{"_id":"5a736bca4f1c1b462c8b58e9","slug":"201517513674-gorakhpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"छुट्टा पशुओं से निजात के लिए दिया धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छुट्टा पशुओं से निजात के लिए दिया धरना
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
Updated Fri, 02 Feb 2018 01:33 AM IST
विज्ञापन
कमिश्नर कार्यालय पर पूर्व विधायक जीएम सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों ने धरना देकर प्रदर्शन किया।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोरखपुर। छुट्टा पशुओं और नीलगायों से नुकसान हो रही फसलों के खिलाफ पूर्व विधायक जीएम सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों ने कमिश्नर कार्यालय पर धरना दिया। इसके उपरांत सीएम को संबोधित ज्ञापन कमिश्नर को देकर सरकार से फसलों को बचाने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की।
ज्ञापन के जरिए पूर्व विधायक ने कहा कि प्रदेश की तमाम समस्याओं के निदान के क्रम में किसानों की फसलों को छुट्टा पशुओं से बचाना गंभीर समस्या है। किसान फसलों की रखवाली के लिए ठंड में खेतों में रात गुजार रहे हैं। इसके बावजूद छुट्टा पशु फसलों को बर्बाद कर दे रहे हैं। इतना ही नहीं इन पशुओं को भगाने के दौरान विवाद की भी स्थिति उत्पन्न हो रही है। ऐसे में सरकार को गंभीरतापूर्वक विचार करना चाहिए। उन्होंने मांग की कि छुट्टा पशुओं के लिए ब्लॉक स्तर पर गोशाला का निर्माण कराया जाए। इसके साथ वहां पशुओं के लिए चारा, दवा, पानी आदि की व्यवस्था की जाए। पशुओं की निगरानी के लिए अलग से व्यवस्था हो।
विज्ञापन
ज्ञापन के जरिए पूर्व विधायक ने कहा कि प्रदेश की तमाम समस्याओं के निदान के क्रम में किसानों की फसलों को छुट्टा पशुओं से बचाना गंभीर समस्या है। किसान फसलों की रखवाली के लिए ठंड में खेतों में रात गुजार रहे हैं। इसके बावजूद छुट्टा पशु फसलों को बर्बाद कर दे रहे हैं। इतना ही नहीं इन पशुओं को भगाने के दौरान विवाद की भी स्थिति उत्पन्न हो रही है। ऐसे में सरकार को गंभीरतापूर्वक विचार करना चाहिए। उन्होंने मांग की कि छुट्टा पशुओं के लिए ब्लॉक स्तर पर गोशाला का निर्माण कराया जाए। इसके साथ वहां पशुओं के लिए चारा, दवा, पानी आदि की व्यवस्था की जाए। पशुओं की निगरानी के लिए अलग से व्यवस्था हो।
विज्ञापन