फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   Awdihar terminal, the workshop also

औड़िहार में टर्मिनल, वर्कशॉप भी

Mon, 19 Dec 2016 11:24 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला/गाजीपुर
ब्यूरो,अमर उजाला/गाजीपुर Updated Mon, 19 Dec 2016 11:24 PM IST
विज्ञापन
Awdihar terminal, the workshop also
औड़िहार जंक्शन पर दोहरीकरण परियोजना व गाजीपुर सिटी से कोलकता के लिए नई ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करते रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा।
रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा अब औड़िहार जक्शन पर विशेष मेहरबान हैं। सोमवार को वह औड़िहार-सारनाथ रेलखंड अंतर्गत दोहरीकरण के लोकार्पण समारोह में इशारों ही इशारों में कांग्रेस की सरकार पर निशाना साधा। कहा कि पिछली सरकारों में सौतेलापन झेलने वाला जिले का औड़िहार जंक्शन मुख्य रहा है। लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। यहां जल्द ही डीएमयू के लिए वर्कशाप बनेगा। इतना ही नहीं कारोबार के लिए टर्मिनल भी बनेगा। यह रेल, सड़क और जल मार्ग जुड़ेगा। जिससे कारोबारी बड़े शहरों से भी अपना माल आसानी से मंगा सकेंगे। 
विज्ञापन


औड़िहार जंक्शन पर टर्मिनल के लिए भूमि की तलाश शुरू कर दी गई है। रेल राज्यमंत्री ने इसके लिए लोगों से भी सहयोग करने को कहा है। कहा कि सारनाथ से औड़िहार का कार्य पूर्ण हो गया है। जबकि सारनाथ-वाराणससी-मंड़ुआडीह रेल मार्ग का दोहरीकरण का काम तेजी से चल रहा है। वाराणसी-छपरा रेल खंड पर विकास कार्यों में काफी तेजी आ गई है। देखा जाए तो छपरा-बलिया मार्ग पर भी दोहरीकरण का काम शुरू हो चुका है। गाजीपुर-बलिया मार्ग के दोहरीणकरण के लिए टेंडर कराया जा चुका है। काम शीघ्र शुरू होने वाला है। आश्वस्त किया कि वक्त के साथ दबाव बढ़ने पर इस रेल मार्ग पर ट्रेनों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी। 
विज्ञापन


रेलवे की माने तो पिछले ढाई साल में पूर्वांचल में रेलवे ने 45 हजार करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाएं स्वीकृत की है। ताड़ीघाट-मऊ रेल मार्ग पर गंगा पुल का निर्माण तीन सालों में पूरा हो जाएगा। उसके पूर्व मौके पर श्री सिन्हा ने 125 करोड़ रुपये की लागत से औड़िहार-सारनाथ रेल मार्ग के हुए दोहरीकरण कार्य का लोकार्पण किया। साथ ही बलिया-छपरा-पटना के रास्ते गाजीपुर सिटी से कोलकाता को जाने वाली साप्ताहिक ट्रेन शब्दभेदी को हरी झंडी दिखाई। इस ट्रेन का नियमित परिचालन 25 दिसंबर से होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने इस ट्रेन का नाम शब्दभेदी एक्सप्रेस रखने की वजह भी बताए। बताया कि रेलवे सलाहकार प्रभुनाथ चौहान ने बताया था कि राजा पृथ्वी राज चौहान ने शब्दभेदी वाण दागा था। लिहाजा इस ट्रेन का नाम शब्दभेदी होना चाहिए। उनके सुझाव को माना गया। उन्होंने यह भी बताया कि शीघ्र ही गाजीपुर सिटी से मुंबई के लिए भी ट्रेन शुरू होगी।


समारोह का प्रारंभ दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। समारोह में एमएलसी विशाल सिंह चंचल, भाजपा जिलाध्यक्ष भानुप्रताप सिंह, सुनील सिंह, रामतेज पांडेय, सच्चिदानंद सिंह, बाबूलाल बलवंत, कुंवर रमेश सिंह पप्पू, डॉ.मुकेश सिंह आदि भी मौजूद थे। करीब 20 मिनट के इस संक्षिप्त समारोह के बाद श्री सिन्हा सैलून से सादात के लिए रवाना हो गए जहां उन्होंने नवीनीकृत यात्री सुविधाओं का लोकार्पण किया।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed