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जरूरतमंदों को लाभ मिलना चाहिए
गाजीपुर
Updated Sat, 02 Jun 2018 10:48 PM IST
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बैटरी चालित ट्राईसाइकल देते रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा
सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय की ओर से राष्ट्रीय वयोश्री योजना एवं एडिप योजना के अंतर्गत नि:शुल्क सहायक उपकरण वितरण शिविर का आयोजन स्वामी सहजानंद पीजी कालेज के मैदान पर शनिवार को किया गया। मुख्य अतिथि केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री थावरचंद गहलौत एवं अन्य अतिथियों ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर श्री गहलौत ने कहा कि गाजीपुर जिले के 16 ब्लाकों से 3079 लाभार्थी चयनित हुए थे, जिसमें दो करोड़ 59 लाख 65 हजार की लागत के 7012 सहायक यंत्र एवं उपकरण वितरित किए जा रहे हैं। संचार एवं रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने कहा कि समाज में विकलांग एवं वृद्धजनों की सेवा सामाजिक सेवा है। जरूरतमंदों को इस सेवा का लाभ मिलना चाहिए। श्री सिन्हा ने मंच से यह वादा किया कि वह हमेशा ऐसी सेवा जुटे रहने का प्रयास करेंगे। उनके लिए यह काम सर्वोपरि है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री श्री गहलौत का आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया।
श्री गहलौत ने बताया कि इसमें 100 मोटराइज्ड ट्राईसाइकिल, 882 ट्राईसाइकिल, 538 फोल्डिंग व्हील चेयर, 1830 बैशाखी, 998 वाकिंग स्टिक, 12 ब्रेल किट, 28 रोलेटर, 700 बीटीई (कान की मशीन), 46 एमएसआईडी किट, 01 एडीएल किट (सेट), 34 सीपी चेयर, 151 स्मार्ट केन, 21 स्मार्ट फोन, 23 डेजी प्लेयर, 71 ट्राईपोड, 11 टेट्रापोड, 35 वाकर, 510 चश्मा, 784 कृत्रिम दांत, 273 कृत्रिम अंग एवं कैलिपर्स भी शामिल हैं।
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कहा कि दिव्यांगों के साथ-साथ वृद्धजनों की सेवा करना भी हमारा परम कर्तव्य है। इसलिए सरकार ने वयोश्री योजना की शुरुआत की, जिसमें 60 वर्ष के ऊपर के व्यक्तियों को भी लाभ प्राप्त हो सके। देश में लगभग 11 लाख से ज्यादा लोगों को उनके सशक्तीकरण के लिए जो उपकरण की आवश्यकता हुई, उन्हें सरकार की ओर से उपलब्ध कराया गया। 2014-15 से छह प्रकार की छात्रवृत्ति एवं आर्थिक सहायता के लिए योजना बनाई गई है।
उन्होंने बताया कि पहले दिव्यांगों की सात श्रेणियां होती थीं, जिन्हें बढ़ाकर अब 21 कर दी गई है। नौकरियों में तीन प्रतिशत आरक्षण था, अब उसे बढ़ाकर चार प्रतिशत कर दिया गया है। उच्च शिक्षा प्राप्त करने लिए पहले तीन प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान था। उसे अब बढ़ाकर पांच प्रतिशत कर दिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने जिले में इस तरह के कार्यक्रम आगे भी होते रहने का आश्वासन दिया। मुहम्मदाबाद की विधायक अलका राय ने कहा कि प्रधानमंत्री ने विकलांग का नाम बदल कर दिव्यांग रखकर उन्हें एक सम्मान दिया है।
