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अभियंताओं का कार्य बहिष्कार
अमर उजाला ब्रयूराो, गाजीपुर/
Updated Sun, 20 Mar 2016 01:07 AM IST
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अधिशासी अभियंताओं का कार्य बहिष्कार
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विद्युत वितरण नगरीय खंड प्रथम गोरखपुर के अधिशासी अभियंता अरुण कुमार श्रीवास्तव पर जानलेवा हमले के खिलाफ राज्य विद्युत परिषद अभियंता संघ के लोग आक्रोशित हैं। शनिवार को संघ के सदस्यों ने तीन दिवसीय कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया। आम घाट स्थित बिजली विभाग के परिसर में आयोजित सभा में वक्ताओं ने दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
वक्ताओं ने कहा कि मारपीट में शामिल अवर अभियंताओं के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई जैसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर मंडल के बाहर स्थानांतरण की कार्रवाई की मांग की गई थी। ऐसा न किए जाने पर संगठन के केन्द्रीय आह्वान पर आंदोलन पर जाने का निर्णय लिया गया है। इसके तहत शनिवार से 72 घंटे का कार्य बहिष्कार आंदोलन किया जाएगा। इसके बाद 21 को पूरे प्रदेश में कंपनी मुख्यालयों, क्षेत्रों तथा जिला मुख्यालयों पर विरोध सभा की जाएगी।
चेतावनी दी कि मांग पूरी न होने की दशा में आंदोलन को धार दिया जाएगा। अभिषेक मिश्र, महेन्द्र मौर्य, शिवम राय, चन्द्रमा प्रसाद, अमित कुमार, आशीष गुप्ता एवं रत्नेश जायसवाल उपस्थित थे। अध्यक्षता एसएन मौर्य ने की।उधर, सिविल बार एसोसिएशन की बैठक शनिवार को सभागार में हुई। इसमें प्रदेश में अधिवक्ताओं पर हमले और हत्या की घटनाओं पर रोष व्यक्त किया गया। बार कौंसिल आफ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर पूरे प्रदेश में न्यायिक कार्य से विरत रहकर मौन दिवस के रूप में विरोध प्रदर्शन का निर्णय लिया गया।
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बैठक के बाद संघ की ओर से उप जिलाधिकारी एके सिंह को प्रदेश में अधिवक्ताओं की हत्या के विरोध में मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। वरिष्ठ अधिवक्ता रामपूजन सिंह, चंद्रबली राय, शंकर गोपाल चौबे, बबिता गुप्ता, धीरेन्द्रनाथ सिंह, साधन चक्रवर्ती, राजेन्द्र विक्रम सिंह, सुधाकर राय, अब्दुल मलिक खां, चंद्रमोहन सिंह, मुहम्मद नदीम सिद्दीकी आदि उपस्थित थे।
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वक्ताओं ने कहा कि मारपीट में शामिल अवर अभियंताओं के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई जैसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर मंडल के बाहर स्थानांतरण की कार्रवाई की मांग की गई थी। ऐसा न किए जाने पर संगठन के केन्द्रीय आह्वान पर आंदोलन पर जाने का निर्णय लिया गया है। इसके तहत शनिवार से 72 घंटे का कार्य बहिष्कार आंदोलन किया जाएगा। इसके बाद 21 को पूरे प्रदेश में कंपनी मुख्यालयों, क्षेत्रों तथा जिला मुख्यालयों पर विरोध सभा की जाएगी।
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चेतावनी दी कि मांग पूरी न होने की दशा में आंदोलन को धार दिया जाएगा। अभिषेक मिश्र, महेन्द्र मौर्य, शिवम राय, चन्द्रमा प्रसाद, अमित कुमार, आशीष गुप्ता एवं रत्नेश जायसवाल उपस्थित थे। अध्यक्षता एसएन मौर्य ने की।उधर, सिविल बार एसोसिएशन की बैठक शनिवार को सभागार में हुई। इसमें प्रदेश में अधिवक्ताओं पर हमले और हत्या की घटनाओं पर रोष व्यक्त किया गया। बार कौंसिल आफ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर पूरे प्रदेश में न्यायिक कार्य से विरत रहकर मौन दिवस के रूप में विरोध प्रदर्शन का निर्णय लिया गया।
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बैठक के बाद संघ की ओर से उप जिलाधिकारी एके सिंह को प्रदेश में अधिवक्ताओं की हत्या के विरोध में मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। वरिष्ठ अधिवक्ता रामपूजन सिंह, चंद्रबली राय, शंकर गोपाल चौबे, बबिता गुप्ता, धीरेन्द्रनाथ सिंह, साधन चक्रवर्ती, राजेन्द्र विक्रम सिंह, सुधाकर राय, अब्दुल मलिक खां, चंद्रमोहन सिंह, मुहम्मद नदीम सिद्दीकी आदि उपस्थित थे।