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36 घंटे बाद बिजली आपूर्ति पटरी पर आई
Gorakhpur
Updated Mon, 20 Oct 2014 05:30 AM IST
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गोरखपुर। तेज हवा और बारिश से मंगलवार को बिगड़ी बिजली व्यवस्था पटरी पर लाने में बिजली महकमा बुधवार को भी जूझता रहा। आलम यह रहा कि खोराबार उपकेंद्र पर दोपहर को बिजली चालू हो सकी। इसके अलावा अन्य उपकेंद्रों के कई फीडर की बिजली पूरी रात गुल रही। मंगलवार को ध्वस्त हुई बिजली व्यवस्था रात तक शुरू करने का दावा करने वाला बिजली महकमा बुधवार सुबह तक शहर की बिजली आपूर्ति पटरी पर न ला सका। उपभोक्ताओं की दुश्वारियों के बीच 36 घंटे बाद शहर की बिजली सामान्य हो सकी।
मंगलवार रात में खोराबार को छोड़कर अन्य उपकेंद्रों में 33 केवीए लाइन की सप्लाई तो चालू कर दी गई, लेकिन शहर के अधिकांश फीडर बंद रहे। इसके चलते बुधवार दिन भर शहर के लोगों ने दिक्कत झेली। जगह-जगह टूटे पोल और जंफर ठीक करने का काम पूरे दिन चलता रहा। रसूलपुर में भोर में ही टूटा पोल वेल्डिंग किया जा चुका था, लेकिन तार ठीक करने में सुबह के नौ बजे गए। बरगदवा में गिरा पोल ठीक करने में पूरा दिन लग गया। शाम छह बजे आपूर्ति चालू हो सकी। बशारतपुर में भी यही हाल रहा। रानीडिहा मोहल्ले में पूरी रात बिजली नहीं आई। रुस्तमपुर, राप्तीनगर, कृष्णानगर, जंगलधूषण, विकासनगर आदि इलाकों में पोल टूटने या तार गिरने के चलते पूरी रात बत्ती गुल रही। विकासनगर में फॉल्ट ठीक करने के लिए 33 केवीए लाइन का शटडाउन लिया गया। इससे रात आठ बजे दुर्गाबाड़ी, सूरजकुंड और विकासनगर की बिजली कट गई। सवा घंटे बाद सप्लाई चालू हो पाई। नार्मल उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में फॉल्ट ठीक करने के लिए दिन भर शटडाउन लेने का सिलसिला चला। अन्य उपकेंद्रों का भी यही हाल रहा। खोराबार उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में सबसे ज्यादा दिक्कत रही। यहां बिजली 11 बजे चालू हुई। लेकिन कई फीडर ब्रेकडाउन में रहे। मरम्मत के बाद शाम चार बजे जाकर यहां की बिजली सही हो सकी। शाहपुर का खरहिया पोखरा फीडर 9.30 बजे सुबह तक फॉल्ट में रहा। तारामंडल के जीडीए पूर्वी में ट्रांसफॉर्मर में खराबी आ जाने से दोपहर को दो घंटे बिजली बंद रही।
कई इलाकों में पानी की संकट रहा
रुस्तमपुर, खोराबार, बरगदवा, बशारतपुर, रसूलपुर, कृष्णानगर, विकासनगर आदि क्षेत्रों के कई मोहल्लों में पूरी रात बिजली नहीं होने के चलते लोगों को पानी के लिए भी तरसना पड़ा। लोग बेसब्री से बिजली का इंतजार करते दिखे। ऐसे में लोगों को बाहर से पानी मंगाकर काम चलाना पड़ा।
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नगर निगम में गिरा एचटी लाइन का तार