विधान परिषद सदस्य केदारनाथ सिंह ने कहा कि यह आयोजन सिर्फ दिव्यांगों को सहायता देने के उद्देश्य से नहीं, बल्कि उन्हें समाज में ऊपर उठाने के दृष्टिगत किया गया है। इस मौके पर जिलाधिकारी के बालाजी, मुख्य विकास अधिकारी हरिकेश चौरसिया, अपर जिलाधिकारी (विरा) राजेश कुमार सिंह, एलिम्को के उप महाप्रबंधक संजय सिंह, नगर पालिका परिषद की अध्यक्ष सरिता अग्रवाल, जिला दिव्यांगजन अधिकारी नरेंद्र विश्वकर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष भानुप्रताप सिंह, कृष्णविहारी राय, सुनील सिंह आदि उपस्थित थे।
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इस अवसर पर श्री गहलौत ने कहा कि गाजीपुर जिले के 16 ब्लाकों से 3079 लाभार्थी चयनित हुए थे, जिसमें दो करोड़ 59 लाख 65 हजार की लागत के 7012 सहायक यंत्र एवं उपकरण वितरित किए जा रहे हैं। संचार एवं रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने कहा कि समाज में विकलांग एवं वृद्धजनों की सेवा सामाजिक सेवा है। जरूरतमंदों को इस सेवा का लाभ मिलना चाहिए। श्री सिन्हा ने मंच से यह वादा किया कि वह हमेशा ऐसी सेवा जुटे रहने का प्रयास करेंगे। उनके लिए यह काम सर्वोपरि है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री श्री गहलौत का आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया।
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श्री गहलौत ने बताया कि इसमें 100 मोटराइज्ड ट्राईसाइकिल, 882 ट्राईसाइकिल, 538 फोल्डिंग व्हील चेयर, 1830 बैशाखी, 998 वाकिंग स्टिक, 12 ब्रेल किट, 28 रोलेटर, 700 बीटीई (कान की मशीन), 46 एमएसआईडी किट, 01 एडीएल किट (सेट), 34 सीपी चेयर, 151 स्मार्ट केन, 21 स्मार्ट फोन, 23 डेजी प्लेयर, 71 ट्राईपोड, 11 टेट्रापोड, 35 वाकर, 510 चश्मा, 784 कृत्रिम दांत, 273 कृत्रिम अंग एवं कैलिपर्स भी शामिल हैं।
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कहा कि दिव्यांगों के साथ-साथ वृद्धजनों की सेवा करना भी हमारा परम कर्तव्य है। इसलिए सरकार ने वयोश्री योजना की शुरुआत की, जिसमें 60 वर्ष के ऊपर के व्यक्तियों को भी लाभ प्राप्त हो सके। देश में लगभग 11 लाख से ज्यादा लोगों को उनके सशक्तीकरण के लिए जो उपकरण की आवश्यकता हुई, उन्हें सरकार की ओर से उपलब्ध कराया गया। 2014-15 से छह प्रकार की छात्रवृत्ति एवं आर्थिक सहायता के लिए योजना बनाई गई है।
उन्होंने बताया कि पहले दिव्यांगों की सात श्रेणियां होती थीं, जिन्हें बढ़ाकर अब 21 कर दी गई है। नौकरियों में तीन प्रतिशत आरक्षण था, अब उसे बढ़ाकर चार प्रतिशत कर दिया गया है। उच्च शिक्षा प्राप्त करने लिए पहले तीन प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान था। उसे अब बढ़ाकर पांच प्रतिशत कर दिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने जिले में इस तरह के कार्यक्रम आगे भी होते रहने का आश्वासन दिया। मुहम्मदाबाद की विधायक अलका राय ने कहा कि प्रधानमंत्री ने विकलांग का नाम बदल कर दिव्यांग रखकर उन्हें एक सम्मान दिया है।
विधान परिषद सदस्य केदारनाथ सिंह ने कहा कि यह आयोजन सिर्फ दिव्यांगों को सहायता देने के उद्देश्य से नहीं, बल्कि उन्हें समाज में ऊपर उठाने के दृष्टिगत किया गया है। इस मौके पर जिलाधिकारी के बालाजी, मुख्य विकास अधिकारी हरिकेश चौरसिया, अपर जिलाधिकारी (विरा) राजेश कुमार सिंह, एलिम्को के उप महाप्रबंधक संजय सिंह, नगर पालिका परिषद की अध्यक्ष सरिता अग्रवाल, जिला दिव्यांगजन अधिकारी नरेंद्र विश्वकर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष भानुप्रताप सिंह, कृष्णविहारी राय, सुनील सिंह आदि उपस्थित थे।