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गीता प्रेस में गीता जयंती समारोह रामकथा से शुरू
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Mon, 27 Nov 2017 01:36 AM IST
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रामकथा कहते गौरदास जी महाराज।
- फोटो : Amar Ujala
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गीता प्रेस में रविवार को रामकथा से गीता जयंती समारोह की शुरुआत हुई। वृंदावन से पधारे कथा व्यास गौरदास जी महाराज ने श्रीराम के अनन्य भक्त गोस्वामी तुलसी दास की जीवनी के साथ कथा की शुरुआत की। इससे पहले ट्रस्टी बैजनाथ अग्रवाल और देवी दयाल ने माल्यार्पण कर गौरदास जी महाराज का स्वागत किया।
कथा को विस्तार देते हुए कथा व्यास ने कहा कि भगवान की कथा सुनने मात्र से कुछ नहीं होगा, इसे जीवन में उतारना भी जरूरी है। भगवान राम ने अपने जीवन में विभिन्न चरित्रों का आदर्श रूप पेश किया। पिता के प्रति पुत्र का कर्तव्य हो या भाई के लिए, इन सबका आदर्श स्वरूप श्रीराम का जीवन है। भगवान के चरित्र से इन चीजों को अपनाकर हम आदर्श समाज की स्थापना कर सकते हैं। इस मौके पर गीता प्रेस में सजाई गई फुलवारी, केवट, सबरी प्रसंग आदि की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। इस मौके पर उत्पाद प्रबंधक लालमणि त्रिपाठी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
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कथा को विस्तार देते हुए कथा व्यास ने कहा कि भगवान की कथा सुनने मात्र से कुछ नहीं होगा, इसे जीवन में उतारना भी जरूरी है। भगवान राम ने अपने जीवन में विभिन्न चरित्रों का आदर्श रूप पेश किया। पिता के प्रति पुत्र का कर्तव्य हो या भाई के लिए, इन सबका आदर्श स्वरूप श्रीराम का जीवन है। भगवान के चरित्र से इन चीजों को अपनाकर हम आदर्श समाज की स्थापना कर सकते हैं। इस मौके पर गीता प्रेस में सजाई गई फुलवारी, केवट, सबरी प्रसंग आदि की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। इस मौके पर उत्पाद प्रबंधक लालमणि त्रिपाठी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
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