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शहरी क्षेत्र में टीटीएसपी लगाने में किया गोलमाल
ब्यूरो, अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Wed, 01 Apr 2015 11:08 PM IST
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जल निगम द्वारा शहरी क्षेत्र में भी टीटीएसपी लगाने में गोलमाल किया गया है। नगर निगम से मांगी गई रिपोर्ट में यह बात निकल रही है। शहरी क्षेत्र में कहां, कितनी टीटीएसपी स्थापित हैं? सीडीओ ने नगर आयुक्त से सर्वे कराकर रिपोर्ट मांगी है।
जनपद में व्याप्त पेयजल संकट की समस्या दूर करने के लिए शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में टीटीएसपी (टैंक टाइप स्टैंड पोस्ट) स्थापित कराने के लिए शासन द्वारा वर्ष 2008 से 2014 तक करीब 50 करोड़ों की धनराशि जलनिगम को मुहैया कराई गई थी। जलनिगम में पूर्व में तैनात अफसरों ने टीटीएसपी स्थापना कार्य में जमकर मनमानी की। कई टीटीएसपी महज कागजों में स्थापित की गई और लाखों रुपये का बजट भी जलनिगम अफसरों की मिलीभगत से पास करा दिया गया। तत्कालीन सीडीओ हीरालाल ने बीडीओ के माध्यम से जांच कराई तो कई टीटीएसपी कागजों में मिली। मामले में डीएम विजय किरन आनंद ने सीडीओ सुजीत कुमार को जांच सौंपी। सीडीओ ने कई बार स्वयं जलनिगम कार्यालय जाकर टीटीएसपी से जुड़े साक्ष्य और फाइलें जुटाईं। इसमें अभी तक 701 की सूची मिली है। इसके बावजूद 50 से अधिक टीटीएसपी नहीं मिल सकी हैं। जलनिगम अफसरों का कहना है कि करीब 33 टीटीएसपी शहरी क्षेत्र में भी स्थापित कराई गई हैं, लेकिन इनमें भी गोलमाल नजर आ रहा है। अभी तक इन 33 टीटीएसपी से संबंधित कोई साक्ष्य और फाइलें सीडीओ को नहीं मिली हैं। मामले में सीडीओ सुजीत कुमार ने नगर निगम के माध्यम से इनका भौतिक सत्यापन कराने का निर्णय लिया है। नगर आयुक्त से 33 टीटीएसपी का सर्वे का रिपोर्ट मांगी गई है।
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जनपद में व्याप्त पेयजल संकट की समस्या दूर करने के लिए शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में टीटीएसपी (टैंक टाइप स्टैंड पोस्ट) स्थापित कराने के लिए शासन द्वारा वर्ष 2008 से 2014 तक करीब 50 करोड़ों की धनराशि जलनिगम को मुहैया कराई गई थी। जलनिगम में पूर्व में तैनात अफसरों ने टीटीएसपी स्थापना कार्य में जमकर मनमानी की। कई टीटीएसपी महज कागजों में स्थापित की गई और लाखों रुपये का बजट भी जलनिगम अफसरों की मिलीभगत से पास करा दिया गया। तत्कालीन सीडीओ हीरालाल ने बीडीओ के माध्यम से जांच कराई तो कई टीटीएसपी कागजों में मिली। मामले में डीएम विजय किरन आनंद ने सीडीओ सुजीत कुमार को जांच सौंपी। सीडीओ ने कई बार स्वयं जलनिगम कार्यालय जाकर टीटीएसपी से जुड़े साक्ष्य और फाइलें जुटाईं। इसमें अभी तक 701 की सूची मिली है। इसके बावजूद 50 से अधिक टीटीएसपी नहीं मिल सकी हैं। जलनिगम अफसरों का कहना है कि करीब 33 टीटीएसपी शहरी क्षेत्र में भी स्थापित कराई गई हैं, लेकिन इनमें भी गोलमाल नजर आ रहा है। अभी तक इन 33 टीटीएसपी से संबंधित कोई साक्ष्य और फाइलें सीडीओ को नहीं मिली हैं। मामले में सीडीओ सुजीत कुमार ने नगर निगम के माध्यम से इनका भौतिक सत्यापन कराने का निर्णय लिया है। नगर आयुक्त से 33 टीटीएसपी का सर्वे का रिपोर्ट मांगी गई है।
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