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हादसे में घायल किशोरी की इलाज के दौरान मौत
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kanpur dehat accident
- फोटो : GHATAMPUR
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घाटमपुर (कानपुर)। मूसानगर रोड स्थित श्रीनगर गांव के पास शनिवार की शाम हुए सड़कहादसे में घायल किशोरी की इलाज के दौरान हैलट अस्पताल (कानपुर) में मौत हो गई। इस हादसे में मरने वालों की संख्या दो हो गई है। वहीं, दो घायलों का इलाज चल रहा है।
कोतवाली क्षेत्र के गांव कोरों निवासी गुलवेश (25) पुत्र इस्लाम की चचेरी बहन का रविवार को निकाह होना है। इसके चलते गुलवेश अपनी ममेरी बहनों भदरस गांव निवासी नौशीन (17) पुत्री मुमताज, सानिया (15) और नाजिया (4) पुत्री रियाज को बाइक में बैठाकर भदरस से वापस कोरों लौट रहा था। चारों एक ही बाइक पर सवार थे। शाम को वह जैसे ही श्रीनगर गांव के पास पहुंचा। तभी, सामने से ट्रैक्टर की चपेट में आ जाने से चारों हादसे का शिकार हुए थे। सीएचसी में डाक्टरों ने गुलवेश को मृत घोषित कर दिया। जबकि नौशीन, सानिया और नाजिया को गंभीर हालत में हैलट अस्पताल (कानपुर) रेफर किया गया था। जहां इलाज के दौरान सानिया की भी मौत हो गई।
इधर, कोरों गांव निवासी गुलवेश का शव पोस्टमार्टम के बाद उसके परिजनों के हवाले कर दिया गया। दोपहर बाद शव को लेकर गांव आए और शाम करीब 5 बजे के आसपास गमगीन माहौल में उसकी अंत्येष्टि की गई। वहीं, गुलवेश की चचेरी बहन के निकाह को न टालने का फैसला किया गया। जिसके चलते शाम को कस्बा सिठमरा, थाना रूरा (कानपुर देहात) से बरात बुलवा ली गई। गांव निवासी भाजपा नेता हरनाथ सिंह ने बताया कि दुख की घड़ी में गांव के लोगों ने इस्लाम के परिवार के साथ खड़े होकर उसकी भतीजी के निकाह को संपन्न कराया। वहीं, वरपक्ष ने भी मानवता दिखाई, इसके चलते वह बरात में कम लोगों को लेकर आए। देररात तक निकाह की रस्में चलती रहीं।
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कोतवाली क्षेत्र के गांव कोरों निवासी गुलवेश (25) पुत्र इस्लाम की चचेरी बहन का रविवार को निकाह होना है। इसके चलते गुलवेश अपनी ममेरी बहनों भदरस गांव निवासी नौशीन (17) पुत्री मुमताज, सानिया (15) और नाजिया (4) पुत्री रियाज को बाइक में बैठाकर भदरस से वापस कोरों लौट रहा था। चारों एक ही बाइक पर सवार थे। शाम को वह जैसे ही श्रीनगर गांव के पास पहुंचा। तभी, सामने से ट्रैक्टर की चपेट में आ जाने से चारों हादसे का शिकार हुए थे। सीएचसी में डाक्टरों ने गुलवेश को मृत घोषित कर दिया। जबकि नौशीन, सानिया और नाजिया को गंभीर हालत में हैलट अस्पताल (कानपुर) रेफर किया गया था। जहां इलाज के दौरान सानिया की भी मौत हो गई।
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इधर, कोरों गांव निवासी गुलवेश का शव पोस्टमार्टम के बाद उसके परिजनों के हवाले कर दिया गया। दोपहर बाद शव को लेकर गांव आए और शाम करीब 5 बजे के आसपास गमगीन माहौल में उसकी अंत्येष्टि की गई। वहीं, गुलवेश की चचेरी बहन के निकाह को न टालने का फैसला किया गया। जिसके चलते शाम को कस्बा सिठमरा, थाना रूरा (कानपुर देहात) से बरात बुलवा ली गई। गांव निवासी भाजपा नेता हरनाथ सिंह ने बताया कि दुख की घड़ी में गांव के लोगों ने इस्लाम के परिवार के साथ खड़े होकर उसकी भतीजी के निकाह को संपन्न कराया। वहीं, वरपक्ष ने भी मानवता दिखाई, इसके चलते वह बरात में कम लोगों को लेकर आए। देररात तक निकाह की रस्में चलती रहीं।
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