{"_id":"61eeea8ed55d1b282435ea43","slug":"non-operation-of-pipa-bridge-in-elections-can-become-an-issue-ghazipur-news-vns635304114","type":"story","status":"publish","title_hn":"विस चुनाव में बड़ा मुद्दा बन सकता है गंगा कटान, बच्छलकापुरा-रामपुर पीपापुल का चालू न होना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विस चुनाव में बड़ा मुद्दा बन सकता है गंगा कटान, बच्छलकापुरा-रामपुर पीपापुल का चालू न होना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विधानसभा चुनाव में गंगा का कटान, बच्छलकापुरा-रामपुर पीपापुल का चालू न होना तथा मुहम्मदाबाद चितबड़ागांव मुख्य मार्ग का निर्माण न होना बड़ा मुद्दा बन सकता है।
गंगा के तटीय गांवों के लोगों की खेती गंगा पार के दियारा में होती है। लगभग डेढ़ दशक पूर्व तत्कालीन पीडब्ल्यूडी मंत्री कुसुम राय ने शेरपुर और सेमरा गांव से अपने लगाव के चलते उनकी मांग पर अपने कार्यकाल के अंतिम दिन बच्छलकापुरा-रामपुर पीपापुल की सौगात देकर गंगा के तटवर्ती गांवों शेरपुर, सेमरा, रामपुर, रेवतीपुर आदि दर्जनों गांवों के लोगों का दिल जीत लिया था। इस पुल के बन जाने से दियारा में खेती करने और जमानिया सेवराई तहसील के गांवों में आने-जाने वालों को काफी सुविधा हो गई थी।
सरकारी नियमों के तहत पीपापुल 15 अक्तूबर को लोगों के आवागमन के लिए शुरू हो जाना चाहिए तथा 15 जून को पुल बंद कर दिया जाता है। पिछले कई वर्षों से पुल समय से शुरू नहीं हो रहा है। पिछले वर्ष काफी विलंब से पुल का संचालन शुरू हुआ लेकिन कभी भी ठीक से नहीं चला। इस वर्ष तो निर्धारित समय से तीन माह बाद भी पीपापुल चालू नहीं हो पाया है। आगामी विधानसभा चुनाव में यह प्रमुख चुनावी मुद्दा बन सकता है। इसकी गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पूर्व विधायक और सपा के संभावित प्रत्याशी सिबगतुल्लाह अंसारी समाधान दिवस पर आम लोगों की तरह कतार में खड़े होकर इसे चालू किए जाने का प्रार्थना पत्र देकर गुहार लगा चुके हैं। शेरपुर और सेमरा के लोगों के लिए गंगा कटान भी एक बड़ा मुद्दा है। साथ ही लगभग एक दशक से मुहम्मदाबाद से दुबिहा मोड़ तक खराब मुख्य सड़क जो आज तक नहीं बन पाई मुद्दा बन सकती है।
विज्ञापन
000
मुहम्मदाबाद क्षेत्र में सड़कों की मरम्मत का भी लोकार्पण हुआ और यहां निर्मित ट्रामा सेंटर में सिर्फ टीकाकरण का कार्य शुरू हो पाया है। नदी पार करने के लिए क्षेत्र की जनता महीनों से पीपा पुल शुरू होने का इंतजार कर रही है। विधानसभा क्षेत्र में गंगा इस पार या उस पार दोनों तरफ दर्जनों सड़क बेहद खस्ताहाल हैं।-मन्नू अंसारी, प्रतिनिधि पूर्व विधायक सिबगतुल्ला अंसारी
विज्ञापन
गंगा के तटीय गांवों के लोगों की खेती गंगा पार के दियारा में होती है। लगभग डेढ़ दशक पूर्व तत्कालीन पीडब्ल्यूडी मंत्री कुसुम राय ने शेरपुर और सेमरा गांव से अपने लगाव के चलते उनकी मांग पर अपने कार्यकाल के अंतिम दिन बच्छलकापुरा-रामपुर पीपापुल की सौगात देकर गंगा के तटवर्ती गांवों शेरपुर, सेमरा, रामपुर, रेवतीपुर आदि दर्जनों गांवों के लोगों का दिल जीत लिया था। इस पुल के बन जाने से दियारा में खेती करने और जमानिया सेवराई तहसील के गांवों में आने-जाने वालों को काफी सुविधा हो गई थी।
विज्ञापन
सरकारी नियमों के तहत पीपापुल 15 अक्तूबर को लोगों के आवागमन के लिए शुरू हो जाना चाहिए तथा 15 जून को पुल बंद कर दिया जाता है। पिछले कई वर्षों से पुल समय से शुरू नहीं हो रहा है। पिछले वर्ष काफी विलंब से पुल का संचालन शुरू हुआ लेकिन कभी भी ठीक से नहीं चला। इस वर्ष तो निर्धारित समय से तीन माह बाद भी पीपापुल चालू नहीं हो पाया है। आगामी विधानसभा चुनाव में यह प्रमुख चुनावी मुद्दा बन सकता है। इसकी गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पूर्व विधायक और सपा के संभावित प्रत्याशी सिबगतुल्लाह अंसारी समाधान दिवस पर आम लोगों की तरह कतार में खड़े होकर इसे चालू किए जाने का प्रार्थना पत्र देकर गुहार लगा चुके हैं। शेरपुर और सेमरा के लोगों के लिए गंगा कटान भी एक बड़ा मुद्दा है। साथ ही लगभग एक दशक से मुहम्मदाबाद से दुबिहा मोड़ तक खराब मुख्य सड़क जो आज तक नहीं बन पाई मुद्दा बन सकती है।
विज्ञापन
000
मुहम्मदाबाद क्षेत्र में सड़कों की मरम्मत का भी लोकार्पण हुआ और यहां निर्मित ट्रामा सेंटर में सिर्फ टीकाकरण का कार्य शुरू हो पाया है। नदी पार करने के लिए क्षेत्र की जनता महीनों से पीपा पुल शुरू होने का इंतजार कर रही है। विधानसभा क्षेत्र में गंगा इस पार या उस पार दोनों तरफ दर्जनों सड़क बेहद खस्ताहाल हैं।-मन्नू अंसारी, प्रतिनिधि पूर्व विधायक सिबगतुल्ला अंसारी