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यूपी बोर्ड: अब माध्यमिक स्कूलों की मोबाइल एप से होगी ग्रेडिंग
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फिरोजाबाद। जिले के राजकीय इंटर कॉलेजों में ग्रेडिंग सिस्टम लागू किया जाएगा। स्कूलों की ग्रेडिंग मोबाइल एप के माध्यम से होगी। इसके लिए जिले के अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। अधिकारी स्कूलों में उपलब्ध सुविधाओं और संसाधनों को देखते हुए अंक देंगे। इन स्कूलों की दशा और दिशा सुधारने के लिए शासन ने ग्रेडिंग प्रणाली लागू की है।
अपर शिक्षा निदेशक मंजू शर्मा ने जिला विद्यालय निरीक्षक को एप की मदद से स्कूलों में मूलभूत सुविधाओं की रिसोर्स मैपिंग कराने के लिए निर्देशित किया था। इसको लेकर दो जून को मोबाइल एप से ग्रेडिंग करने के लिए संयुक्त शिक्षा निदेशक, डीआईओएस और प्रधानाध्यापकों को प्रशिक्षण दिया गया। इसमें अकादमिक कक्षा, कक्ष विवरण, प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, कंप्यूटर लैब, वाईफाई, स्मार्ट क्लास, फर्नीचर, खेल का मैदान, व्यायामशाला, बहुउद्देश्यीय हाल, कला और शिल्प कक्ष, व्यवसायिक कक्ष, बैंड (लड़कों और लड़कियों) और ध्वनि प्रणाली की जांच करेंगे।
27 मानकों को पूरा करने वाले स्कूल होंगे अव्वल
जिले में 22 राजकीय स्कूल माध्यमिक शिक्षा बोर्ड से संचालित होते हैं। जिसमें 10 राजकीय हाईस्कूल और 12 राजकीय इंटर कॉलेज हैं। इमें 27 मानकों की जांच कराई जाएगी। ग्रेडिंग के हिसाब से अंक दिए जाएंगे।
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अधिकारियों को विद्यालयों में उपलब्ध सुविधाओं और संसाधनों को देखते हुए अंक देने हैं। जो विद्यालय 27 मानकों पर खरे उतरेंगे उन्हें अच्छे अंक दिए जाएंगे। अधिकारी स्कूलों में जाकर भौतिक रूप से इन सब का सत्यापन करेंगे।
बालमुकुंद प्रसाद, डीआईओएस
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अपर शिक्षा निदेशक मंजू शर्मा ने जिला विद्यालय निरीक्षक को एप की मदद से स्कूलों में मूलभूत सुविधाओं की रिसोर्स मैपिंग कराने के लिए निर्देशित किया था। इसको लेकर दो जून को मोबाइल एप से ग्रेडिंग करने के लिए संयुक्त शिक्षा निदेशक, डीआईओएस और प्रधानाध्यापकों को प्रशिक्षण दिया गया। इसमें अकादमिक कक्षा, कक्ष विवरण, प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, कंप्यूटर लैब, वाईफाई, स्मार्ट क्लास, फर्नीचर, खेल का मैदान, व्यायामशाला, बहुउद्देश्यीय हाल, कला और शिल्प कक्ष, व्यवसायिक कक्ष, बैंड (लड़कों और लड़कियों) और ध्वनि प्रणाली की जांच करेंगे।
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27 मानकों को पूरा करने वाले स्कूल होंगे अव्वल
जिले में 22 राजकीय स्कूल माध्यमिक शिक्षा बोर्ड से संचालित होते हैं। जिसमें 10 राजकीय हाईस्कूल और 12 राजकीय इंटर कॉलेज हैं। इमें 27 मानकों की जांच कराई जाएगी। ग्रेडिंग के हिसाब से अंक दिए जाएंगे।
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अधिकारियों को विद्यालयों में उपलब्ध सुविधाओं और संसाधनों को देखते हुए अंक देने हैं। जो विद्यालय 27 मानकों पर खरे उतरेंगे उन्हें अच्छे अंक दिए जाएंगे। अधिकारी स्कूलों में जाकर भौतिक रूप से इन सब का सत्यापन करेंगे।
बालमुकुंद प्रसाद, डीआईओएस