फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   Now the path of the children of laborers will be easy

श्रमिकों के खिलाड़ी बच्चों की राह अब होगी आसान

Sat, 02 Jul 2022 11:45 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 02 Jul 2022 11:45 PM IST
विज्ञापन
Now the path of the children of laborers will be easy
खेलों के माध्यम से अपने सपनों को उड़ान भरने वाले श्रमिकों के बच्चों के लिए अच्छी खबर है। प्रदेश केे विभिन्न क्षेत्रों में स्थित औद्योगिक कारखानों में कार्यरत श्रमिकों के बच्चों का चयन जिला, राज्य, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय खेलों में होने पर सरकार चेतन चौहान श्रमिक क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना के तहत उन्हें आर्थिक सहायता प्रदान करेगी। इस योजना के अंतर्गत वह खिलाड़ी ही पात्र होंगे जिनका चयन 23 मार्च 2021 को या उसके बाद हुआ होगा।
विज्ञापन

सरकार की ओर से कारखानों तथा वाणिज्यिक अधिष्ठानों में कार्य करने वाले श्रमिकों के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही है। उसकी इन्हीं योजनाओं में से एक चेतन चौहान श्रमिक क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना है। इसमें कारखानों में कार्यरत श्रमिकों के पुत्र-पुत्रियों तथा स्वयं श्रमिक के जिला, राज्य, राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलों में चयन होने पर आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। योजना में जिला स्तर पर चयन होने पर 25 हजार, राज्य स्तर पर 50 हजार, राष्ट्रीय स्तर पर 75 हजार तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलों में चयन होने पर एकमुश्त एक बार एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। योजना का लाभ श्रमिक या श्रमिक की दो पुत्रियों तक ही देय होगा। उक्त योजना का लाभ श्रमिक अथवा श्रमिक के दो बच्चों तक ही दिया जाएगा। स्वयं महिला श्रमिक के खिलाड़ी होने की दशा में उसे लाभ प्रदान किया जाएगा। इस संबंध में श्रम प्रवर्तन अधिकारी लईक अहमद ने बताया कि योजना में नौ आवेदन प्राप्त हुए लेकिन उनका चयन निर्धारित तिथि 23 मार्च 2021 से पहले हुआ था। श्रमिक कारखाना अधिनियम 1948 के अंतर्गत पंजीकृत अधिष्ठान में कार्यरत हो तथा अधिष्ठान-कारखाना में कम से कम छह माह लगातार सेवा की हो एवं आवेदन करते समय भी सेवारत हो।
विज्ञापन

किताब खरीदने के लिए मिलेगी आर्थिक सहायता
गाजीपुर। महादेवी वर्मा श्रमिक पुस्तक क्रय आर्थिक सहायता योजना में कारखाना, वाणिज्यिक अधिष्ठानों, दुकानों में काम कर रहे श्रमिकों की पुत्रियों के परास्नातक कक्षा में प्रवेश पाने पर पुस्तक खरीदने के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। इस योजना का लाभ दो पुत्रियों तक देय होगा। इसमें प्रति अभ्यर्थी साढ़े सात हजार रुपये एकमुश्त प्रदान किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed