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दीपावली पर बुझा ‘घर का चिराग’
Ghaziabad
Updated Thu, 15 Nov 2012 12:00 PM IST
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गाजियाबाद। दिवाली पर पिता के साथ प्लॉट पर दीया जलाने जा रहे एक किशोरी की बस से उतरते समय हादसे में मौत हो गई। चालक के अचानक बस चला देने से हादसा हुआ। चालक बस को मौके पर छोड़कर फरार है।
मूलरूप से इलाहाबाद निवासी संतलाल का परिवार कोतवाली क्षेत्र के पुराना आर्यनगर की गली नंबर-3 में किराये के मकान में रहता है। संतलाल ने बताया कि मंगलवार दोपहर 2.40 बजे अपने इकलौते बेटे विनय (15) के साथ बस में लाल कुंआ जा रहा था। लाल कुआं पर उन्होंने एक प्लॉट ले रखा है। दिवाली पर प्लाट में दिया जलाने वहां जा रहे थे। अचानक घर से फोन आने के कारण उन्होंने एलआईसी आफिस के सामने बस रुकवा ली। संतलाल ने बताया कि वह तो उतर गए, मगर जब उनका बेटा नीचे उतर रहा था, तभी बस चालक ने बस दौड़ा दी। इससे विनय असंतुलित होकर गिर पड़ा और बस के पिछले पहिये के नीचे आ गया। मौके पर ही विनय की मौत हो गई। विनय घर का इकलौता चिराग था और 7वीं में पढ़ता था।
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मूलरूप से इलाहाबाद निवासी संतलाल का परिवार कोतवाली क्षेत्र के पुराना आर्यनगर की गली नंबर-3 में किराये के मकान में रहता है। संतलाल ने बताया कि मंगलवार दोपहर 2.40 बजे अपने इकलौते बेटे विनय (15) के साथ बस में लाल कुंआ जा रहा था। लाल कुआं पर उन्होंने एक प्लॉट ले रखा है। दिवाली पर प्लाट में दिया जलाने वहां जा रहे थे। अचानक घर से फोन आने के कारण उन्होंने एलआईसी आफिस के सामने बस रुकवा ली। संतलाल ने बताया कि वह तो उतर गए, मगर जब उनका बेटा नीचे उतर रहा था, तभी बस चालक ने बस दौड़ा दी। इससे विनय असंतुलित होकर गिर पड़ा और बस के पिछले पहिये के नीचे आ गया। मौके पर ही विनय की मौत हो गई। विनय घर का इकलौता चिराग था और 7वीं में पढ़ता था।
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