{"_id":"59b2f2834f1c1bec7f8b5393","slug":"191504899715-gorakhpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कर्मचारी की पिटाई के बाद बिगड़े हालात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कर्मचारी की पिटाई के बाद बिगड़े हालात
Updated Sat, 09 Sep 2017 01:16 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
गोरखपुर। छात्रसंघ चुनाव को लेकर एडी बिल्डिंग पर चल रहा छात्रनेताओं का प्रदर्शन यूनिवर्सिटी कर्मचारी की पिटाई के बाद बवाल में बदल गया। कर्मचारी की गलती बस इतनी थी कि तीन घंटे तक प्रशासनिक भवन में ही बंद रहने पर जब वह गर्मी और उमस से घबराहट महसूस करने लगा तो बाहर निकलने की कोशिश की। इस पर वह प्रदर्शनकारियों के गुस्से का शिकार हो गया। कर्मचारी की जान बचाने के फेर में पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
डिप्टी सीएम के यूनिवर्सिटी से रवानगी की बाद छात्रसंघ चुनाव को लेकर लटके पेच की जानकारी जैसे ही छात्रों को हुई, वे प्रशासनिक भवन पर जुटने लगे और 11:30 बजे एडी बिल्डिंग कैंपस केमेन गेट के साथ ही एडी बिल्डिंग के गेट पर ताला लगा दिया। इससे कई छात्राएं और कर्मचारियों के साथ यूनिवर्सिटी पहुंचे कई लोग करीब ढाई घंटे तक एडी बिल्डिंग में फंसे रहे। दोपहर 1:30 बजे प्रदर्शनकारी एडी बिल्डिंग में फंसी छात्राओं को गेट खोल कर बाहर निकालने लगे। इस दौरान उनके पीछे खड़े कर्मचारी ने भी बाहर निकलने की कोशिश की। यह बात छात्रनेताओं को नागवार गुजरी और प्रदर्शनकारियों ने कर्मचारी को पीट दिया। इसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
डिप्टी सीएम के यूनिवर्सिटी से रवानगी की बाद छात्रसंघ चुनाव को लेकर लटके पेच की जानकारी जैसे ही छात्रों को हुई, वे प्रशासनिक भवन पर जुटने लगे और 11:30 बजे एडी बिल्डिंग कैंपस केमेन गेट के साथ ही एडी बिल्डिंग के गेट पर ताला लगा दिया। इससे कई छात्राएं और कर्मचारियों के साथ यूनिवर्सिटी पहुंचे कई लोग करीब ढाई घंटे तक एडी बिल्डिंग में फंसे रहे। दोपहर 1:30 बजे प्रदर्शनकारी एडी बिल्डिंग में फंसी छात्राओं को गेट खोल कर बाहर निकालने लगे। इस दौरान उनके पीछे खड़े कर्मचारी ने भी बाहर निकलने की कोशिश की। यह बात छात्रनेताओं को नागवार गुजरी और प्रदर्शनकारियों ने कर्मचारी को पीट दिया। इसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
विज्ञापन