रात भर बंद रहने के बाद नगर निगम की बिजली सुबह 11.30 पर चालू हुई। नगर निगम में कार्यकारिणी की बैठक होने वाली थी। बाहर भीड़ जमा थी। इसी बीच दोपहर साढ़े बारह बजे परिसर में एचटी लाइन का तार टूटकर गिर गया। गनीमत रही कि उस वक्त तार के नीचे कोई नहीं था। परिसर में गुजर रही लाइन के नीचे गार्डिंग भी नहीं की गई थी। इससे नगर निगम, जिला परिषद और महिला अस्पताल के पास के इलाकों की बिजली ठप हो गई। बाद में वैकल्पिक व्यवस्था करके यहां बिजली सप्लाई दी गई।
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मंगलवार रात में खोराबार को छोड़कर अन्य उपकेंद्रों में 33 केवीए लाइन की सप्लाई तो चालू कर दी गई, लेकिन शहर के अधिकांश फीडर बंद रहे। इसके चलते बुधवार दिन भर शहर के लोगों ने दिक्कत झेली। जगह-जगह टूटे पोल और जंफर ठीक करने का काम पूरे दिन चलता रहा। रसूलपुर में भोर में ही टूटा पोल वेल्डिंग किया जा चुका था, लेकिन तार ठीक करने में सुबह के नौ बजे गए। बरगदवा में गिरा पोल ठीक करने में पूरा दिन लग गया। शाम छह बजे आपूर्ति चालू हो सकी। बशारतपुर में भी यही हाल रहा। रानीडिहा मोहल्ले में पूरी रात बिजली नहीं आई। रुस्तमपुर, राप्तीनगर, कृष्णानगर, जंगलधूषण, विकासनगर आदि इलाकों में पोल टूटने या तार गिरने के चलते पूरी रात बत्ती गुल रही। विकासनगर में फॉल्ट ठीक करने के लिए 33 केवीए लाइन का शटडाउन लिया गया। इससे रात आठ बजे दुर्गाबाड़ी, सूरजकुंड और विकासनगर की बिजली कट गई। सवा घंटे बाद सप्लाई चालू हो पाई। नार्मल उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में फॉल्ट ठीक करने के लिए दिन भर शटडाउन लेने का सिलसिला चला। अन्य उपकेंद्रों का भी यही हाल रहा। खोराबार उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में सबसे ज्यादा दिक्कत रही। यहां बिजली 11 बजे चालू हुई। लेकिन कई फीडर ब्रेकडाउन में रहे। मरम्मत के बाद शाम चार बजे जाकर यहां की बिजली सही हो सकी। शाहपुर का खरहिया पोखरा फीडर 9.30 बजे सुबह तक फॉल्ट में रहा। तारामंडल के जीडीए पूर्वी में ट्रांसफॉर्मर में खराबी आ जाने से दोपहर को दो घंटे बिजली बंद रही।
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कई इलाकों में पानी की संकट रहा
रुस्तमपुर, खोराबार, बरगदवा, बशारतपुर, रसूलपुर, कृष्णानगर, विकासनगर आदि क्षेत्रों के कई मोहल्लों में पूरी रात बिजली नहीं होने के चलते लोगों को पानी के लिए भी तरसना पड़ा। लोग बेसब्री से बिजली का इंतजार करते दिखे। ऐसे में लोगों को बाहर से पानी मंगाकर काम चलाना पड़ा।
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नगर निगम में गिरा एचटी लाइन का तार
रात भर बंद रहने के बाद नगर निगम की बिजली सुबह 11.30 पर चालू हुई। नगर निगम में कार्यकारिणी की बैठक होने वाली थी। बाहर भीड़ जमा थी। इसी बीच दोपहर साढ़े बारह बजे परिसर में एचटी लाइन का तार टूटकर गिर गया। गनीमत रही कि उस वक्त तार के नीचे कोई नहीं था। परिसर में गुजर रही लाइन के नीचे गार्डिंग भी नहीं की गई थी। इससे नगर निगम, जिला परिषद और महिला अस्पताल के पास के इलाकों की बिजली ठप हो गई। बाद में वैकल्पिक व्यवस्था करके यहां बिजली सप्लाई दी गई।