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प्रार्थनाओं के साथ मनाया गुड फ्राइडे
ब्यूरो,अमर उजाला फतेहपुर
Updated Sat, 04 Apr 2015 12:26 AM IST
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जिले भर में ईसाई समुदाय के लोगों ने व्रत रखकर और प्रार्थना कर गुड फ्राइडे मनाया। मान्यता है कि प्रभु ईसा मसीह को आज ही के दिन सूली पर चढ़ाया गया था।
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सुबह से ही गिरजाघरों में लोगों ने आना शुरू कर दिया। इस दिन लोगों के पापों को माफ करने के लिए जीसस ने सूली पर चढ़कर बलिदान दे दिया था।
यह बात नगर के ललौली रोड स्थित चर्च में गुड फ्राईडे पर प्रार्थना के बाद मौजूद लोगों से पास्टर मोहन लाल ने कही।
शहर के देवीगंज व हरिहरगंज गिरजाघरों में प्रभू यीशू की याद में प्रार्थना सभाएं हुईं। पादरियों ने ईसा मसीह के मानवजीवन मुक्ति को किए गए प्रयासों को रखते हुए मानवता का पाठ पढ़ाया।
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कहा कि ईसा मसीह ने मानव कल्याण के लिए अपना सर्वत्र न्यौछावर कर दिया। उन्हें मानव कल्याण के लिए भेजा गया था।
उन्होंने मानव हित के लिए खुद को शूली में चढ़ने से गुरेज नहीं किया। उधर मिशन हास्पिटल में भी जीजस याद किए गए। शूली में लटकाने के साथ कोड़े मारने की दी गई यातना को याद करते हुए अनुयाइयों ने यीशू के जीवन का जिंदगी का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। बिंदकी के एक मात्र चर्च में सुबह से ही ईसा मसीह को चाहने वाले लोगों के परिजनों की भीड़ एकत्र हो गई। क्रिसमस की तरह गुड फ्राईडे मनाया गया। पास्टर ने पहले प्रभु यीशू की प्रार्थना कराई। इसके बाद उनकी शहादत की कहानी का विस्तृत बखान किया, जिसे सुन श्रोताओं की आंखें नम हो गईं। उन्होंने कहा कि इसे कहा तो गुड फ्राईडे जाता है लेकिन यह सबसे दुखदायी दिन रहा है। इसी दिन प्रभु यीशू को क्रास पर चढ़ाया गया था । इसीलिए उनको दी गई यातनाओं को याद करने और उनके वचनाें पर अमल करने का यह महत्वपूर्ण दिन हैइस मौके पर निर्मल जैकब, सैंबल जैकब, संजय जैकब, संगीता जैकब, अर्चना, सोनी जैकब आदि ने प्रभु यीशु के त्याग, बलिदान, प्रेम के संस्मरणों की याद ताजी कराते हुए उनके वचनों पर अमल करने का संकल्प लिया।
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