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हाईकोर्ट में पेश हुए गोरखपुर के आला अधिकारी
Updated Tue, 11 Jul 2017 09:45 PM IST
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इलाहाबाद हाईकोर्ट
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गोरखपुर। स्लाटर हाउस के निर्माण में कोताही बरतने पर गोरखपुर के डीएम समेत अन्य आला अधिकारी मंगलवार को हाईकोर्ट में पेश हुए। महाधिवक्ता की गुजारिश पर कोर्ट ने कमेटी को एक दिन का समय दिया है। 13 जुलाई को फिर मामले की सुनवाई होगी।
बिना अनुमति चल रहे स्लाटर हाउस को बंद करने के विरोध में मिर्जा दिलशाद बेग और अन्य ने हाईकोर्ट में अपील दायर की थी। साथ ही स्लाटर हाउस के लिए जमीन का स्थान भी सुझाया था, लेकिन नगर निगम इन स्थानों को फाइनल नहीं कर सका। जमीन चयन के लिए बनी कमेटी भी इसका हल नहीं ढूंढ सकी। इसके बाद हाईकोर्ट ने पूरी कमेटी को मंगलवार को तलब किया था। इसके बाद कमेटी के सदस्य डीएम, एसपी सिटी, नगर आयुक्त, मुख्य पशुपालन अधिकारी, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड अधिकारी कोर्ट में उपस्थित हुए, जबकि दो नामित सदस्य पीके लाहिड़ी और सिराज वजीह कोर्ट में मौजूद नहीं हो सके। वादी की ओर से सीनियर एडवोकेट वीएम जैदी और एमजे अख्तर ने पक्ष रखा। सरकार की ओर से महाधिवक्ता राघवेंद्र सिंह ने पक्ष रखा। महाधिवक्ता ने कोर्ट से अपना विस्तृत पक्ष रखने के लिए एक दिन का समय मांगा। एमजे अख्तर ने बताया कि सुनवाई के बाद कोर्ट ने एक दिन की मोहलत देते हुए 13 जुलाई फिर से सुनवाई के लिए तारीख तय की है।
बिना अनुमति चल रहे स्लाटर हाउस को बंद करने के विरोध में मिर्जा दिलशाद बेग और अन्य ने हाईकोर्ट में अपील दायर की थी। साथ ही स्लाटर हाउस के लिए जमीन का स्थान भी सुझाया था, लेकिन नगर निगम इन स्थानों को फाइनल नहीं कर सका। जमीन चयन के लिए बनी कमेटी भी इसका हल नहीं ढूंढ सकी। इसके बाद हाईकोर्ट ने पूरी कमेटी को मंगलवार को तलब किया था। इसके बाद कमेटी के सदस्य डीएम, एसपी सिटी, नगर आयुक्त, मुख्य पशुपालन अधिकारी, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड अधिकारी कोर्ट में उपस्थित हुए, जबकि दो नामित सदस्य पीके लाहिड़ी और सिराज वजीह कोर्ट में मौजूद नहीं हो सके। वादी की ओर से सीनियर एडवोकेट वीएम जैदी और एमजे अख्तर ने पक्ष रखा। सरकार की ओर से महाधिवक्ता राघवेंद्र सिंह ने पक्ष रखा। महाधिवक्ता ने कोर्ट से अपना विस्तृत पक्ष रखने के लिए एक दिन का समय मांगा। एमजे अख्तर ने बताया कि सुनवाई के बाद कोर्ट ने एक दिन की मोहलत देते हुए 13 जुलाई फिर से सुनवाई के लिए तारीख तय की है।
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