फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   Sampoorna Samadhan Diwas: 50 found solutions, 535 returned home empty-handed

संपूर्ण समाधान दिवस: 50 ने पाया हल, 535 लौटे खाली हाथ घर

Sun, 06 Aug 2023 12:30 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 06 Aug 2023 12:30 AM IST
विज्ञापन
Sampoorna Samadhan Diwas: 50 found solutions, 535 returned home empty-handed
जमानिया में डीएम और एसपी ने सुनी फरियाद, मामलाें के निस्तारण का निर्देश
विज्ञापन

सुबह से प्रार्थना-पत्र लेकर तहसीलों में खड़े 535 फरियादी मायूस होकर लौटे घर
संवाद न्यूज एजेंसी

गाजीपुर। जिले के सातों तहसीलों में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस आयोजित किया गया। सुबह दस बजे से पहुंचे फरियादियों ने प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत किया। इसमें मात्र 50 प्रार्थना-पत्रों का निस्तारण हो सका। जबकि 535 फरियादियों को मायूस होकर वापस घर लौटना पड़ा।
इधर जमानिया तहसील पर पहुंची जिलाधिकारी आर्यका अखौरी और पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह ने फरियाद सुनने के साथ प्रार्थना पत्रों का निस्तारण किया। इस दौरान जमानिया में 118 शिकायत- पत्र मिले, जिसमें 11 मामलों का निस्तारण किया गया। साथ ही डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शेष प्रार्थना पत्रों के निस्तारण के लिए अविलंब मौके पर जाकर स्थलीय निरीक्षण करते हुए निस्तारित करें।
विज्ञापन

इस दौरान उन्होंने सार्वजनिक भूमि, तालाब, भूमि पर अवैध अतिक्रमण पर विशेष ध्यान देने को कहा। साथ ही आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों को प्रतिदिन शत-प्रतिशत निस्तारित करने को कहा। डीएम ने चेताया कि शिकायत किसी भी दशा में डिफाल्टर न हो।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने कहा इसकी समीक्षा सीधे शासन स्तर से होती है। इसमें लापरवाही पर संबंधित अधिकारी स्वयं जिम्मेदार होंगे। उधर, तहसील जखनिया में 113 में 12, सेवराई में 66 में 12, सदर में 31 में दो, कासिमाबाद में 112 में छह, मुहम्मदाबाद में 95 में दो और सैदपुर में 50 में पांच का निस्तारण किया गया। इस अवसर सभी तहसीलों पर एसडीएम, तहसीलदार और जनपदस्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।



0000000

वर्ष 2021- 22 में आए बाढ़ में फसल का नुकसान हुआ था। इसका भुगतान अब तक नहीं हुआ है। इसको लेकर कई बार प्रार्थना पत्र दे चुका हूं। -रघुनाथ यादव, चित्तावन पट्टी।

000000

सरकारी भूमि पर अवैध अतिक्रमण है। जिस को हटाने को लेकर न्यायालय से आदेश पारित हो चुका है, बावजूद इसके अब तक कब्जा बना हुआ है। - दयाराम दास, रघुनाथपुर।

000000

भूमि की पैमाइश के लिए फाइल प्रस्तुत की गई थी। इसका कुछ पता नहीं चल रहा है। जिस कारण से बार-बार प्रार्थना पत्र देना पड़ रहा है।- नंदलाल, मेदिनीपुर।

0000
विरासत को लेकर कई बार प्रार्थना पत्र दिया गया है, लेकिन अब तक निस्तारण नहीं हुआ है। यही कारण है कि बार-बार तहसील में आना पड़ रहा है।
- मोहम्मद इस्लाम, रेलवे स्टेशन बाजार।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed