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सहकारिता वसूली की समीक्षा में रोका वेतन
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फिरोजाबाद। अपर आयुक्त एवं अपर निबंधक सहकारिता आगरा मंडल आगरा ने जिले की सहकारिता वसूली की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान बकाया वसूली में लापरवाही पर जिले की छह साधन सहकारी समितियों के सचिवों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
साधन सहकारी समितियों के माध्यम से खाद एवं बीज के रूप में ऋण लेने वाले किसानों से वसूली किए जाने का अभियान सहकारिता विभाग द्वारा किया जा रहा है। बकाया वसूली अभियान की समीक्षा करने अपर आयुक्त एवं अपर निबंधक सहकारिता आगरा मंडल ह्रदयराम ने जिले की वसूली की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान जिले में साधन सहकारी समिति जौंधरी की स्थिति सबसे खराब मिली। इस समिति पर तैनात सचिव अवधेश कुमार सुमन ने 168.36 लाख रुपये के सापेक्ष मात्र 5.64 लाख की वसूली की। यह मात्र 3.35 प्रतिशत है जो जिले में सबसे कम है।
इंदुमई साधन सहकारी समिति पर तैनात सचिव मुदित कुलश्रेष्ठ ने 155.54 लाख के सापेक्ष 38.46 लाख की वसूली की जो 24.73 प्रतिशत है, दीदामई साधन सहकारी समिति पर तैनात सचिव रामदयाल भारती ने एक लाख से बड़े बकाएदारों की संख्या 33 है। लेकिन इनमें से किसी से वसूली नहीं की गई। इसके कारण इनको नोटिस विभाग की ओर से जारी किया है। साधन सहकारी समिति रूपसपुर पर तैनात सचिव शिवचरन की वसूली एक लाख से बड़े बाकीदारों की संख्या 35 है मात्र एक बाकीदार से वसूली की है। साधन सहकारी समिति करनपुर पर तैनात सचिव सर्वेशकुमार की वसूली की स्थिति ठीक नहीं मिली। समिति की कुल मांग 437.90 लाख के सापेक्ष 60.59 लाख रुपये की वसूल हुई।
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जो 13.84 प्रतिशत है। समिति पर सात बाकीदार एक लाख से बड़े हैं इनकी वसूली शून्य होने पर नाराजगी जाहिर की। साधन सहकारी समिति दतावली पर तैनात सचिव मनोज कुमार ने 321.17 लाख के सापेक्ष 70.91 लाख की वसूली की। यह 22.08 प्रतिशत है। एक लाख से बडे़ बकाएदारों की संख्या 25 है, किसी से वसूली नहीं की गई। बैठक में एआर कॉपरेटिव विवेक यादव, जिला सहकारी बैंक के सचिव महाप्रबंधक सुमनवीर सिंह, सभी शाखा प्रबंधक, एडीओ, एडीसीओ मौजूद थे।
बैंक एवं समिति की वसूली की कुल मांग 19064.69 लाख रुपये की है। इसमें से अभी तक 10457.80 लाख रुपये की वसूली की जा चुकी है। जो कुल धनराशि का 54.85 प्रतिशत 31 मई तक है। बाकीदार किसानों से वसूली के लिए टीमें लगातार प्रयासरत हैं।
- विवेक यादव, सहायक निबंधक सहकारिता
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साधन सहकारी समितियों के माध्यम से खाद एवं बीज के रूप में ऋण लेने वाले किसानों से वसूली किए जाने का अभियान सहकारिता विभाग द्वारा किया जा रहा है। बकाया वसूली अभियान की समीक्षा करने अपर आयुक्त एवं अपर निबंधक सहकारिता आगरा मंडल ह्रदयराम ने जिले की वसूली की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान जिले में साधन सहकारी समिति जौंधरी की स्थिति सबसे खराब मिली। इस समिति पर तैनात सचिव अवधेश कुमार सुमन ने 168.36 लाख रुपये के सापेक्ष मात्र 5.64 लाख की वसूली की। यह मात्र 3.35 प्रतिशत है जो जिले में सबसे कम है।
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इंदुमई साधन सहकारी समिति पर तैनात सचिव मुदित कुलश्रेष्ठ ने 155.54 लाख के सापेक्ष 38.46 लाख की वसूली की जो 24.73 प्रतिशत है, दीदामई साधन सहकारी समिति पर तैनात सचिव रामदयाल भारती ने एक लाख से बड़े बकाएदारों की संख्या 33 है। लेकिन इनमें से किसी से वसूली नहीं की गई। इसके कारण इनको नोटिस विभाग की ओर से जारी किया है। साधन सहकारी समिति रूपसपुर पर तैनात सचिव शिवचरन की वसूली एक लाख से बड़े बाकीदारों की संख्या 35 है मात्र एक बाकीदार से वसूली की है। साधन सहकारी समिति करनपुर पर तैनात सचिव सर्वेशकुमार की वसूली की स्थिति ठीक नहीं मिली। समिति की कुल मांग 437.90 लाख के सापेक्ष 60.59 लाख रुपये की वसूल हुई।
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जो 13.84 प्रतिशत है। समिति पर सात बाकीदार एक लाख से बड़े हैं इनकी वसूली शून्य होने पर नाराजगी जाहिर की। साधन सहकारी समिति दतावली पर तैनात सचिव मनोज कुमार ने 321.17 लाख के सापेक्ष 70.91 लाख की वसूली की। यह 22.08 प्रतिशत है। एक लाख से बडे़ बकाएदारों की संख्या 25 है, किसी से वसूली नहीं की गई। बैठक में एआर कॉपरेटिव विवेक यादव, जिला सहकारी बैंक के सचिव महाप्रबंधक सुमनवीर सिंह, सभी शाखा प्रबंधक, एडीओ, एडीसीओ मौजूद थे।
बैंक एवं समिति की वसूली की कुल मांग 19064.69 लाख रुपये की है। इसमें से अभी तक 10457.80 लाख रुपये की वसूली की जा चुकी है। जो कुल धनराशि का 54.85 प्रतिशत 31 मई तक है। बाकीदार किसानों से वसूली के लिए टीमें लगातार प्रयासरत हैं।
- विवेक यादव, सहायक निबंधक सहकारिता