फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   यूपी में 14 से ज्यादा डेयरी उद्योग की शुरुआत जल्द: योगी

यूपी में 14 से ज्यादा डेयरी उद्योग की शुरुआत जल्द: योगी

Sun, 23 Jun 2019 12:33 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर। Published by: गोरखपुर ब्यूरो Updated Sun, 23 Jun 2019 12:33 AM IST
विज्ञापन
यूपी में 14 से ज्यादा डेयरी उद्योग की शुरुआत जल्द: योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
    विज्ञापन
  •  मुख्यमंत्री ने पिछली सपा सरकार पर दुग्ध उत्पादन को उजाड़ने का आरोप लगाया
  •  बोले, अब हर गांव में दुग्ध समिति बनेगी, किसानों से सीधे खरीदा जाएगा दूध
गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को पिछली सपा सरकार पर निशाना साधा और कहा कि दुग्ध उत्पादन को उजाड़ दिया गया था। अब इसे बढ़ावा दिया जा रहा है। जल्द ही यूपी में 14 से ज्यादा डेयरी उद्योग की शुरुआत होगी। हर गांव में दुग्ध समितियां बनेंगी। वास्तविक दाम पर दूध खरीदा जाएगा। इसका सीधा फायदा किसानों को मिलेगा।

सीआईआई और कृषि विभाग की तरफ से शनिवार को मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में इनोवेटिव फार्मर्स मीट का आयोजन किया गया। इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया। प्रगतिशील किसानों के बीच मुख्यमंत्री ने कहा कि 2022 तक किसानों की आय दोगुनी की जानी है। प्रगतिशील किसान खेती के साथ ही मुर्गी, मछली और बत्तख पालन करते हैं। पशुपालन, डेयरी उद्योग, बागवानी और सब्जी उत्पादन में अच्छा करते हैं।
विज्ञापन


यही नीति सामान्य किसानों को अपनानी होगी। सामान्य खेती से आय बढ़ानी मुश्किल होती है। मोदी सरकार ने अब सभी किसानों को सालाना छह हजार रुपये देने का फैसला किया है। इसका बड़ा लाभ यूपी के किसानों को मिलेगा। इससे खेती-किसानी काफी आसान हो जाएगी। किसानों की आय बढ़ाने में भी मदद मिलेगी। खेती-किसानी में अब तकनीक की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई है। स्वॉयल हेल्थ कार्ड का फायदा भी मिला है। यूपी में तीन लाख किसानों को स्वॉयल हेल्थ कार्ड दिया जा चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

40 लाख किसानों को रचनात्मक खेती की जानकारी

मुख्यमंत्री ने कहा कि यूपी सरकार ने किसानों के हित में कई कदम उठाए हैं। अब तक 40 लाख से ज्यादा किसानों को रचनात्मक खेती-किसानी की जानकारी दी जा चुकी है। सपा-बसपा की सरकारों में एक क्विंटल गेहूं का दाम बमुश्किल 900 रुपये मिलता था। भाजपा सरकार ने एक क्विंटल गेहूं का दाम 1860 रुपये करने का काम किया है। आजादी के बाद पहली बार गन्ना किसानों के 70 हजार करोड़ रुपये बकाए का भुगतान किया गया है।

चीनी मिलों में एथेनॉल बनाने, विद्युत उत्पादन की व्यवस्था

मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियां भी गिनाईं और कहा कि गोरखपुर की पिपराइच, बस्ती की मुंडेरवा चीनी मिलें शुरू हो गई हैं। गन्ना पेराई के साथ ही एथेनॉल बनाने और विद्युत उत्पादन का काम किया जा रहा है। बाणसागर परियोजना 1977-78 से लटकी थी। अब इसे पूरा कर लिया गया है। इस परियोजना की मदद से डेढ़ लाख हेक्टेयर भूमि की सिंचाई कराई जा रही है। सपा, बसपा सरकार ने इस परियोजना को भ्रष्टाचार का उदाहरण बनाया था।

सीएम ने तीन उन्नत किसानों को किया सम्मानित

एमएमएमटीयू में आयोजित इनोवेटिव फार्मर्स मीट में सीएम योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर-बस्ती मंडल के तीन उन्नत किसानों को सम्मानित किया। सीएम के हाथों सम्मानित होने वाले किसानों में कृषि अपशिष्ट से व्यापार करने वाले कमलेश पांडेय, कृषि से अधिक आय कमाने वाले किसान वीरेंद्र चौरसिया और नवीन कृषि तकनीकी का प्रयोग करने वाले किसान सत्यप्रकाश दुबे को सम्मानित किया। तीनों किसानों ने अपने अनुभवों को भी अन्य किसानों से साझा किया। कार्यक्रम में पद्मश्री रामशरण वर्मा और भारत भूषण त्यागी भी मौजूद रहे।

नोट:आपको हमारी यह स्टोरी कैसी लगी इस पर अपना फीडबैक नीचे बने कमेंट बॉक्स में जरूर दें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed