{"_id":"66b264611115eba3a608ce50","slug":"demand-for-fever-and-allergy-medicines-increased-firozabad-news-c-169-1-sagr1024-130853-2024-08-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Firozabad News: बुखार और एलर्जी की दवाओं की मांग बढ़ी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Firozabad News: बुखार और एलर्जी की दवाओं की मांग बढ़ी
Tue, 06 Aug 2024 11:28 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Tue, 06 Aug 2024 11:28 PM IST
विज्ञापन
फिरोजाबाद। बारिश तो कभी धूप के कारण उमस का एसहास बढ़ गया है। बदलते मौसम के कारण बुखार और त्वचा रोगी बढ़ने से दवाओं की खपत बढ़ गई है। मेडिकल कॉलेज में 2500 पैरासिटामोल और एलर्जी की 1800 टेबलेट प्रतिदिन बांटी जा रही हैं। इसके अलावा अन्य रोगों से संबंधित दवाओं की खपत बढ़ी है।जिले में बारिश और धूप निकलने से लोगों का उमस से हाल बेहाल है। इस मौसम में बुखार और त्वचा रोगी बढ़ गए हैं। मेडिकल कॉलेज में अब दो हजार से आसपास मरीज रोजाना आ रहे हैं। इनमें ज्यादातर मरीज वायरल बुखार, जुकाम, खांसी के अलावा त्वचा रोग से पीड़ित हैं। अस्पताल में मरीज बढ़ने के साथ दवाओं की खपत भी बढ़ी है। जहां आम दिनों में 1500 से 1800 पैरासिटामोल की जरूरत पड़ रही थी। अब 2500 से 2800 पैरासिटमोल प्रतिदिन बांटी जा रही है। बुखार के साथ शरीर में कमजोरी को दूर करने के लिए दवा बी कांपलेक्स, एंटीबायोटिक और एलर्जी की 1800 टेबलेट का प्रतिदिन वितरण हो रहा है।
मेडिसन विभाग के विभागध्यक्ष डाॅ. मनोज कुमार ने बताया कि वायरल बुखार, खांसी, जुकाम आदि के मरीज बढ़ गए हैं। मरीज बढ़ने से दवाओं की खपत में बढ़ोत्तरी हुई है।
-दवाएं हमारे पास पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। बारिश के मौसम में चर्म रोगी, बुखार और डायरिया के रोगी हर साल बढ़ जाते हैं। चिकित्सक मरीजों को सावधानी बता रहे हैं। साथ ही दवाएं लिख रहे हैं। मरीजों की संख्या दो सप्ताह से ज्यादा बढ़ गई है।
विज्ञापन
डाॅ. नवीन जैन, सीएमएस
विज्ञापन
मेडिसन विभाग के विभागध्यक्ष डाॅ. मनोज कुमार ने बताया कि वायरल बुखार, खांसी, जुकाम आदि के मरीज बढ़ गए हैं। मरीज बढ़ने से दवाओं की खपत में बढ़ोत्तरी हुई है।
विज्ञापन
-दवाएं हमारे पास पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। बारिश के मौसम में चर्म रोगी, बुखार और डायरिया के रोगी हर साल बढ़ जाते हैं। चिकित्सक मरीजों को सावधानी बता रहे हैं। साथ ही दवाएं लिख रहे हैं। मरीजों की संख्या दो सप्ताह से ज्यादा बढ़ गई है।
विज्ञापन
डाॅ. नवीन जैन, सीएमएस