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करंट से बस ड्राइवर की मौत
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Sat, 17 Jun 2017 10:23 PM IST
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सड़क पर बैठकर प्रदर्शन करत मृतक के परिजन।
- फोटो : Amar Ujala
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रेलवे बस स्टैंड के वर्कशॉप में शनिवार को पानी के पंप में उतरे करंट की चपेट में आकर बस ड्राइवर सिधारी की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना पर पहुंचे घरवाले और रिश्तेदारों ने स्टैंड के सामने ही सड़क जाम कर दिया। घरवाले करंट उतरने की घटना को लापरवाही मानते हुए जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई, आर्थिक मदद और मृतक आश्रित में नौकरी की मांग करने लगे। मौके पर पहुंचे पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने नियमों का हवाला देकर हर संभव मदद का आश्वासन दिया। करीब एक घंटे तक लगे जाम से लोगों को काफी परेशानी हुई।
मऊ के मश्रौली निवासी सिधारी प्रसाद रोडवेज बस डिपो में कार्यरत थे। एक सप्ताह की छुट्टी के बाद वह शुक्रवार को ड्यूटी पर आए थे। तमकुही रोड पर बस ले जाने की ड्यूटी लगी थी लेकिन सवारी न मिलने के कारण बस नहीं भेजी गई। सिधारी वर्कशॉप में ही रुक गए। शनिवार सुबह करीब चार बजे ड्यूटी पर जाने की तैयारी में वह नहाने के लिए पानी का पंप चालू करने गए। स्वीच में करंट उतर गया था और उसकी चपेट में आकर सिधारी की मौके पर ही मौत हो गई। वहां मौजूद कर्मचारियों ने इसकी सूचना घरवालों और अधिकारियों को दी। मौके पर पहुंचे घरवालों ने शव सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। इस दौरान रेलवे स्टेशन की ओर जाने वाले लोगों को कार्मल स्कूल की ओर से घूमकर जाना पड़ा।
पहले भी हुई थी करंट आने की शिकायत
स्टाफ के ठहरने के लिए कमरे के पास ही पानी का पंप है। कर्मचारियों ने बताया कि पहले भी स्वीच में करंट उतर चुका है, जिसे सही कराने के लिए अधिकारियों से कहा गया था। लेकिन ठीक नहीं कराया गया और हादसा हो गया।
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स्टाफ के ठहरने की जगह नहीं
गोरखपुर। रोडवेज बस स्टैंड पर साथी की मौत से नाराज रोडवेजकर्मियों ने बताया कि डिपो पर रनिंग स्टाफ के आराम करने के लिए जगह नहीं है। वर्कशॉप में एक कमरा है, जिसकी हालत जर्जर है। आलमारी भी खुली रहती है। रिस्क पर ही वे हैंडहेल्ड मशीन रखते हैं।
प्रथमदृष्टया बस ड्राइवर की मौत की वजह करंट सामने आई है। मृतक के घरवालों को नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम खत्म कराया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद केस दर्ज किया जाएगा।
- विनय कुमार सिंह, एसपी सिटी
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मऊ के मश्रौली निवासी सिधारी प्रसाद रोडवेज बस डिपो में कार्यरत थे। एक सप्ताह की छुट्टी के बाद वह शुक्रवार को ड्यूटी पर आए थे। तमकुही रोड पर बस ले जाने की ड्यूटी लगी थी लेकिन सवारी न मिलने के कारण बस नहीं भेजी गई। सिधारी वर्कशॉप में ही रुक गए। शनिवार सुबह करीब चार बजे ड्यूटी पर जाने की तैयारी में वह नहाने के लिए पानी का पंप चालू करने गए। स्वीच में करंट उतर गया था और उसकी चपेट में आकर सिधारी की मौके पर ही मौत हो गई। वहां मौजूद कर्मचारियों ने इसकी सूचना घरवालों और अधिकारियों को दी। मौके पर पहुंचे घरवालों ने शव सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। इस दौरान रेलवे स्टेशन की ओर जाने वाले लोगों को कार्मल स्कूल की ओर से घूमकर जाना पड़ा।
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पहले भी हुई थी करंट आने की शिकायत
स्टाफ के ठहरने के लिए कमरे के पास ही पानी का पंप है। कर्मचारियों ने बताया कि पहले भी स्वीच में करंट उतर चुका है, जिसे सही कराने के लिए अधिकारियों से कहा गया था। लेकिन ठीक नहीं कराया गया और हादसा हो गया।
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स्टाफ के ठहरने की जगह नहीं
गोरखपुर। रोडवेज बस स्टैंड पर साथी की मौत से नाराज रोडवेजकर्मियों ने बताया कि डिपो पर रनिंग स्टाफ के आराम करने के लिए जगह नहीं है। वर्कशॉप में एक कमरा है, जिसकी हालत जर्जर है। आलमारी भी खुली रहती है। रिस्क पर ही वे हैंडहेल्ड मशीन रखते हैं।
प्रथमदृष्टया बस ड्राइवर की मौत की वजह करंट सामने आई है। मृतक के घरवालों को नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम खत्म कराया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद केस दर्ज किया जाएगा।
- विनय कुमार सिंह, एसपी सिटी