष्ण (चावल पर भगवान कृष्ण के 108 नामों के साथ)’, विजिटिंग कार्ड के एक तरफ 15 हजार अक्षर, चावल पर ‘भगवान विष्णु’ का चतुर्भुज रूप।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed