फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   पीएनएम में उठा रेलवे प्रेस बंदी का मुद्दा

पीएनएम में उठा रेलवे प्रेस बंदी का मुद्दा

Tue, 31 Jul 2018 01:25 AM IST
Updated Tue, 31 Jul 2018 01:25 AM IST
विज्ञापन
पीएनएम में उठा रेलवे प्रेस बंदी का मुद्दा
पीएनएम में उठा रेलवे प्रेस बंदी का मुद्दा
विज्ञापन

गेटमैन, ट्रैकमैन की सुरक्षा पर महाप्रबंधक ने दिया भरोसा
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक राजीव अग्रवाल की अध्यक्षता में मान्यता प्राप्त यूनियन के साथ दो दिवसीय स्थाई वार्ता तंत्र (पीएनएम) की शुरुआत सोमवार को महाप्रबंधक बैठक कक्ष में हुई। इस दौरान एनई रेलवे मजदूर यूनियन के महामंत्री केएल गुप्ता ने रेलवे प्रेस को बंद करने और यहां के कर्मचारियों के समायोजन का मुद्दा उठाया। इसके अलावा गेटमैन तथा ट्रैकमैन की सुरक्षा और उन्हें मूलभूत सुविधाएं देने की मांग की। जीएम ने इनके जल्द समाधान का आश्वासन दिया।
महाप्रबंधक ने कहा कि रेल प्रशासन कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए सदैव तत्पर है। महिलाओं की सुविधाओं में बढ़ोतरी हो रही है। प्रमुख स्टेशनों पर महिला रेस्ट रूम तथा चेंजिंग रूम की व्यवस्था कराई जा रही है। रेलवे में हो रही महिला कांस्टेबल की भर्ती को ध्यान में रखकर तीनों मंडलों में अलग से महिला बैरक का निर्माण कराया जा रहा है। रेल अस्पतालों में रिक्त चिकित्सकों एवं नर्सिंग स्टाफ के पदों को संविदा के आधार पर भरने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
विज्ञापन

प्रमुख मुख्य कार्मिक अधिकारी एलबीराय ने कहा कि रेल प्रशासन एवं कर्मचारी यूनियनों में सकारात्मक माहौल है। एनई रेलवे मजदूर यूनियन के महामंत्री केएल गुप्ता ने रेलवे प्रेस के कर्मचारियों को दूसरे विभाग में समायोजित करने के लिए अलग से बैठक करने का अनुरोध किया। यूनियन के अध्यक्ष बसंत चतुर्वेदी ने छोटे स्टेशनों पर रेलकर्मियों के आवासों की खराब हालत का जिक्र करते हुए सुविधाओं दिलाने का अनुरोध किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed