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Ghazipur News: औड़िहार रेलवे स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का टोटा, प्रतिदिन औसतन 20 हजार यात्री करते हैं यात्रादर्जा जंक्शन का, पर वातानुकूलित प्रतीक्षालय तक नहीं
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औड़िहार। जनपद के प्रमुख जंक्शन में शामिल है। इसको इसी बात से समझा जा सकता है कि यह दो रेलखंडों वाराणसी-छपरा व वाराणसी-मऊ को जोड़ता है।
प्रतिदिन औसतन 20 हजार यात्री यात्रा करने के लिए आते हैं लेकिन उनकी सुविधा के लिए एक वातानुकूलित प्रतीक्षालय तक नहीं है।
स्थानीय जंक्शन से गोरखपुर, मऊ, गाजीपुर, छपरा, मुजफ्फरपुर, वाराणसी, जौनपुर, लखनऊ, दिल्ली, मुंबई आदि जगहों के लिए सफर करने के लिए यात्री प्रतिदिन आते हैं। 120 से अधिक ट्रेनों का संचालन इस रूट से होता है। प्रतिदिन रेलवे को दो लाख से अधिक का राजस्व स्थानीय जंक्शन से होता है।
इसके बावजूद यात्री सुविधाओं की बात की जाए, तो इस मामले में स्थानीय जंक्शन फिसड्डी है। इस बात की पुष्टि इससे होती है कि जंक्शन पर एक वातानुकूलित प्रतीक्षालय तक नहीं है। इससे आरक्षित कोचों में यात्रा करने वाले यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ट्रेनों के घंटों इंतजार में उमसभरी गर्मी में उनको सामान्य प्रतीक्षालय में पसीने के बीच अपना समय व्यतीत करना पड़ता है।
जंक्शन पर कुल 7 प्लेटफार्म हैं। इतनी अधिक संख्या में प्लेटफार्म होने के बावजूद केवल एक प्रतीक्षालय प्लेटफार्म संख्या 4 पर है। प्लेटफार्म संख्या 4 पर स्थित प्रतीक्षालय में एसी की बात छोड़िए, कूलर तक नहीं लगाया गया है। स्टेशन अधीक्षक दिलीप सिन्हा ने बताया कि जंक्शन पर वातानुकूलित प्रतीक्षालय के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है।
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प्रतिदिन औसतन 20 हजार यात्री यात्रा करने के लिए आते हैं लेकिन उनकी सुविधा के लिए एक वातानुकूलित प्रतीक्षालय तक नहीं है।
स्थानीय जंक्शन से गोरखपुर, मऊ, गाजीपुर, छपरा, मुजफ्फरपुर, वाराणसी, जौनपुर, लखनऊ, दिल्ली, मुंबई आदि जगहों के लिए सफर करने के लिए यात्री प्रतिदिन आते हैं। 120 से अधिक ट्रेनों का संचालन इस रूट से होता है। प्रतिदिन रेलवे को दो लाख से अधिक का राजस्व स्थानीय जंक्शन से होता है।
इसके बावजूद यात्री सुविधाओं की बात की जाए, तो इस मामले में स्थानीय जंक्शन फिसड्डी है। इस बात की पुष्टि इससे होती है कि जंक्शन पर एक वातानुकूलित प्रतीक्षालय तक नहीं है। इससे आरक्षित कोचों में यात्रा करने वाले यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ट्रेनों के घंटों इंतजार में उमसभरी गर्मी में उनको सामान्य प्रतीक्षालय में पसीने के बीच अपना समय व्यतीत करना पड़ता है।
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जंक्शन पर कुल 7 प्लेटफार्म हैं। इतनी अधिक संख्या में प्लेटफार्म होने के बावजूद केवल एक प्रतीक्षालय प्लेटफार्म संख्या 4 पर है। प्लेटफार्म संख्या 4 पर स्थित प्रतीक्षालय में एसी की बात छोड़िए, कूलर तक नहीं लगाया गया है। स्टेशन अधीक्षक दिलीप सिन्हा ने बताया कि जंक्शन पर वातानुकूलित प्रतीक्षालय के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है।
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