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जिले के 504 गांव अभी नहीं हो सके खूले में शौच मुक्त
Updated Sat, 18 Aug 2018 12:36 AM IST
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504 गांव नहीं हो सके खुले में शौच मुक्त
44 दिन में बनाए जाने हैं 39,659 शौचालय
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। जिले के 504 गांवों को अब भी ओडीएफ नहीं किया जा सका है। ऐसे में 44 दिन में जिले में 39659 शौचालयों का निर्माण कराने के बाद ही जिले को खुले में शौच मुक्त किया जा सकता है।
प्रदेश सरकार की ओर से सभी जिले को 2 अक्टूबर 2018 तक ओडीएफ घोषित करने का निर्देश दिया गया है। शौचालय निर्माण की प्रगति देख ऐसा नहीं लगता है कि निर्धारित समय तक जिले के सभी गांवों को खुले में शौचमुक्त किया जा सकेगा। स्वच्छ भारत मिशन के तहत 2 अक्टूबर 2014 में कुल 4 लाख 1,695 शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य जिले को दिया गया। इस लक्ष्य के सापेक्ष अब तक केवल 3 लाख 62 हजार 36 शौचालयों के निर्माण हो पाए हैं। यह स्थिति तब है जबकि ब्लॉक व ग्राम पंचायत स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित जा रहे हैं। जिले के 1193 गांवों में केवल 689 गांव को ही ओडीएफ किया जा सका है। बाकी बचे 504 गांवों को जल्द ओडीएफ घोषित करने का दावा किया जा रहा है।
सीडीओ राम सिंहासन प्रेम ने कहा कि जिले को जल्द ही ओडीएफ करने के लिए शौचालयों का निर्माण तेजी से कराया जा रहा है। खंड विकास अधिकारियों, एडीओ पंचायत और ग्राम सचिवों को शौचालयों के निर्माण कार्य जल्द पूरे कराने के निर्देश दिए गए हैं। ताकि जिले को खुले में शौच मुक्त किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को आगाह किया कि शौचालयों के निर्माण में लापरवाही होने पर कार्रवाई की जाएगी।
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44 दिन में बनाए जाने हैं 39,659 शौचालय
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। जिले के 504 गांवों को अब भी ओडीएफ नहीं किया जा सका है। ऐसे में 44 दिन में जिले में 39659 शौचालयों का निर्माण कराने के बाद ही जिले को खुले में शौच मुक्त किया जा सकता है।
प्रदेश सरकार की ओर से सभी जिले को 2 अक्टूबर 2018 तक ओडीएफ घोषित करने का निर्देश दिया गया है। शौचालय निर्माण की प्रगति देख ऐसा नहीं लगता है कि निर्धारित समय तक जिले के सभी गांवों को खुले में शौचमुक्त किया जा सकेगा। स्वच्छ भारत मिशन के तहत 2 अक्टूबर 2014 में कुल 4 लाख 1,695 शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य जिले को दिया गया। इस लक्ष्य के सापेक्ष अब तक केवल 3 लाख 62 हजार 36 शौचालयों के निर्माण हो पाए हैं। यह स्थिति तब है जबकि ब्लॉक व ग्राम पंचायत स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित जा रहे हैं। जिले के 1193 गांवों में केवल 689 गांव को ही ओडीएफ किया जा सका है। बाकी बचे 504 गांवों को जल्द ओडीएफ घोषित करने का दावा किया जा रहा है।
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सीडीओ राम सिंहासन प्रेम ने कहा कि जिले को जल्द ही ओडीएफ करने के लिए शौचालयों का निर्माण तेजी से कराया जा रहा है। खंड विकास अधिकारियों, एडीओ पंचायत और ग्राम सचिवों को शौचालयों के निर्माण कार्य जल्द पूरे कराने के निर्देश दिए गए हैं। ताकि जिले को खुले में शौच मुक्त किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को आगाह किया कि शौचालयों के निर्माण में लापरवाही होने पर कार्रवाई की जाएगी।
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