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फोरलेन के लिए 22 हेक्टेयर जमीन होगी अधिग्रहित
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
Updated Thu, 21 Apr 2016 07:32 PM IST
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एम्स
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गोरखपुर। एम्स के मसले में 25 अप्रैल को प्रमुख सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य अनूप चंद्र पांडेय द्वारा बुलाई गई बैठक को लेकर जिले में तैयारियां तेज हो गई हैं। खुटहन में जमीन का निरीक्षण करने के बाद डीएम ने बृहस्पतिवार को विभिन्न महकमों के अफसरों के साथ अपने कैंप ऑफिस में बैठक क ी।
डेढ़ घंटे तक चली इस बैठक में डीएम ने संबंधित महकमों को एम्स से जुड़ी जिम्मेदारी बताने के अलावा क ई निर्देश दिए। लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन के मुताबिक एम्स तक जाने वाले करीब आठ किलोमीटर लंबे फोरलेन के लिए 22 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण करना होगा। इसके निर्माण में करीब 192 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
डीएम ने एसडीएम और तहसीलदार को फोरलेन पर पड़ने वाली जमीन की पूरी रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया। एसओसी एवं सीओ चकबंदी को एम्स एवं फोरलेन के बीच पड़ने वाले गांवों में चकबंदी प्रक्रिया जल्द पूरी कर लेने को कहा। उन्होंने कहा कि इसकी नियमित मानीटरिंग हो ताकि किसी भी स्तर पर कोई लापरवाही न कर सके।
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बैठक में बिजली विभाग के मुख्य अभियंता डीके सिंह ने सुझाया कि एम्स के लिए खुटहन में प्रस्तावित जमीन से छह किलोमीटर के दायरे में भटहट के पास 132 केबीए का सब स्टेशन है। इसी से एम्स को बिजली मिल जाएगी। यही नहीं, निर्माण के समय महकमा खुटहन में बिजली की अस्थाई व्यवस्था भी कर सकता है। माना जा रहा है कि लखनऊ में होने वाली प्रमुख सचिव चिकित्सा शिक्षा की बैठक के बाद एम्स को लेकर जमीनी स्तर पर भी कवायद दिखने लगेगी।
डेढ़ घंटे तक चली इस बैठक में डीएम ने संबंधित महकमों को एम्स से जुड़ी जिम्मेदारी बताने के अलावा क ई निर्देश दिए। लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन के मुताबिक एम्स तक जाने वाले करीब आठ किलोमीटर लंबे फोरलेन के लिए 22 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण करना होगा। इसके निर्माण में करीब 192 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
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डीएम ने एसडीएम और तहसीलदार को फोरलेन पर पड़ने वाली जमीन की पूरी रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया। एसओसी एवं सीओ चकबंदी को एम्स एवं फोरलेन के बीच पड़ने वाले गांवों में चकबंदी प्रक्रिया जल्द पूरी कर लेने को कहा। उन्होंने कहा कि इसकी नियमित मानीटरिंग हो ताकि किसी भी स्तर पर कोई लापरवाही न कर सके।
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बैठक में बिजली विभाग के मुख्य अभियंता डीके सिंह ने सुझाया कि एम्स के लिए खुटहन में प्रस्तावित जमीन से छह किलोमीटर के दायरे में भटहट के पास 132 केबीए का सब स्टेशन है। इसी से एम्स को बिजली मिल जाएगी। यही नहीं, निर्माण के समय महकमा खुटहन में बिजली की अस्थाई व्यवस्था भी कर सकता है। माना जा रहा है कि लखनऊ में होने वाली प्रमुख सचिव चिकित्सा शिक्षा की बैठक के बाद एम्स को लेकर जमीनी स्तर पर भी कवायद दिखने लगेगी।